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Mau News: खाद की 38 दुकानों पर छापा, 11 नमूने लिए, 8 को नोटिस
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उर्वरक की दुकानों पर छापेमारी करते कृषि विभाग के अधिकारी
मऊ। किसानों को गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने और खाद की कालाबाजारी पर अंकुश लगाने के लिए जिला प्रशासन ने शुक्रवार को जिले की सभी तहसीलों में उर्वरक की दुकानों पर छापेमारी कराई।
कृषि विभाग की अलग-अलग टीमों ने 38 दुकानों की जांच की और उर्वरक के 11 नमूने लिए। जांच के दौरान अनियमितता मिलने पर आठ विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया, जबकि एक विक्रेता को चेतावनी दी गई। कार्रवाई से उर्वरक विक्रेताओं में खलबली मची रही।
कृषि विभाग की टीमों ने सदर, मुहम्मदाबाद गोहना, मधुबन और घोसी तहसील क्षेत्र में अभियान चलाया। सदर में उप निदेशक कृषि प्रेम कुमार ठाकुर और एडी मत्स्य ने दुकानों की जांच की। मुहम्मदाबाद गोहना में जिला कृषि अधिकारी सोम प्रकाश गुप्ता, मधुबन में अपर जिला कृषि अधिकारी और घोसी में वरिष्ठ सहायक मंगल सिंह के नेतृत्व में टीमों ने छापेमारी की।
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अभियान के दौरान टीमों ने दुकानों पर उर्वरक के स्टॉक, बिक्री और गुणवत्ता से संबंधित अभिलेखों की जांच की। इसके बाद 38 दुकानों से 11 नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए। अनियमितता मिलने पर आठ विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया
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कृषि विभाग की अलग-अलग टीमों ने 38 दुकानों की जांच की और उर्वरक के 11 नमूने लिए। जांच के दौरान अनियमितता मिलने पर आठ विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया, जबकि एक विक्रेता को चेतावनी दी गई। कार्रवाई से उर्वरक विक्रेताओं में खलबली मची रही।
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कृषि विभाग की टीमों ने सदर, मुहम्मदाबाद गोहना, मधुबन और घोसी तहसील क्षेत्र में अभियान चलाया। सदर में उप निदेशक कृषि प्रेम कुमार ठाकुर और एडी मत्स्य ने दुकानों की जांच की। मुहम्मदाबाद गोहना में जिला कृषि अधिकारी सोम प्रकाश गुप्ता, मधुबन में अपर जिला कृषि अधिकारी और घोसी में वरिष्ठ सहायक मंगल सिंह के नेतृत्व में टीमों ने छापेमारी की।
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अभियान के दौरान टीमों ने दुकानों पर उर्वरक के स्टॉक, बिक्री और गुणवत्ता से संबंधित अभिलेखों की जांच की। इसके बाद 38 दुकानों से 11 नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए। अनियमितता मिलने पर आठ विक्रेताओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया