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Mau News: जिला अस्पताल के वार्डों में ऑक्सीजन प्रेशर की कमी, रोजाना 115 से अधिक मरीजों को पड़ती है ऑक्सीजन की जरूरत

Fri, 10 Apr 2026 12:47 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 10 Apr 2026 12:47 AM IST
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District hospital wards lack oxygen pressure, with over 115 patients needing oxygen daily.
जिला अस्पताल में मौजूद आक्सीजन स्टोरेज प्लांट।संवाद
जिला अस्पताल में आईसीयू, स्टीम केयर वार्ड, पीआईसीयू वार्ड में वेंटिलेटर सपोर्ट में ऑक्सीजन सप्लाई में प्रेशर जेनरेट नहीं होने से मरीजों के उपचार में परेशानी होती है। रोजाना 115 से 120 मरीजों को ऑक्सीजन की आवश्यकता रहती है पर जंबो और छोटे सिलिंडर से उचित प्रेशर नहीं मिल पाता है।
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जिला अस्पताल में अभी ऐसे मरीजों के उपचार के लिए 70 जंबो सिलिंडर और 25 छोटे सिलिंडर हैं। अस्पताल के आंकड़ों के अनुसार जिला अस्पताल में प्रतिदिन 10 से अधिक जंबो सिलिंडर की खपत होती है। जिला अस्पताल 100 बेड का है।
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नगर के ताजोपुर स्थित औद्योगिक क्षेत्र की एक निजी कंपनी से सिलिंडर की सप्लाई का अनुबंध किया गया है, जहां से जिला अस्पताल में सभी ऑक्सीजन सिलिंडर आते हैं।
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अस्पताल में भर्ती मरीजों को निर्बाध रूप से ऑक्सीजन की सप्लाई के लिए अस्पताल प्रशासन ने ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट लगाने हेतु शासन को पत्र लिखा है।
अस्पताल प्रशासन का कहना है कि आईसीयू, स्टीम केयर वार्ड, एनआरसी, पीआईसीयू वार्ड, बर्न वार्ड, ओटी को मिलाकर रोजाना 115 से 120 मरीज भर्ती रहते हैं। इन मरीजों के लिए ऑक्सीजन की आवश्यकता रहती है। जंबो और छोटे सिलिंडर से उचित प्रेशर नहीं मिल पाता है।

60 लाख की लागत से बना एलएमओ प्लांट मात्र चार बार भरा जा सका
जिला अस्पताल में भर्ती मरीजों को बेड तक नली के सहारे ऑक्सीजन सप्लाई के लिए एलएमओ (लिक्विड मेडिकल ऑक्सीजन) प्लांट करीब 60 लाख रुपये की लागत से बनाया गया है। अस्पताल परिसर में लगे प्लांट की स्टोरेज क्षमता दस हजार लीटर है। जनवरी 2022 में गणेश ट्रेडिंग कंपनी ने इस मेडिकल प्लांट का निर्माण कराया था। एक बार प्लांट भरने के लिए करीब ढाई लाख रुपये की लागत लगती है और ऑक्सीजन भरने वाली कंपनी को इसके लिए एडवांस भुगतान करना पड़ता है। साल 2021 में लगे इस प्लांट को अभी तक महज चार बार ही भरा गया है। प्लांट का रिफिल कराने के लिए कोई बजट तय नहीं होने से अब इसमें ऑक्सीजन नहीं भरी गई है। अब यह प्लांट निष्प्रयोज्य बना हुआ है।

ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट का महत्व
ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट से निरंतर और ऑन-साइट ऑक्सीजन की आपूर्ति सुनिश्चित होती है। यह बाहरी सप्लायर पर निर्भरता खत्म करता है, सिलिंडर बदलने की जरूरत को कम करता है, और मेडिकल आपात स्थिति में जीवनरक्षक भूमिका निभाते हुए 90-95 फीसदी तक शुद्ध ऑक्सीजन प्रदान करता है। यह 24/7 ऑक्सीजन की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करता है, जिससे सिलिंडर खत्म होने या खरीदने की समस्या नहीं होती। अस्पताल, आईसीयू और वेंटिलेटर के लिए उच्च शुद्धता की ऑक्सीजन तुरंत उपलब्ध कराता है, जो जान बचाने के लिए महत्वपूर्ण है। ये प्लांट प्रेशर स्विंग एडसॉर्प्शन तकनीक का उपयोग करते हैं, जो वायुमंडलीय हवा से नाइट्रोजन को अवशोषित करके शुद्ध ऑक्सीजन अलग करता है।


जिला अस्पताल के अनेक अनुभाग में करीब 115 से 120 मरीज भर्ती रहते हैं। भर्ती मरीजों के लिए ऑक्सीजन की आवश्यकता रहती है। जंबो और छोटे सिलिंडर से वह प्रेशर नहीं मिलता है, जिसकी मरीज को तत्काल आवश्यकता होती है। मरीज को समुचित उपचार के लिए शासन को ऑक्सीजन जनरेटर प्लांट लगाने हेतु पत्र लिखा गया है। -डॉ. धनंजय कुमार, सीएमएस जिला अस्पताल
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