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Mathura News: दो मार्च को श्रीबांकेबिहारी मंदिर में समाप्त हो जाएगी रंगों की बौछार
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वृंदावन। श्रीबांकेबिहारी मंदिर में सोमवार (दो मार्च) को रंगोत्सव का समापन हो जाएगा। रात नौ बजे शयनभोग आरती के बाद मंदिर के पट बंद होते ही रंगों की बौछार थम जाएगी।
रंगभरनी एकादशी (27 फरवरी) से शुरू हुए रंगोत्सव का समापन कुछेक मंदिरों को छोड़कर अधिकांश में संपन्न हो जाएगा। तीन मार्च मंगलवार को चंद्रग्रहण के कारण श्रीबांकेबिहारी मंदिर में आयोजित डोलोत्सव के दर्शन के समय में परिवर्तन किया गया है।
हाई पावर्ड मंदिर प्रबंधन समिति ने दर्शन के लिए नई समयसारिणी निर्धारित की है। इसके अनुसार श्रद्धालु सुबह 6:15 से 9 बजे तक बिहारीजी के दर्शन कर सकेंगे। शाम को दर्शन का समय सात बजे से रात्रि दस बजे तक निर्धारित किया गया है। यह विशेष व्यवस्था चंद्रग्रहण के चलते की गई है।
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रंगभरनी एकादशी (27 फरवरी) से शुरू हुए रंगोत्सव का समापन कुछेक मंदिरों को छोड़कर अधिकांश में संपन्न हो जाएगा। तीन मार्च मंगलवार को चंद्रग्रहण के कारण श्रीबांकेबिहारी मंदिर में आयोजित डोलोत्सव के दर्शन के समय में परिवर्तन किया गया है।
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हाई पावर्ड मंदिर प्रबंधन समिति ने दर्शन के लिए नई समयसारिणी निर्धारित की है। इसके अनुसार श्रद्धालु सुबह 6:15 से 9 बजे तक बिहारीजी के दर्शन कर सकेंगे। शाम को दर्शन का समय सात बजे से रात्रि दस बजे तक निर्धारित किया गया है। यह विशेष व्यवस्था चंद्रग्रहण के चलते की गई है।
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