फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Meerut News ›   20 hospital may be out of panal

आयुष्मान भारत : 20 अस्पतालों पर लटकी पैनल से निकाले जाने की तलवार, लाभार्थियों का नहीं कर रहे इलाज

Mon, 20 Jan 2020 01:48 AM IST
मेरठ ब्यूरो अरीश रिजवी, अमर उजाला, मेरठ
अरीश रिजवी, अमर उजाला, मेरठ Published by: मेरठ ब्यूरो Updated Mon, 20 Jan 2020 01:48 AM IST
विज्ञापन
20 hospital may be out of panal
आयुष्मान योजना - फोटो : गूगल

आयुष्मान भारत के तहत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में मेरठ मंडल के 20 और अस्पताल दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं। इन्हें पैनल से हटाया जा सकता है। इसके लिए चार सदस्य विजिलेंस टीम का गठन किया गया है, जो सोमवार से पड़ताल शुरू करेगी। ये अस्पताल मेरठ के अलावा, हापुड़, बुलंदशहर, बागपत, गाजियाबाद और गौतमबुद्धनगर जिलों के हैं।

विज्ञापन


इससे पहले पिछले माह इलाज न करने पर दो अस्पतालों के नाम हटा दिए गए थे। दरअसल, स्वास्थ्य विभाग ने यह तय किया है कि जो अस्पताल लाभार्थियों का इलाज नहीं कर रहे हैं, उनका नाम पैनल से हटाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग लगातार योजना से जुड़े अस्पतालों की पड़ताल कर रहा है। मानकों के अलावा उनमें कितने मरीजों को इलाज मिला यह भी देखा जा रहा है।

विज्ञापन

विजिलेंस टीम के प्रभारी डॉ. पीके जैन ने बताया कि विभाग के पास 20 अस्पतालों के खिलाफ सूचनाएं हैं कि उनके यहां आयुष्मान के के नियमों का अनुपालन नहीं हो रहा है।

इनमें कई अस्पताल मेरठ जिले के हैं और बाकी दूसरे जिलों के। यह तो पड़ताल के बाद ही पता चल पाएगा कि नियमों का पालन हो रहा है या नहीं।

ये हैं मानक

  • अस्पताल में आयुष्मान के मरीजों का इलाज किया जाना जरूरी है।
  • कम से कम 10 बेड का अस्पताल होना चाहिए।
  • अस्पताल में बेड के मुताबिक जगह सपोर्ट स्टाफ होना चाहिए।
  • दो डॉक्टर और तीन नर्स की उपलब्धता हो।
  • 24 घंटे के लिए हो दो डॉक्टर और तीन नर्स की उपलब्धता रहे।
  • 24 घंटे के लिए वार्ड ब्वाय और अन्य स्टाफ भी होना चाहिए।
  • एक्सरे, पैथोलॉजी, सीटी स्कैन आदि सुविधाएं हों, ट्रेंड स्टाफ हो।
  • सर्जिकल मेडिकल सेवाएं देने के लिए अस्पताल सक्षम हो।
  • पोस्ट सिजेरियन केयर यूनिट व आईसीयू, वेंटीलेटर की सुविधा हो
  • 24 घंटे एंबुलेंस सेवा होनी चाहिए
विज्ञापन

40 अस्पतालों के आवेदन किए जा चुके निरस्त
इस योजना के तहत आवेदन करने वाले 40 अस्पतालों-नर्सिंग होम के आवेदन पहले ही निरस्त किए जा चुके हैं, जबकि इसमें शामिल दो अस्पतालों ने अपने अपने नाम वापस ले लिए थे।

वहीं, प्रधानमंत्री के ड्रीम प्रोजेक्ट आयुष्मान योजना में जनपद के मेरठ में 102 अस्पतालों-नर्सिंग होम ने आवेदन किए थे। स्वास्थ्य विभाग में 243 अस्पताल-नर्सिंग होम पंजीकृत हैं, जिनमें से 141 अस्पताल ऐसे हैं, जिन्होंने इस योजना में शामिल होना ही मुनासिब नहीं समझा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed