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श्रीबांकेबिहारी में तोड़ दी मर्यादा: वीआईपी कुर्सी, हथियार और फिर ऐसा कारनाम...भक्तों में आक्रोश
Wed, 27 Aug 2025 10:07 AM IST
धीरेन्द्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
संवाद न्यूज एजेंसी, मथुरा
Published by: धीरेन्द्र सिंह
Updated Wed, 27 Aug 2025 10:07 AM IST
सार
वृंदावन के बांके बिहारी मंदिर में जो कुछ हुआ वो हैरान कर देने वाला है। श्रीबांकेबिहारी के जगमोहन के पास कुर्सी डालकर बैठने और वीडियो तथा फोटो खींचने के मामले को लेकर भक्तों में आक्रोश है।
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बांकेबिहारी मंदिर।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
ठा. श्रीबांकेबिहारी के जगमोहन के पास कुर्सी डालकर बैठने और वीडियो तथा फोटो खींचने पर भक्तों की भावनाएं आहत हुई हैं। बांकेबिहारी के भक्त संजय हरियाणा और दीपक शर्मा एडवोकेट ने सिविल जज जूनियर डिवीजन की कोर्ट में वाद दायर करने को याचिका दायर की है।
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ठा. श्रीबांकेबिहारी के भक्त संजय हरियाणा और दीपक शर्मा एडवोकेट ने बताया कि 21 अगस्त 2025 को कुछ प्रशासनिक अधिकारी और वीआईपी पुलिस अधिकारियों ने ठाकुर जी के जगमोहन में हथियार लेकर प्रवेश किया। साथ ही ठाकुरजी के जगमोहन में फोटोग्राफी भी की। ठाकुरजी के जगमोहन के पास प्लास्टिक की कुर्सी डालकर वीआईपी को बिठाया गया। जबकि ठाकुरजी की पूजा प्राचीन पद्धति और मर्यादाओं के साथ होती है। कोर्ट के भी सख्त आदेश हैं कि कोई भी भक्त ठाकुरजी के विग्रह या मंदिर में फोटोग्राफी नहीं करेगा।
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बावजूद इसके 21 अगस्त 2025 को सभी नियम और आदेशों को दरकिनार किया गया। पुलिस प्रशासन के अधिकारियों ने ठाकुरजी की अवमानना और मर्यादा भंग करने वालों का सहयोग किया। यहां तक कि पुलिस वालों ने हथियार लेकर फोटोग्राफी की। इससे कोर्ट के आदेश की अवमानना तो हुई है, साथ ही ठा. श्रीबांकेबिहारी के भक्तों की भावनाएं भी आहत हुई हैं। उन्होंने इसके लिए मंदिर प्रबंधन कमेटी व प्रबंधक, जिलाधिकारी तथा एसएसपी को जिम्मेदार ठहराया है।
इसलिए उन्हें वाद में विपक्षी बनाया गया है। उन्होंने कोर्ट में दाखिल याचिका में पूरे प्रकरण की जांच कराने, विपक्षीगण, सेवायत समेत ठाकुरजी के मान सम्मान और मर्यादा के उल्लंघन करने वाले के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करने की मांग की है, ताकि इस तरह की पुनरावृत्ति न हो सके। याचिकाकर्ता ने बताया कि 2016 से मंदिर की सभी व्यवस्थाएं सिविल जज जूनियर डिवीजन की देखरेख में होती हैं। उन्होंने बताया कि कोर्ट ने याचिका को स्वीकार कर लिया है।