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बीएसए कार्यालय के बारह कर्मियों का वेतन रोका
Mau
Updated Fri, 23 May 2014 05:31 AM IST
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मऊ। जिलाधिकारी कुमुदलता श्रीवास्तव ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट तथा जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान व्यापक पैमाने पर अनियमितता मिली। एक दर्जन से अधिक कर्मचारियों का पूरे माह का वेतन रोकने के लिए डीएम ने निर्देश दिया है।
अधिकारियों और कर्मचारियों की अनियमित दिनचर्या से आम लोगों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। अधिकारी और कर्मचारी उपस्थिति रजिस्टर पर हस्ताक्षर बनाकर कार्यालय से अनुपस्थित हो जा रहे हैं। अधिकारियों और कर्मचारियों को फरियादी खोजते रह जा रहे हैं। शिकायती पत्रों को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने गुरुवार को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में अरुण कुमार सक्सेना सहायक लेखाधिकारी वित्त, ममता स्टेनो, अजीत तिवारी जिला समन्वयक, श्रीराम कन्नौजिया लिपिक, शिवप्रसाद लिपिक, अशोक कुमार राय, प्रशांत गुप्ता जिला समन्वयक एमडीएम सहित एक दर्जन कर्मचारी अनुपस्थित मिले। सभी उपस्थिति पंजिका पर हस्ताक्षर बनाकर कार्यालय से नदारद थे। जबकि मूवमेंट रजिस्टर पर विवरण भरा नहीं गया था। ममता सक्सेना कई दिनों से गायब मिलीं। जिलाधिकारी ने इस पर नाराजगी प्रकट की। सभी कर्मचारियों का पूरे माह का वेतन रोकने का निर्देश दिया। साथ ही कार्यालयाध्यक्ष को उनसे स्पष्टीकरण लेने का निर्देश दिया। इसी क्रम में जिलाधिकारी ने कलेक्ट्रेट स्थित विभिन्न कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण मेें चकबंदी विभाग में अर्दली झब्बर प्रसाद, फरहत अली कार्यालय सहायक, अमित राजभर अनुपस्थित मिला। इसी क्रम में कमर जहीर राजस्व सहायक, वंश बहादुर चौरसिया वाद लिपिक, विजय कुमार पांडेय नाजिर, रेनू यादव टंकक, मीना आपूर्ति लिपिक, श्याम नारायन, रामपुकार यादव कुसुम लता श्रीवास्तव, संगीता देवी चपरासी अनुपस्थित मिले। इसी तरह समाज कल्याण का कर्मचारी श्रवण कुमार गायब मिला। जिलाधिकारी ने एक दिन का वेतन काटते हुए अनुपस्थित कर्मचारियों से तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण मांगा है।
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अधिकारियों और कर्मचारियों की अनियमित दिनचर्या से आम लोगों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। अधिकारी और कर्मचारी उपस्थिति रजिस्टर पर हस्ताक्षर बनाकर कार्यालय से अनुपस्थित हो जा रहे हैं। अधिकारियों और कर्मचारियों को फरियादी खोजते रह जा रहे हैं। शिकायती पत्रों को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने गुरुवार को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में अरुण कुमार सक्सेना सहायक लेखाधिकारी वित्त, ममता स्टेनो, अजीत तिवारी जिला समन्वयक, श्रीराम कन्नौजिया लिपिक, शिवप्रसाद लिपिक, अशोक कुमार राय, प्रशांत गुप्ता जिला समन्वयक एमडीएम सहित एक दर्जन कर्मचारी अनुपस्थित मिले। सभी उपस्थिति पंजिका पर हस्ताक्षर बनाकर कार्यालय से नदारद थे। जबकि मूवमेंट रजिस्टर पर विवरण भरा नहीं गया था। ममता सक्सेना कई दिनों से गायब मिलीं। जिलाधिकारी ने इस पर नाराजगी प्रकट की। सभी कर्मचारियों का पूरे माह का वेतन रोकने का निर्देश दिया। साथ ही कार्यालयाध्यक्ष को उनसे स्पष्टीकरण लेने का निर्देश दिया। इसी क्रम में जिलाधिकारी ने कलेक्ट्रेट स्थित विभिन्न कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण मेें चकबंदी विभाग में अर्दली झब्बर प्रसाद, फरहत अली कार्यालय सहायक, अमित राजभर अनुपस्थित मिला। इसी क्रम में कमर जहीर राजस्व सहायक, वंश बहादुर चौरसिया वाद लिपिक, विजय कुमार पांडेय नाजिर, रेनू यादव टंकक, मीना आपूर्ति लिपिक, श्याम नारायन, रामपुकार यादव कुसुम लता श्रीवास्तव, संगीता देवी चपरासी अनुपस्थित मिले। इसी तरह समाज कल्याण का कर्मचारी श्रवण कुमार गायब मिला। जिलाधिकारी ने एक दिन का वेतन काटते हुए अनुपस्थित कर्मचारियों से तीन दिन के अंदर स्पष्टीकरण मांगा है।
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