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घर बचाने को एनजीटी से लगाएंगे गुहार
अमर उजाला ब्यूरो मथुरा
Updated Fri, 28 Apr 2017 12:22 AM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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गोवर्धन परिक्रमा क्षेत्र में मथुरा-वृंदावन विकास प्राधिकरण की ध्वस्तीकरण की कार्रवाई से प्रभावित लोग एनजीटी में गुहार लगाएंगे। वहीं द्वारिका कालोनी के वाशिंदों की सुनवाई गुरुवार को एमवीडीए में भी हुई।
एनजीटी ने गोवर्धन परिक्रमा क्षेत्र में संपूर्ण वन विभाग की भूमि को खाली करने और निर्माण को ध्वस्त करने के निर्देश दिए थे। इसके पालन को विकास प्राधिकरण संत नगर, गिर्राज कालोनी, राधाविहार, राधानगर और गुर्जर कालोनी के करीब 50 मकान ध्वस्त कर चुका है।
अब थमा दिए गए हैं। इसकी सुनवाई भी गुरुवार को विकास प्राधिकरण सचिव विजय कुमार ने की। हालांकि एनजीटी के रुख को देखकर सचिव ने फिलहाल कोई राहत भवन स्वामियों को नहीं दी है। 50 से 100 वर्गमीटर के इन मकान मालिकों ने एनजीटी द्वार खटखटाने का फैसला किया है। इनका कहना है कि हमारे पास तो इसके मलबा को रखने के लिए भी जमीन नहीं है।
एनजीटी ने गोवर्धन परिक्रमा क्षेत्र में संपूर्ण वन विभाग की भूमि को खाली करने और निर्माण को ध्वस्त करने के निर्देश दिए थे। इसके पालन को विकास प्राधिकरण संत नगर, गिर्राज कालोनी, राधाविहार, राधानगर और गुर्जर कालोनी के करीब 50 मकान ध्वस्त कर चुका है।
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अब थमा दिए गए हैं। इसकी सुनवाई भी गुरुवार को विकास प्राधिकरण सचिव विजय कुमार ने की। हालांकि एनजीटी के रुख को देखकर सचिव ने फिलहाल कोई राहत भवन स्वामियों को नहीं दी है। 50 से 100 वर्गमीटर के इन मकान मालिकों ने एनजीटी द्वार खटखटाने का फैसला किया है। इनका कहना है कि हमारे पास तो इसके मलबा को रखने के लिए भी जमीन नहीं है।
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