{"_id":"67b6d028d969a6f91a06f06e","slug":"treasure-found-in-grove-of-vrindavan-rumor-spread-throughout-mathura-2025-02-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP: वृंदावन की कुंज से निकला खजाना...पूरे मथुरा में फैल गई ये अफवाह, सामने आई ये सच्चाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: वृंदावन की कुंज से निकला खजाना...पूरे मथुरा में फैल गई ये अफवाह, सामने आई ये सच्चाई
Thu, 20 Feb 2025 12:18 PM IST
धीरेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Thu, 20 Feb 2025 12:18 PM IST
सार
वृंदावन की चरखा वाली कुंज में खुदाई के दौरान खजाना निकले के अफवाह फैली रही। जब जानकारी की गई तो यहां के लोगों ने बताया कि न जाने किसने ये झूठ फैला दिया। यहां ऐसा कुछ भी नहीं हुआ है।
विज्ञापन
चरखा वाली कुंज
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
वृंदावन के बड़े बगीचा के निकट स्थित चरखा वाली कुंज में खजाना मिलने की अफवाह शहर में फैल गई। पुलिस भी मौके पर पहुंच गई, लेकिन मामला खजाना का नहीं निकला।
जानकारी के अनुसार, बृहस्पतिवार सुबह खुदाई के दौरान पुराने कलश मिलने की खबर फैली, जिनमें सोने-चांदी के आभूषण होने का दावा किया गया। सूचना पर पुलिस पहुंच गई। मौके पर पहुंचकर जांच की तो पता लगा कि ये केवल अफवाह है।
पुलिस ने वहां के लोगों से पूछा तो पता लगा कि कुंज में कोई खजाना नहीं मिला, बल्कि वहां सिर्फ निर्माण कार्य चल रहा है। यह कुंज करीब 350 वर्ष पुरानी है और इसे बुंदेलखंड के राजा चंदौल ने बनवाया था। पहले यहां ठाकुर राधा भगत बिहारी जी का मंदिर था, लेकिन करीब 40 साल पहले मंदिर से मूर्तियां चोरी हो गई थीं, जिसके बाद से यह कुंज बदहाल स्थिति में है।
विज्ञापन
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक जेसीबी से खुदाई के दौरान एक पुराना कुंड मिला, जिसे कुछ लोगों ने खजाने की अफवाह के रूप में प्रचारित कर दिया।
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार, बृहस्पतिवार सुबह खुदाई के दौरान पुराने कलश मिलने की खबर फैली, जिनमें सोने-चांदी के आभूषण होने का दावा किया गया। सूचना पर पुलिस पहुंच गई। मौके पर पहुंचकर जांच की तो पता लगा कि ये केवल अफवाह है।
विज्ञापन
पुलिस ने वहां के लोगों से पूछा तो पता लगा कि कुंज में कोई खजाना नहीं मिला, बल्कि वहां सिर्फ निर्माण कार्य चल रहा है। यह कुंज करीब 350 वर्ष पुरानी है और इसे बुंदेलखंड के राजा चंदौल ने बनवाया था। पहले यहां ठाकुर राधा भगत बिहारी जी का मंदिर था, लेकिन करीब 40 साल पहले मंदिर से मूर्तियां चोरी हो गई थीं, जिसके बाद से यह कुंज बदहाल स्थिति में है।
विज्ञापन
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक जेसीबी से खुदाई के दौरान एक पुराना कुंड मिला, जिसे कुछ लोगों ने खजाने की अफवाह के रूप में प्रचारित कर दिया।