फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mathura News ›   Angry villagers surrounded the police post after the farmer leader was picked up

Mathura News: किसान नेता को उठाने पर गुस्साए ग्रामीणों ने पुलिस चौकी को घेरा

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 02 Sep 2025 11:31 PM IST
विज्ञापन
Angry villagers surrounded the police post after the farmer leader was picked up
नौहझील। गांव कोलाहर में मंगलवार को पुलिस ने एक किसान नेता को जाम लगाने के केस में उठा लिया। इससे ग्रामीणों में आक्रोश पनप गया। भाकियू (महात्मा टिकैत) के कार्यकर्ता पुलिस चौकी के सामने धरने पर बैठ गए। पुलिस द्वारा केस में किसी के गिरफ्तार न करने पर लगभग 7 घंटे बाद धरना खत्म कर दिया गया।
विज्ञापन

पिछले माह 8 अगस्त को वाहन ने अपने मकान के सामने बातचीत कर रहीं दो महिलाओं रचना व कमलेश को चपेट में ले लिया था। इसमें रचना की मौत हो गई व कमलेश घायल हो गयीं। पीड़ित परिजन को मुआवजे की मांग को लेकर ग्रामीणों ने पुलिस चौकी के सामने नौहझील- गोमत रोड पर शव रखकर जाम लगा दिया था। सीओ आशीष शर्मा व तहसीलदार बृजेश कुमार के मुआवजे के आश्वासन पर ग्रामीणों ने जाम खोल दिया था।
विज्ञापन

मामले में 10 अगस्त को चौकी प्रभारी कोलाहर संजय कुमार की तहरीर पर पुलिस ने 15 नामजद व 15 अन्य सहित 30 ग्रामीणों के खिलाफ केस दर्ज किया। केस दर्ज होने के बाद 12 अगस्त को सैकड़ों की संख्या में ग्रामीणों ने थाने का घेराव कर केस खत्म करने की मांग की। तब थाना प्रभारी सोनू सिंह ने केस में किसी को गिरफ्तार न करने और केस खत्म करने की बात कही। इधर पिछले 3-4 दिन से पुलिस ने आरोपियों के घर दबिश दी। आरोप है पुरुषों के न मिलने पर पुलिस ने महिलाओं के साथ बर्बरता व बदसलूकी की।
विज्ञापन
विज्ञापन

मंगलवार सुबह लगभग 10 बजे पुलिस द्वारा केस में नामजद भाकियू के जिला संगठन मंत्री रामेश्वर उर्फ पप्पू मास्टर को घर के बाहर से जबरन उठाकर गाड़ी में डालकर थाना ले जाया गया। इससे ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। सूचना पर राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल तालान, महासचिव राकेश चौधरी, प्रदेश सचिव भीम चौधरी, युवा जिलाध्यक्ष अमित चौधरी, जिला प्रवक्ता राजपाल सिंह, आगरा मंडल अध्यक्ष संजीव चौधरी कार्यकर्ताओं के साथ गांव पहुंच गए। बाद में ग्रामीणों के साथ पुलिस चौकी के सामने धरना पर बैठ गए। धरना देख पुलिस ने रामेश्वर को छोड़ दिया। राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल ने बताया कि पुलिस की कार्यशैली को लेकर उच्चाधिकारियों से फोन पर बातचीत की गई है। ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि इस केस में अब कोई गिरफ्तारी पुलिस नहीं करेगी। सीओ आशीष शर्मा ने बताया कि केस की जांच पड़ताल की जाएगी। किसी निर्दोष व्यक्ति को गिरफ्तार नहीं किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed