फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mau News ›   70 meters approach road of four lane bridge built on Saryu river washed away in mau big mistake of NHAI officials

मऊ: सरयू नदी पर बन रहे पुल का 70 मीटर एप्रोच मार्ग पानी में बहा, कार्यदायी संस्था के अधिकारियों की बड़ी चूक

Mon, 20 Sep 2021 09:05 PM IST
उत्पल कांत अमर उजाला नेटवर्क, मऊ
अमर उजाला नेटवर्क, मऊ Published by: उत्पल कांत Updated Mon, 20 Sep 2021 09:05 PM IST
सार

रविवार की देर शाम सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने से पुल के फाउंडेशन तक बनाया गया 70 मीटर एप्रोच मार्ग बह गया।  इसे कार्यदायी संस्था जेपी एसोसिएट्स के अधिकारियों की बड़ी चूक मानी जा रही है। 

विज्ञापन
70 meters approach road of four lane bridge  built on Saryu river washed away in  mau big mistake of NHAI officials
सरयू नदी पर बन रहे पुल का एप्रोच मार्ग पानी में बहा - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

वाराणसी-गोरखपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर मऊ के नई बाजार के समीप सरयू नदी पर बन रहे फोरलेन पुल के अंतिम फाउंडेशन के समीप रविवार की देर शाम 70 मीटर एप्रोच बह गया। इससे पुल निर्माण रुक गया।  यह कार्यदायी संस्था जेपी एसोसिएट्स के अधिकारियों की बड़ी चूक मानी जा रही है। इससे फोरलेन पुल का काम दो साल पीछे होने की आशंका जताई जा रही है।

विज्ञापन


वाराणसी-गोरखपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर नईबाजार के समीप सरयू नदी पर फोरलेन पुल निर्माण कार्य तेजी से चल रहा था। दो लेन के लिए 36 पिलर, दो फाउंडेशन तैयार हैँ। एक लेन का निर्माण पूरा होने वाला था। एक पाया तथा फाउंडेशन पर सेगमेंट रखना बाकी था। लेकिन, रविवार की देर शाम सरयू नदी का जलस्तर बढ़ने से पुल के फाउंडेशन तक बनाया गया 70 मीटर एप्रोच मार्ग बह गया।
विज्ञापन


इस कारण फाउंडेशन से संपर्क टूट गया। जबकि नवंबर में एक लेन चालू करने की योजना थी। इसे एनएचएआई के अधिकारियों की भारी चूक माना जा रहा है। इसके चलते फोरलेन पुल निर्माण की योजना दो साल पीछे होने की आशंका जताई जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


नई बाजार के पूर्व प्रधान रामाश्रय यादव और अजय यादव ने बताया कि 70 मीटर एप्रोच नदी के धारा में विलीन हो गया है। कार्यदायी संस्था के अधिकारियों की लापरवाही के चलते ऐसा हुआ है। मामले की जांच कराई जानी चाहिए। हालांकि कार्यदायी संस्था जेपी एसोसिएट्स के सीनियर मैनेजर रवि सक्सेना का कहना है कि मामला संज्ञान में नहीं है।

सरयू नदी के जलस्तर में घटाव, खतरा बरकरार

 सरयू नदी का जलस्तर घटने के बाद तटवर्ती क्षेत्रों में कटान का खतरा बढ़ गया है। दोहरीघाट में श्मशान घाट से लेकर खाकी बाबा की कुटी, डीह बाबा मंदिर तक कटान का खतरा बढ़ता ही जा रहा है। नदी की प्रलयंकारी लहरों के थपेड़ों से भारत माता मंदिर की सुरक्षा में लगे बोल्डर नीचे खिसकने लगे हैं।

वहीं खाकी बाबा की कुटी से लेकर डीह बाबा की कुटी तक सुरक्षा में लगे बोल्डरों के खिसकने से नगरवासियो में दहशत व्याप्त है। सरयू नदी का जलस्तर घटने के बाद भी कटान का खतरा बढ़ने से तटवर्ती इलाके के लोगों की चिंता बढ़ती ही जा रही है। सोमवार को नदी का जलस्तर 69.95  मीटर रहा। नदी का खतरा बिंदु 69.90 मीटर है।

दर्जनों गांव बाढ़ के पानी से घिरे हुए है। बाढ़ के पानी से घिरे गांवो के लोगों को आने जाने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।धनौली लोहड़ा रिंग बंधा नवली चिउटीडांड़ रिंग बंधा व बीबीपुर बेलौली रिंग बंधा पर अभी भी पानी का दबाव बना हुआ है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed