घोसी/ मधुबन। किसान सहकारी चीनी मिल घोसी एवं गन्ना किसान संस्थान प्रशिक्षण केन्द्र गोरखपुर के तत्वाधान में शुक्रवार को गन्ना किसान गोष्ठियों का आयोजन किया गया । इन गोष्ठियों में किसानों को उन्नत प्रजाति के गन्ने की खेती करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। इस अवसर पर उपगन्ना आयुक्त ऊषा पाल ने गन्ना समिति का अंशदान प्रमाणपत्र भी वितरित किया। मुख्य अतिथि उप गन्ना आयुक्त देवरिया ऊषा पाल ने कहा कि किसान अधिक से अधिक गन्ना बोएं। गन्ना विकास से ही किसानों एवं चीनी मिल का विकास होगा। किसान अपने गन्ना सर्वे,सट्टा प्रदर्शनी में देख लें। कोई कमी हो तो सुधार करवा लें। गन्ना किसान संस्थान गोरखपुर के उप गन्ना आयुक्त ओमप्रकाश गुप्ता ने वीडियो कांफ्रेसिंग के जरिये कहा कि किसान शरद कालीन गन्ने की बुआई ट्रेंच विधि से करने के साथ सह फसली के रुप में प्याज, लहसुन, टमाटर, गोभी, गेहूं आदि की खेती कर अधिक लाभ प्राप्त कर सकते हैं। किसान सहकारी चीनी मिल के जीएम सुनील दत्त यादव ने बताया कि किसानों के गन्ना मूल्य का 80 प्रतिशत से अधिक का भुगतान किसानों के खाते में भेज दिया गया है। जिला गन्ना अधिकारी सुनील सिंह ने बताया कि गन्ना शोध संस्थान से सात सौ कुंतल अच्छे किस्म का गन्ना बीज मंगा कर किसानों को दिया गया। सीसीओ रामसेवक यादव ने किसानों का आह्वान किया कि वे अपना मोबाइल नंबर, बैंक खाता नंबर कार्यालय में दर्ज करा दें। पर्ची एसएमएस से भी भेजी जाएगी। इस अवसर पर वैज्ञानिक ओपी सिंह, रामचंद्र अतुल सिंह, राकेश राजभर, गुड्डू, प्रेमशंकर, अंजेश, अजय, सुनिल,नागेंद्र आदि किसान उपस्थित रहे। उधर मधुबन तहसील क्षेत्र के तिघरा में प्रगतिशील किसान कुंवर अतुल सिंह के फार्म हाउस पर गन्ना विकास विभाग द्वारा घर-घर गन्ना बीज योजना का शुभारंभ किया गया। समिति की ओर से किसान राकेश यादव,योगेंद्र यादव,नीलू सिंह,बाबूराम यादव आदि किसानों को शेयर प्रमाण पत्र दिया गया। प्रगतिशील किसान कुमार अतुल सिंह ने कहा कि गन्ने में भिंडी, पालक, टमाटर ,गोभी, बैगन ,अरहर, की सहखेती कर सकते हैं। इस मौके पर गन्ना उपायुक्त ऊषा पाल, गन्ना चीनी मिल के जीएम. सुनील दत्त यादव, सेवरही गन्ना अनुसंधान केन्द्र के गन्ना वैज्ञानिक ओम प्रकाश सिंह, अरविंद यादव, हरिवंश यादव उपस्थित रहे।