फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   Autism Lies Hidden in Overlooked Symptoms in Children

Mathura News: बच्चों के अनदेखे लक्षणों में छिपा है ऑटिज्म

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 02 Apr 2026 12:04 AM IST
विज्ञापन
Autism Lies Hidden in Overlooked Symptoms in Children
मथुरा। अभिभावकों में जागरुकता के अभाव में बच्चों में छिपे ऑटिज्म (मानसिक विकार) की पहचान नहीं हो पाती है। बच्चे के बीमार होने पर जब वह चिकित्सक के पास जाते हैं तब उन्हें जानकारी होती है कि उनका बच्चा ऑटिज्म से परेशान है। सही समय पर उपचार और थेरेपी से इस तरह के बच्चों को ठीक किया जा सकता है। जिला और महिला अस्पताल में प्रतिमाह 10 बच्चे ऑटिज्म वाले आ रहे हैं।
विज्ञापन

जिला अस्पताल की मनोचिकित्सक डॉ. स्तुति सिरीन ने बताया कि ऑटिज्म एक न्यूरो-डेवलपमेंटल डिसऑर्डर है। जो बच्चों के व्यवहार, संवाद और सामाजिक संपर्क को प्रभावित करता है। इसके प्रमुख लक्षणों में बोलने में देरी, नाम पुकारने पर प्रतिक्रिया न देना, आंखों में कम संपर्क रखना, अकेले रहना पसंद करना और एक ही गतिविधि को बार-बार दोहराना शामिल है। बताया कि ऑटिज्म का इलाज पूर्ण रूप से संभव नहीं है लेकिन सही समय पर हस्तक्षेप और निरंतर थेरेपी से बच्चे आत्मनिर्भर बन सकते हैं। इसके लिए परिवार का सहयोग, धैर्य और सही मार्गदर्शन बेहद जरूरी है।
विज्ञापन

महिला अस्पताल के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. ओमप्रकाश ने बताया कि अक्सर माता-पिता लक्षणों को सामान्य समझकर नजरअंदाज कर देते हैं। बच्चे के बड़े होने के साथ ठीक होने की उम्मीद करते हैं। यही देरी आगे चलकर बच्चे के विकास में बाधा बनती है। यदि 2 से 3 वर्ष की उम्र में ही ऑटिज्म की पहचान कर ली जाए और तुरंत स्पीच थेरेपी, ऑक्यू थेरेपी दी जाए तो वह अन्य बच्चों में घुलमिल सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन




ऑटिज्म विकार वाले बच्चों में होता है विशेष हुनर
ऑटिज्म का शिकार बच्चों को सामान्य करने में अभिभावकों की अहम भूमिका रहती है। परिवार वालों को धैर्य रखना होगा। इस तरह के बच्चों को डांटना नहीं चाहिए। उन्हें प्रोत्साहित करें, टास्क दें। मनोचिकित्सक डॉ. स्तुति सिरीन ने बताया कि इस तरह के बच्चों पर भगवान की विशेष कृपा रहती है। उनके अंदर के हुनर को परिवार के लोग पहचाने और उसे आगे बढ़ने में सहयोग करें।



ऑटिज्म के लक्षण
-सामाजिक मेलजोल में कमी
- भाषा, संवाद में समस्या
- दोहरावदार व्यवहार
- आई कॉन्टैक्ट न करना
- बुलाने पर प्रतिक्रिया न देना
- अकेले रहना पसंद करना
- अजीब हरकतें करना (जैसे हाथ फड़फड़ाना)
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed