{"_id":"5c65b49fbdec22521332091c","slug":"61550169247-mau-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अधिवक्ताओं ने कार्यबहिष्कार कर किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अधिवक्ताओं ने कार्यबहिष्कार कर किया प्रदर्शन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मधुबन । तहसील अधिवक्ता संघ मधुबन के तत्वावधान में गुरुवार को अधिवक्ताओं ने कार्य बहिष्कार किया। उपजिलाधिकारी मधुबन पर तानाशाह रवैया का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया।
इस मौके पर तहसील अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष संतोष तिवारी ने कहा कि तहसील में व्याप्त अनियमितता तथा भ्रष्टाचार को उपजिलाधिकारी निरंकार सिंह द्वारा प्रश्रय दिया जा रहा है। अधिवक्ताओ के साथ इनका व्यवहार सही नहीं है। कहा कि तहसील के नक्शे के विपरीत अपने मनमाना ढंग से चेंबर के सामने दो-दो दरवाजा लगा कर उपजिलाधिकारी प्राय: गेट बंद रखते हैं। जिससे अधिवक्ताओं को मिलने के लिए घंटों बाहर खड़ा रहना पड़ता है। इसके चलते समस्याओं का समाधन नहीं हो पाता है। मंत्री सुरेश कुमार ने कहा कि उपजिलाधिकारी के गैर जिम्मेदाराना रवैए से अधिवक्ताओं का मुकदमे से लेकर अन्य विधिक कार्य अधर में लटका हुआ है। जिससे अधिवक्ताओं एवं आम फरियादियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उपजिलाधिकारी का विरोध प्रदर्शन तब तक चलेगा जब तक वह अपने व्यवहार में सकारात्मक सुधार एवं अधिवक्ताओं के सम्मान की परंपरा को कायम नहीं करते।इस बाबत उपजिलाधिकारी निरंकार सिंह का कहना है कि आम जनमानस की सुविधाओं को दृष्टिगत रखते हुए गेट लगाया गया है। अधिवक्ताओं द्वारा लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं।इस अवसर पर पारस नाथ यादव, शंभूनाथ, राजेश, आमिर उस्मानी, संतोष पांडेय, रमेश मिश्रा, सतिराम यादव, संजय यादव, राणा प्रताप सिंह, विरेंद्र कुमार, प्रदीप, सतेंद्र आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन
इस मौके पर तहसील अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष संतोष तिवारी ने कहा कि तहसील में व्याप्त अनियमितता तथा भ्रष्टाचार को उपजिलाधिकारी निरंकार सिंह द्वारा प्रश्रय दिया जा रहा है। अधिवक्ताओ के साथ इनका व्यवहार सही नहीं है। कहा कि तहसील के नक्शे के विपरीत अपने मनमाना ढंग से चेंबर के सामने दो-दो दरवाजा लगा कर उपजिलाधिकारी प्राय: गेट बंद रखते हैं। जिससे अधिवक्ताओं को मिलने के लिए घंटों बाहर खड़ा रहना पड़ता है। इसके चलते समस्याओं का समाधन नहीं हो पाता है। मंत्री सुरेश कुमार ने कहा कि उपजिलाधिकारी के गैर जिम्मेदाराना रवैए से अधिवक्ताओं का मुकदमे से लेकर अन्य विधिक कार्य अधर में लटका हुआ है। जिससे अधिवक्ताओं एवं आम फरियादियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उपजिलाधिकारी का विरोध प्रदर्शन तब तक चलेगा जब तक वह अपने व्यवहार में सकारात्मक सुधार एवं अधिवक्ताओं के सम्मान की परंपरा को कायम नहीं करते।इस बाबत उपजिलाधिकारी निरंकार सिंह का कहना है कि आम जनमानस की सुविधाओं को दृष्टिगत रखते हुए गेट लगाया गया है। अधिवक्ताओं द्वारा लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं।इस अवसर पर पारस नाथ यादव, शंभूनाथ, राजेश, आमिर उस्मानी, संतोष पांडेय, रमेश मिश्रा, सतिराम यादव, संजय यादव, राणा प्रताप सिंह, विरेंद्र कुमार, प्रदीप, सतेंद्र आदि अधिवक्ता मौजूद रहे।
विज्ञापन