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तीन ब्लाकों के कंप्यूटर आपरेटर निलंबित
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मऊ। जिले में शौचालयों के निर्माण में शिथिलता की गाज तीन कंप्यूटर आपरेटरों पर गिर गई है। जिलाधिकारी के निर्देश पर डीपीआरओ ने तीनों कंप्यूटर आपरेटरों को निलंबित कर दिया है।
जनपद में शौचालयों के निर्माण में शिथिलता को लेकर विभाग की किरकिरी होती रहती है।जिले की विकास योजनाओं की समीक्षा को लेकर विकास भवन में होने वाली बैठकों में शौचालयों के निर्माण की धीमी प्रक्रिया को विभाग की छवि प्रभावित होती रहती है। ग्राम प्रधानों को नोटिस से लेकर सेक्रेटरियों को फटकार, चेतावनी आदि प्रक्रिया प्रशासन की ओर से अपनाई जाती है। लेकिन इसका कुछ खास असर नहीं दिखता है। राज्य मंत्री ग्राम्य विकास आनंद प्रकाश शुक्ल द्वारा हाल ही में की समीक्षा में भी विभागीय अधिकारियों को शौचालयों के निर्माण में प्रगति लाने की नसीहत सुननी पड़ी थी। डीएम ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी ने जनपद के सभी नौ ब्लॉकों की ब्लाक वार समीक्षा किया। इसमें परदहा, मुहम्मदबाद गोहना, परदहा और रानीपुर ब्लाकों की प्रगति असंतोष जनक पाई गई। अफसरों ने गहन जांच पड़ताल की तो शौचालयों की भौतिक स्थिति कुछ और थी जबकि कंप्यूटर में फीडिंग कुछ और पाई गई। डीएम ने इसे गंभीर लापरवाही माना और संबंधित कंप्यूटर ऑपरेटरों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश डीपीआरओ को दिया।
डीपीआरओ ने इस मामले में लापरवाही के आरोपी परदहा ब्लाक के कंप्यूटर ऑपरेटर सीमा शर्मा, रानीपुर ब्लॉक के कंप्यूटर ऑपेरटर अंशुमान सिंह और रानीपुर ब्लाक की कंप्यूटर ऑपरेटर स्वाति अस्थाना को निलंबित कर दिया। इस बाबत जिला पंचायत राज अधिकारी घनश्याम सागर का कहना है कि रानीपुर , परदहा और मुहम्मदाबाद गोहना के कंप्यूटर ऑपरेटरों पर शौचालयों के निर्माण संबंधी प्रगति की फीडिंग में गंभीर लापरवाही की शिकायतें मिली हैं। इसलिए तीनों कंप्यूटर ऑपरेटरों को निलंबित कर दिया गया है। इनकी विस्तृत जांच की जा रही है।
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जनपद में शौचालयों के निर्माण में शिथिलता को लेकर विभाग की किरकिरी होती रहती है।जिले की विकास योजनाओं की समीक्षा को लेकर विकास भवन में होने वाली बैठकों में शौचालयों के निर्माण की धीमी प्रक्रिया को विभाग की छवि प्रभावित होती रहती है। ग्राम प्रधानों को नोटिस से लेकर सेक्रेटरियों को फटकार, चेतावनी आदि प्रक्रिया प्रशासन की ओर से अपनाई जाती है। लेकिन इसका कुछ खास असर नहीं दिखता है। राज्य मंत्री ग्राम्य विकास आनंद प्रकाश शुक्ल द्वारा हाल ही में की समीक्षा में भी विभागीय अधिकारियों को शौचालयों के निर्माण में प्रगति लाने की नसीहत सुननी पड़ी थी। डीएम ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी ने जनपद के सभी नौ ब्लॉकों की ब्लाक वार समीक्षा किया। इसमें परदहा, मुहम्मदबाद गोहना, परदहा और रानीपुर ब्लाकों की प्रगति असंतोष जनक पाई गई। अफसरों ने गहन जांच पड़ताल की तो शौचालयों की भौतिक स्थिति कुछ और थी जबकि कंप्यूटर में फीडिंग कुछ और पाई गई। डीएम ने इसे गंभीर लापरवाही माना और संबंधित कंप्यूटर ऑपरेटरों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश डीपीआरओ को दिया।
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डीपीआरओ ने इस मामले में लापरवाही के आरोपी परदहा ब्लाक के कंप्यूटर ऑपरेटर सीमा शर्मा, रानीपुर ब्लॉक के कंप्यूटर ऑपेरटर अंशुमान सिंह और रानीपुर ब्लाक की कंप्यूटर ऑपरेटर स्वाति अस्थाना को निलंबित कर दिया। इस बाबत जिला पंचायत राज अधिकारी घनश्याम सागर का कहना है कि रानीपुर , परदहा और मुहम्मदाबाद गोहना के कंप्यूटर ऑपरेटरों पर शौचालयों के निर्माण संबंधी प्रगति की फीडिंग में गंभीर लापरवाही की शिकायतें मिली हैं। इसलिए तीनों कंप्यूटर ऑपरेटरों को निलंबित कर दिया गया है। इनकी विस्तृत जांच की जा रही है।
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