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मेरठ: सकुशल घर पहुंचे बच्चे और युवक, बांटे गए फास्ट फूड खाने से बिगड़ी थी तबीयत, आरोपियों की तलाश जारी

Sat, 02 Oct 2021 09:56 PM IST
मेरठ ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ Published by: मेरठ ब्यूरो Updated Sat, 02 Oct 2021 09:56 PM IST
सार

मेरठ में कार सवार युवकों द्वारा बांटे गए फास्ट फूड से बच्चे समेत 12 युवकों की तबीयत बिगड़ गई थी। सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वहीं उपचार के बाद बच्चों और युवकों को सकुशल घर भेज दिया गया।

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Meerut News: 12 children fainted after eating fast food distributed in the slum
बच्चों की तबीयत बिगड़ी। - फोटो : amar ujala

विस्तार

मेरठ में उपचार के बाद बच्चों और युवकों को सकुशल घर भेज दिया गया। मेडिकल एमरजेंसी में इलाज के बाद बच्चे और युवक घर लौटे तो परिजनों को भी बड़ी राहत मिली। चिकित्सकों का कहना है कि विषाक्त भोजन के कारण इनकी तबीयत बिगड़ी।

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वही कुंडा निवासी समाजवादी पार्टी के छात्र नेता प्रदीप कसाना ने ग्रामीणों के साथ पहुंचे अस्पताल से घर लौटे बच्चो और उनके परिजनों से बातचीत की। उनका हालचाल जाना। कसाना ने कहा कि यदि गरीब परिवारों के साथ दोबारा ऐसा काम किया गया तो उसका अंजाम सही नहीं होगा।
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ये था पूरा मामला
कुंडा रेलवे फाटक के पास लग्जरी गाड़ियों में सवार लोगों की ओर से झग्गी-झोपड़ी में रहने वाले परिवारों को बांटे गए फास्ट फूड को खाकर बच्चों और युवकों की हालत बिगड़ गई थी। करीब 12 बच्चों और तीन युवकों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पुलिस कार सवारों की तलाश में जुटी हुई है।
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मामला परतापुर थाना क्षेत्र के कुंडा स्थित रेलवे फाटक के पास का है। यहां एक खाली प्लाट में पांच परिवार अलग-अलग झोपड़ी बनाकर रहते हैं। शुक्रवार शाम सफेद रंग की कार में सवार कुछ युवकों ने शीतल पेय पदार्थ और फास्ट फूड वितरित किया था। खाने के दो घंटे के बाद लोगों की हालत बिगड़ने लगी। उल्टी करने लगे और बेहोशी छाने लगी। अन्य परिवारजन रोने लगे।

इसकी सूचना परतापुर पुलिस को दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और बच्चों को टेंपो से जिला अस्पताल में भर्ती कराने के लिए भेज दिया, लेकिन टेंपो चालक ने रिठानी में पहुंचने के बाद दस लोगों को वापस कुुंडा फाटक के पास छोड़ दिया, इन्हें लोगों की मदद से अस्पताल में भर्ती कराया गया। बताया गया कि 12 बच्चे और तीन युवकों की हालत बिगड़ी है। जिला अस्पताल के अलावा एक निजी अस्पताल में बेहोश बच्चे और युवकों को भर्ती कराया है। एसपी सिटी विनीत भटनागर का कहना है कि आरोपियों का पता लगाने में जुटी है। परतापुर पुलिस वहां पर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज देखी जा रही है।

ग्रामीणों ने किया हंगामा
घटना के बाद ग्रामीणों ने हंगामा कर दिया है। लोगों ने नशीला पदार्थ वितरित करने वालों को गिरफ्तार करने की मांग की। इसकी जानकारी लगने पर सपा छात्र नेता अमन कसाना और प्रदीप कसाना अपने कुछ कार्यकर्ताओं के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने भी आरोपियों पर कार्रवाई की मांग करते हंगामा किया।

इन बच्चों को जिला अस्पताल में कराया था भर्ती
जिला अस्पताल में बेहोश हुए सूरज, सचिन, मंगल, बजरंगी, सुदामा, पद्मिनी, बलवान, जमुना, बनवारी, राजा और रानी को भर्ती कराया था, जबकि अन्य लोगों को निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। अंदेशा है कि असामाजिक तत्वों ने फास्ट फूड बांटा है।

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