{"_id":"61-107756","slug":"Mau-107756-61","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रलोभन देने वालों पर दर्ज हो मुकदमा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रलोभन देने वालों पर दर्ज हो मुकदमा
Mau
Updated Thu, 12 Sep 2013 05:36 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मऊ। गांवों में घूम-घूम कर विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के नाम पर लोगों से धन वसूलने वालों की अब खैर नहीं। ग्रामीणों से इस आशय की शिकायत मिलने पर डीएम कुमुदलता श्रीवास्तव ने कहा है कि ऐसे लोगोें के बारे में सूचना जुटा कर पुलिस-प्रशासन द्वारा मुकदमा दर्ज कराया जाए।
कहा कि विभिन्न योजनाओं का लाभ संबंधित विभागों के अलावा और कहीं से नहीं मिल सकता है।
बता दे डीएम को शिकायत मिली थी कि कुछ गैर सरकारी संस्थाएं गांवों में भ्रमण कर रही हैं। साथ ही वृद्धावस्था पेंशन, बेरोजगारी भत्ता, विधवा पेंशन जैसी विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का प्रलोभन देकर 100-100 रुपये वसूले जा रहे हैं। कहा कि किसी भी पात्र लाभार्थी को यदि किसी योजना का लाभ लेना है तो वह संबंधित विभाग में संपर्क करे। किसी की गलत बातों में न आए। ऐसा प्रलोभन देने वालों के बारे पुलिस-प्रशासन को सूचना दी जाए। डीएम कुमुदलता श्रीवास्तव ने इस संबंध में सभी उप जिलाधिकारियों व तहसीलदारों को भी आदेशित किया है कि वे ऐसी फर्जी संस्थाओें के बारे में पता कर उन्हें चिह्नित करें और उनके ऊपर निरोधात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
विज्ञापन
कहा कि विभिन्न योजनाओं का लाभ संबंधित विभागों के अलावा और कहीं से नहीं मिल सकता है।
बता दे डीएम को शिकायत मिली थी कि कुछ गैर सरकारी संस्थाएं गांवों में भ्रमण कर रही हैं। साथ ही वृद्धावस्था पेंशन, बेरोजगारी भत्ता, विधवा पेंशन जैसी विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का प्रलोभन देकर 100-100 रुपये वसूले जा रहे हैं। कहा कि किसी भी पात्र लाभार्थी को यदि किसी योजना का लाभ लेना है तो वह संबंधित विभाग में संपर्क करे। किसी की गलत बातों में न आए। ऐसा प्रलोभन देने वालों के बारे पुलिस-प्रशासन को सूचना दी जाए। डीएम कुमुदलता श्रीवास्तव ने इस संबंध में सभी उप जिलाधिकारियों व तहसीलदारों को भी आदेशित किया है कि वे ऐसी फर्जी संस्थाओें के बारे में पता कर उन्हें चिह्नित करें और उनके ऊपर निरोधात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
विज्ञापन