घोसी। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की तरफ से शुक्रवार को घोसी तहसील मुख्यालय पर सीएए को लेकर जनसभा का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता कामरेड रामकुमार भारती ने किया। जनसभा को संबोधित करने वालों ने सीएए,एनसीआर को संविधान के साथ देश विरोधी बताया।
मुख्य अतिथि के रूप में भाकपा राष्ट्रीय सचिव अतुल कुमार सिंह अंजान ने कहा कि धर्म के आधार पर राजनीति नहीं होती है और जो धर्म के नाम पर राजनीति करता है उसका भी नुकसान होता है। बोले कि इसका जीता जागता उदाहरण है जब भारत एवं पाकिस्तान का बंटवारा हुआ तो धर्म की राजनीति करने वाले जो लोग पाकिस्तान गये वे मुजाहिर कहलाते हैं।वे सुखी नही है, इसलिए धर्म की राजनीति करने वालों से सतर्क रहने को की बात कही। वहीं वरिष्ठ भाकपा कार्यकर्ता रामनारायण सिंह ने कहा कि बोले कि युवाओं, विद्यार्थियों, किसानों, मजदूरों, इतिहासकारों, कलाकारों जिनकी सोच इनकी फासिसवाद सोच की विपरीत है, उन्हें अपनी बात कहने से रोक जा रहा है और देशद्रोह करार दिया जा रहा है। कहा कि भाजपा के दोहरे चरित्र से देश की जनता वाकिफ हो गयी है,अब उसके झांसे में नही आएगी। जनता मंहगाई, भ्रष्टाचार से ऊब गयी है। मांग किया की,सीएए,प्रस्तावित एनआरसी को वापस लिया जाय,महगाई पर रोक लगाई जाए। विधायक इम्तेयाज अहमद ने कहा कि आधार कार्ड एवं वोटर कार्ड है तो एनआरसी व सीएए की क्या जरूरत है। इसे हम खारिज अर्थात अस्वीकार करते हैं, यह देश हित मे कतई नहीं है। इस दौरान शायर सलमान घोसवी तथा शरीफुल हक ने एनआरसी वापस ले सरकार, गर्म किया जिसने नफरत की बाजार सुनाकर गीत से कटाक्ष किया। सभा को किसान नेता शेख हिसामुद्दीन, घोसी संघर्ष समिति के अध्यक्ष अरविंद पांडेय, सुधाकर यादव आदि ने भी संबोधन किया। इस मौके पर गुफरान अहमद, शेख हिसामुद्दीन, अनीस अहमद, रामकुमार भारती, सुरेश यादव, पीएन सिह , एकराम प्रधान, जमील अहमद, जफरुल इस्लाम, सुल्तान खान, जनार्दन यादव, बद्री तिवारी, रामबदन पटेल, विनोद राय, चंदू भाई, पोनू यादव ,रामसोच यादव सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।