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नई दिल्ली-मथुरा ट्रैक की तकदीर बदलेगी ‘टैल्गो’
अमर उजाला मथुरा
Updated Tue, 10 May 2016 11:39 PM IST
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नई दिल्ली-मथुरा ट्रैक की तकदीर बदलेगी ‘टैल्गो’
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नई दिल्ली-मथुरा रेलवे ट्रैक जल्द ही देश का हाईस्पीड कॉरीडोर बनने वाला है। यहां पलवल और मथुरा के बीच टैल्गो ट्रेन के सफल ट्रायल के बाद ट्रैक को यह उपलब्धि हासिल होगी। वर्तमान में इस ट्रैक पर देश की सबसे तेज दौड़ने वाली ट्रेन गतिमान एक्सप्रेस का सफलता पूर्वक चलाई जा रही है।
मथुरा जंक्शन रेलवे स्टेशन विश्वस्तरीय रेलवे स्टेशन की श्रेणी में शामिल है। अब इसके नई दिल्ली-मथुरा रेल ट्रैक पर 20 मई को देश की सबसे तेज गति से चलने वाली टैल्गो ट्रेन का पलवल से मथुरा स्टेशन के बीच ट्रायल प्रस्तावित है।
इस ट्रेन की स्पीड 200 किमी प्रति घंटा बताई जा रही है। सफल ट्रायल के बाद टैल्गो ट्रेन देश की सबसे तेज गति से दौड़ने वाली ट्रेन बन जाएगी। फिलहाल नई दिल्ली-आगरा ट्रैक पर देश की सेमी हाईस्पीड ट्रेन गतिमान एक्सप्रेस 160 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से चल रही है।
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टैल्गो ट्रेन के सफल ट्रायल के बाद नई दिल्ली-मथुरा रेल ट्रैक देश का हाईस्पीड रेलवे कारीडोर कहलाएगा। अभी तक देश में अन्य किसी भी ट्रैक पर इतनी तेज गति से चलने वाली ट्रेन का ट्रायल नहीं हुआ है। संभावना है कि आगे इस ट्रैक को और भी सुधारा जाए, जिससे यहां 200 किमी से भी अधिक स्पीड से ट्रेन चलाई जा सकें।
गतिमान और टैल्गो एक नजर में
- गतिमान एक्सप्रेस - पहली सेमी हाईस्पीड ट्रेन, टैल्गो- पहली हाईस्पीड ट्रेन
- गतिमान की स्पीड- 160 किमी प्रति घंटा, टैल्गो- 200 किमी प्रति घंटा
- गतिमान में लगे हैं लिंक हॉफ बुशमैन (एलएचबी) कोच, टैल्गो में लगेंगे स्पेन में तैयार टैल्गो कोच
नियमित हो रही चेकिंग
ट्रैल्गो ट्रेन के ट्रायल के लिए मथुरा से पलवल के बीच पटरियों की नियमित चेकिंग की जा रही है। खामियों को तत्काल दूर कराया जा रहा है।
जर्क फ्री होंगे कोच
टैल्गो ट्रेन के कोच का निर्माण अत्याधुनिक प्रणाली पर किया गया है। इसमें बुजुर्ग, गर्भवती महिला और बच्चों को झटकों से परेशानी नहीं होगी। इनके कोच की खासियत यह है कि आपातकालीन ब्रेक लगाने पर भी यात्रियों को झटके का एहसास नहीं होगा।
टैल्गो ट्रेन के ट्रायल की तारीख 20 मई प्रस्तावित है लेकिन यह निश्चित तारीख नहीं है। ट्रायल मई के अंतिम सप्ताह में किसी भी दिन हो सकता है। इसके लिए रेल ट्रैक पूरी तरह तैयार है।
भूपिंदर ढिल्लन
जनसंपर्क अधिकारी, एनसीआर
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मथुरा जंक्शन रेलवे स्टेशन विश्वस्तरीय रेलवे स्टेशन की श्रेणी में शामिल है। अब इसके नई दिल्ली-मथुरा रेल ट्रैक पर 20 मई को देश की सबसे तेज गति से चलने वाली टैल्गो ट्रेन का पलवल से मथुरा स्टेशन के बीच ट्रायल प्रस्तावित है।
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इस ट्रेन की स्पीड 200 किमी प्रति घंटा बताई जा रही है। सफल ट्रायल के बाद टैल्गो ट्रेन देश की सबसे तेज गति से दौड़ने वाली ट्रेन बन जाएगी। फिलहाल नई दिल्ली-आगरा ट्रैक पर देश की सेमी हाईस्पीड ट्रेन गतिमान एक्सप्रेस 160 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से चल रही है।
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टैल्गो ट्रेन के सफल ट्रायल के बाद नई दिल्ली-मथुरा रेल ट्रैक देश का हाईस्पीड रेलवे कारीडोर कहलाएगा। अभी तक देश में अन्य किसी भी ट्रैक पर इतनी तेज गति से चलने वाली ट्रेन का ट्रायल नहीं हुआ है। संभावना है कि आगे इस ट्रैक को और भी सुधारा जाए, जिससे यहां 200 किमी से भी अधिक स्पीड से ट्रेन चलाई जा सकें।
गतिमान और टैल्गो एक नजर में
- गतिमान एक्सप्रेस - पहली सेमी हाईस्पीड ट्रेन, टैल्गो- पहली हाईस्पीड ट्रेन
- गतिमान की स्पीड- 160 किमी प्रति घंटा, टैल्गो- 200 किमी प्रति घंटा
- गतिमान में लगे हैं लिंक हॉफ बुशमैन (एलएचबी) कोच, टैल्गो में लगेंगे स्पेन में तैयार टैल्गो कोच
नियमित हो रही चेकिंग
ट्रैल्गो ट्रेन के ट्रायल के लिए मथुरा से पलवल के बीच पटरियों की नियमित चेकिंग की जा रही है। खामियों को तत्काल दूर कराया जा रहा है।
जर्क फ्री होंगे कोच
टैल्गो ट्रेन के कोच का निर्माण अत्याधुनिक प्रणाली पर किया गया है। इसमें बुजुर्ग, गर्भवती महिला और बच्चों को झटकों से परेशानी नहीं होगी। इनके कोच की खासियत यह है कि आपातकालीन ब्रेक लगाने पर भी यात्रियों को झटके का एहसास नहीं होगा।
टैल्गो ट्रेन के ट्रायल की तारीख 20 मई प्रस्तावित है लेकिन यह निश्चित तारीख नहीं है। ट्रायल मई के अंतिम सप्ताह में किसी भी दिन हो सकता है। इसके लिए रेल ट्रैक पूरी तरह तैयार है।
भूपिंदर ढिल्लन
जनसंपर्क अधिकारी, एनसीआर