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पांच लाख जुर्माने से पालिका प्रशासन में हड़कंप

Wed, 11 May 2016 11:58 PM IST
अमर उजाला वृंदावन
अमर उजाला वृंदावन Updated Wed, 11 May 2016 11:58 PM IST
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fine on vrindavan municipality by ngt
नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल
धर्मनगरी वृंदावन में कूड़ा निस्तारण, कूड़ा जलाने और यमुना किनारे डाले जा रहे मलबे के मामले में बुधवार को नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के पांच लाख के जुर्माने के आदेश से वृंदावन नगर पालिका प्रशासन में हड़कंप मचा है। पालिका प्रशासन सांसत में है तो याचिकाकर्ता ने आदेश को वृंदावन की स्वच्छता के लिए एक अच्छी पहल बताया।
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बता दें कि बीते साल समाजसेवी मधुमंगल शुक्ला की याचिका पर सुनवाई के बाद एनजीटी ने अंतरिम आदेश पारित कर वृंदावन में कचरा जलाने के साथ यमुना किनारे और घाटों के आसपास मलबा डालने पर रोक लगाई थी। साथ ही इसकी निगरानी करने का आदेशनगर पालिका और मथुरा वृंदावन विकास प्राधिकरण को दिया था। इसके बाद भी इस दिशा में कोई कदम नहीं उठाया गया। इसके बाद एनजीटी ने 23 मार्च को पालिका के ईओ को तलब किया था। इसके बाद नगर में जहां-तहां कूड़ा जलना बंद नहीं हुआ। याची मुधमंगल शुक्ला ने दोबारा शिकायत की तो एनजीटी ने वृंदावन में कूड़ा निस्तारण संबंधी रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए लोकल कमिश्नर की नियुक्ति की। 
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26 मार्च को एनजीटी की ओर से नियुक्त किए गए कमिश्नर राहुल खुराना वृंदावन आए और तत्कालीन ईओ रामआसरे कमल व याची मधुमंगल शुक्ला के साथ नगर पालिका के डंपिंग ग्राउंड, और यमुना के घाटों का निरीक्षण किया। आयुक्त ने वृंदावन में खुले में बनाए गए डलावघरों को भी देखा। आयुक्त ने कूड़ा निस्तारण की व्यवस्था पर असंतोष जताते हुए डंपिंग ग्राउंड के कई फोटो लिए और वीडियो बनाई।
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सात मई को आयुक्त ने जांच रिपोर्ट पूरी न होने की स्थिति में ट्रिब्यूनल से अतिरिक्त समय मांगा। इस पर 11 मई को सुनवाई की तिथि निर्धारित हुई। बुधवार को कमिश्नर राहुल खुराना की विस्तृत जांच रिपोर्ट, संबंधित दस्तावेज और 55 फोटोग्राफ देखने के बाद एनजीटी ने मामले में वृंदावन नगर पालिका को दोषी मानते हुए पांच लाख का जुर्माना लगाया है।

यह सत्य की विजय है। एनजीटी ने अधिकारियों के झूठ को उजागर कर दिया है। इस आदेश से यमुना की स्वच्छ जलधारा को नवजीवन मिलेगा और वृंदावन का वातावरण स्वच्छ होगा।
- मधुमंगल शुक्ला
एनजीटी में याचिकाकर्ता

पालिका प्रशासन फैसले पर पुनर्विचार के लिए एनजीटी में प्रार्थना पत्र देगा।
- टीएन चौबे
ईओ, नगर पालिका वृंदावन 
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