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पोषाहार बेचे जाने के मामले में अभी तक रिपोर्ट दर्ज नहीं हो सकी है।
Updated Wed, 25 Jul 2018 09:40 PM IST
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फलावदा। ग्राम मंदवाड़ी निवासी एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता द्वारा ब्लैक करने की नियत से पोषाहार के दस बोरे कस्बे में रख दिए थे। सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने उन्हें कब्जे में ले लिया। इस संबंध में ग्राम प्रधान ने थाने में तहरीर दी। दो दिन बीतने के बाद भी अभी तक तहरीर के आधार पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की है।
उल्लेखनीय है कि गर्भवती महिलाओं के लिए आए पोषाहार को बांटना तो दूर वह गांव तक नहीं पहुंचा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने पोषाहार को अवैध रूप से बेचने की नीयत से दो दिन पहले कस्बे में एक दुकान पर रख दिया था। जानकारी पाकर ग्राम प्रधान मंदवाड़ी रूप सिंह ने पुलिस को जानकारी दी थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने पोषाहार के दस बोरों को कब्जे में ले लिया था। इस संबंध में ग्राम प्रधान रूप सिंह का कहना है कि कई महीने से गांव में पोषाहार वितरित नहीं किया गया है। इसकी शिकायत उसने पूर्व में भी अधिकारियों से की थी। गर्भवती महिलाओं के लिए आए पोषाहार के दस बोरे आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने ब्लैक करने की नीयत से फलावदा कस्बे में एक दुकान पर रखवा दिए। इस संबंध में ग्राम प्रधान ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के खिलाफ थाने में तहरीर दी है। हालांकि दो दिन व्यतीत होने के बाद भी पुलिस ने ग्राम प्रधान की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज नहीं की है। उधर, थाना प्रभारी करतार सिंह का कहना है बाल कल्याण अधिकारी से बात कर कार्रवाई की जाएगी।
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उल्लेखनीय है कि गर्भवती महिलाओं के लिए आए पोषाहार को बांटना तो दूर वह गांव तक नहीं पहुंचा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने पोषाहार को अवैध रूप से बेचने की नीयत से दो दिन पहले कस्बे में एक दुकान पर रख दिया था। जानकारी पाकर ग्राम प्रधान मंदवाड़ी रूप सिंह ने पुलिस को जानकारी दी थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने पोषाहार के दस बोरों को कब्जे में ले लिया था। इस संबंध में ग्राम प्रधान रूप सिंह का कहना है कि कई महीने से गांव में पोषाहार वितरित नहीं किया गया है। इसकी शिकायत उसने पूर्व में भी अधिकारियों से की थी। गर्भवती महिलाओं के लिए आए पोषाहार के दस बोरे आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने ब्लैक करने की नीयत से फलावदा कस्बे में एक दुकान पर रखवा दिए। इस संबंध में ग्राम प्रधान ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के खिलाफ थाने में तहरीर दी है। हालांकि दो दिन व्यतीत होने के बाद भी पुलिस ने ग्राम प्रधान की तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज नहीं की है। उधर, थाना प्रभारी करतार सिंह का कहना है बाल कल्याण अधिकारी से बात कर कार्रवाई की जाएगी।
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