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श्रीराम मंदिर न्यास में शामिल होंगे साध्वी ऋतंभरा के गुरु
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मथुरा। श्रीराम मंदिर तीर्थ क्षेत्र न्यास में कान्हा की नगरी के कई प्रतिष्ठित संतों के शामिल होने की चर्चा है। कुछ संत न्यास में अथवा कुछ संत मार्गदर्शक मंडल में शामिल हो सकते हैं। विश्व हिंदू परिषद के क्षेत्रीय संगठन मंत्री दिनेश उपाध्याय के अनुसार न्यास में अयोध्या आंदोलन में प्रमुख भूमिका में रहीं साध्वी ऋतंभरा के गुरु स्वामी परमानंद शामिल होंगे।
इनके अतिरिक्त देश के चारों मठों के एक-एक प्रतिनिधि भी न्यास में रहेंगे। निर्मोही अखाड़ा, केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार की ओर से भी एक-एक प्रतिनिधि न्यास में रहेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा में बुधवार को श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए श्रीराम मंदिर तीर्थ क्षेत्र न्यास की घोषणा की। इसके बाद से ही न्यास में शामिल होने वाले नामों को लेकर कयास जारी है। चर्चा है कि जो संत अथवा नेता राम मंदिर निर्माण आंदोलन में सक्रिय रहे हैं उनके नाम न्यास में रहेंगे, लेकिन बताया जा रहा है कि आंदोलन के दौरान जिन नेताओं पर बाबरी ढांचा ढहाने का मुकदमा चल रहा है उनमें से किसी का नाम न्यास में शामिल नहीं होगा।
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मथुरा-वृंदावन के कई प्रतिष्ठित संतों ने राम मंदिर आंदोलन में बढ़चढ़कर भाग लिया उनका नाम न्यास के मार्गदर्शन मंडल में शामिल करने की चर्चा हैं। इन संतों में उमापीठाधीश्वर स्वामी रामदेवानंद सरस्वती, चतु:संप्रदाय के महंत फूलडोल बिहारीदास महाराज, महामंडलेश्वर स्वामी चितप्रकाशानंद महाराज, स्वामी महेशानंद सरस्वती, महंत सुतीक्षण दास महाराज, महामंडलेश्वर भाष्करानंद महाराज, महामंडलेश्वर नवलगिरी महाराज, महंत सुंदर दास महाराज, महंत लाड़लीशरण महाराज शामिल हैं।
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इनके अतिरिक्त देश के चारों मठों के एक-एक प्रतिनिधि भी न्यास में रहेंगे। निर्मोही अखाड़ा, केंद्र सरकार और प्रदेश सरकार की ओर से भी एक-एक प्रतिनिधि न्यास में रहेंगे।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा में बुधवार को श्रीराम मंदिर निर्माण के लिए श्रीराम मंदिर तीर्थ क्षेत्र न्यास की घोषणा की। इसके बाद से ही न्यास में शामिल होने वाले नामों को लेकर कयास जारी है। चर्चा है कि जो संत अथवा नेता राम मंदिर निर्माण आंदोलन में सक्रिय रहे हैं उनके नाम न्यास में रहेंगे, लेकिन बताया जा रहा है कि आंदोलन के दौरान जिन नेताओं पर बाबरी ढांचा ढहाने का मुकदमा चल रहा है उनमें से किसी का नाम न्यास में शामिल नहीं होगा।
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मथुरा-वृंदावन के कई प्रतिष्ठित संतों ने राम मंदिर आंदोलन में बढ़चढ़कर भाग लिया उनका नाम न्यास के मार्गदर्शन मंडल में शामिल करने की चर्चा हैं। इन संतों में उमापीठाधीश्वर स्वामी रामदेवानंद सरस्वती, चतु:संप्रदाय के महंत फूलडोल बिहारीदास महाराज, महामंडलेश्वर स्वामी चितप्रकाशानंद महाराज, स्वामी महेशानंद सरस्वती, महंत सुतीक्षण दास महाराज, महामंडलेश्वर भाष्करानंद महाराज, महामंडलेश्वर नवलगिरी महाराज, महंत सुंदर दास महाराज, महंत लाड़लीशरण महाराज शामिल हैं।