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महंत नरेंद्र गिरी की संदिग्ध मौत कर रही षड्यंत्र की ओर इशारा-महंत हरि गिरी
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वृंदावन (मथुरा)। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के महामंत्री महंत हरि गिरी महाराज शुक्रवार को वृंदावन पहुंचे। पत्रकारों से वार्ता करते हुए महंत ने कहा कि परिषद के अध्यक्ष स्वामी नरेंद्र गिरी महाराज की संदिग्ध हालातों में हुई मौत किसी बड़े षडॺंत्र की ओर इशारा करती है। महंत की मौत से जुड़े कई रहस्यमय सवाल खड़े कर रहे हैं। इस दिशा में भी जांच की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि महंत नरेंद्र गिरी महाराज आत्महत्या नहीं कर सकते हैं। इन सब बिंदुओं की उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले की गंभीरता को समझते हुए सीबीआई से जांच करा रही है, जिससे सत्य उजागर हो जाएंगे। अखाड़ा परिषद के नए अध्यक्ष पद को लेकर चल रही गहमागहमी पर उन्होंने कहा कि परिषद के अध्यक्ष का कार्यकाल पांच वर्ष का होता है। अभी कुछ समय पूर्व ही हुए चुनाव में ब्रह्मलीन नरेंद्र गिरि पुन: अध्यक्ष निर्वाचित हुए थे। इसीलिए केवल अध्यक्ष पद पर ही चुनाव होगा। इसके लिए 25 अक्तूबर को प्रयागराज में संतों की बैठक होनी है।
इस बैठक में तेरह अखाड़ों से जुड़े 26 संत, महंत नए अध्यक्ष का चुनाव करेंगे। इस मौके पर महाराज ने बंदरों की समस्या से निपटने का उपाय बताते हुए कहा कि सभी ब्रजवासी अपने घरों से रोटी बनाकर बंदरों को खिलाएं। उनका पेट भरेगा तो उनकी छीनने की प्रवृत्ति पर रोक लगेगी। इधर, वृंदावन पहुंचने पर अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता पंडित बिहारी लाल वशिष्ठ और अध्यक्ष पंडित रामविलास चतुर्वेदी ने स्वागत किया।
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उन्होंने कहा कि सरकार इस मामले की गंभीरता को समझते हुए सीबीआई से जांच करा रही है, जिससे सत्य उजागर हो जाएंगे। अखाड़ा परिषद के नए अध्यक्ष पद को लेकर चल रही गहमागहमी पर उन्होंने कहा कि परिषद के अध्यक्ष का कार्यकाल पांच वर्ष का होता है। अभी कुछ समय पूर्व ही हुए चुनाव में ब्रह्मलीन नरेंद्र गिरि पुन: अध्यक्ष निर्वाचित हुए थे। इसीलिए केवल अध्यक्ष पद पर ही चुनाव होगा। इसके लिए 25 अक्तूबर को प्रयागराज में संतों की बैठक होनी है।
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इस बैठक में तेरह अखाड़ों से जुड़े 26 संत, महंत नए अध्यक्ष का चुनाव करेंगे। इस मौके पर महाराज ने बंदरों की समस्या से निपटने का उपाय बताते हुए कहा कि सभी ब्रजवासी अपने घरों से रोटी बनाकर बंदरों को खिलाएं। उनका पेट भरेगा तो उनकी छीनने की प्रवृत्ति पर रोक लगेगी। इधर, वृंदावन पहुंचने पर अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता पंडित बिहारी लाल वशिष्ठ और अध्यक्ष पंडित रामविलास चतुर्वेदी ने स्वागत किया।
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