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डीआईओएस आफिस में 20 साल से जमा बाबू निलंबित
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मथुरा। जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में बीस साल से जमे प्रधान सहायक भगवान सिंह को अपर शिक्षा निदेशक बेसिक ने निलंबित कर दिया है। पिछले दिनों जनप्रतिनिधियों की गंभीर शिकायतों के बाद उसका स्थानांतरण जेडी कार्यालय बरेली किया गया था, जिस पर हाईकोर्ट से स्थगन आदेश हासिल करते हुए मथुरा में ही तैनात रहा।
जनप्रतिनिधियों ने जिलाविद्यालय निरीक्षक कार्यालय के प्रधान सहायक भगवान सिंह की अनेक शिकायत शासन स्तर पर की थीं। इसमें पिछले करीब 20 वर्ष के दौरान मथुरा में तैनाती और इस दौरान पुत्र सहित सगे संबंधियों को विभागीय नौकरी दिलाए जाने के आरोप शामिल थे। इस पर पिछले साल भगवान सिंह का स्थानांतरण बरेली किया गया, लेकिन इसे स्टे करा लिया गया।
इस स्थिति में विभाग ने भगवान सिंह के खिलाफ शिकायतों की जांच के आदेश संयुक्त शिक्षा निदेशक आगरा को दिए। अपर संयुक्त शिक्षा निदेशक के स्तर से की गई जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। इसमें पुत्र की नियुक्ति के अनुमोदन और वेतन भुगतान संबंधी पत्रावलियों को उच्चाधिकारियों को उपलब्ध न कराया जाना भी शामिल रहा, जिन्हें कार्यालय में उपलब्ध न होना दर्शाया गया।
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इसे अनुशासनहीनता मानते हुए भगवान सिंह को निलंबित कर दिया गया है। इस मामले की जांच अब जेडी बरेली को दी गई है। निलंबन अवधि में प्रधान सहायक को जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान मथुरा से संबद्ध किया गया है। डीआईओएस ने प्रधान सहायक के निलंबन की पुष्टि की है।
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जनप्रतिनिधियों ने जिलाविद्यालय निरीक्षक कार्यालय के प्रधान सहायक भगवान सिंह की अनेक शिकायत शासन स्तर पर की थीं। इसमें पिछले करीब 20 वर्ष के दौरान मथुरा में तैनाती और इस दौरान पुत्र सहित सगे संबंधियों को विभागीय नौकरी दिलाए जाने के आरोप शामिल थे। इस पर पिछले साल भगवान सिंह का स्थानांतरण बरेली किया गया, लेकिन इसे स्टे करा लिया गया।
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इस स्थिति में विभाग ने भगवान सिंह के खिलाफ शिकायतों की जांच के आदेश संयुक्त शिक्षा निदेशक आगरा को दिए। अपर संयुक्त शिक्षा निदेशक के स्तर से की गई जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। इसमें पुत्र की नियुक्ति के अनुमोदन और वेतन भुगतान संबंधी पत्रावलियों को उच्चाधिकारियों को उपलब्ध न कराया जाना भी शामिल रहा, जिन्हें कार्यालय में उपलब्ध न होना दर्शाया गया।
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इसे अनुशासनहीनता मानते हुए भगवान सिंह को निलंबित कर दिया गया है। इस मामले की जांच अब जेडी बरेली को दी गई है। निलंबन अवधि में प्रधान सहायक को जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान मथुरा से संबद्ध किया गया है। डीआईओएस ने प्रधान सहायक के निलंबन की पुष्टि की है।