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Mathura News: साथी ने की थी श्रमिक की हत्या
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वृंदावन। चैतन्य विहार स्थित निर्माणाधीन गेस्ट हाउस में श्रमिक की हत्या उसके साथी ने परिवार की महिला से अवैध संबंध के शक और बहन के बारे में अपशब्द बोलने पर की थी। पुलिस ने घटना के दो दिन बाद हत्यारोपी को पवन हंस हेलीपैड के समीप से गिरफ्तार कर लिया है। उसके पास से मृतक का मोबाइल और 750 रुपये भी बरामद किए हैं।
बृहस्पतिवार सुबह निर्माणाधीन गेस्ट हाउस में शटरिंग का कार्य करने वाले औरैया के मुग्गपुर निवासी संजीव कुमार उर्फ पप्पू (42) की हत्या का पुलिस ने खुलासा किया है। मृतक के साथ चार साल से कार्य कर रहे उसके साथी औरैया, कछपुरा, विधूना निवासी कन्हैया को पवन हंस हेलीपैड के समीप से शुक्रवार देर रात गिरफ्तार किया है। उसके पास से संजीव का मोबाइल और 750 रुपये बरामद किए हैं। पुलिस पूछताछ में हत्यारोपी कन्हैया ने बताया कि पप्पू को वह पिछले चार साल से जानता है। वह ही उसे चार सितंबर को मजदूरी के लिए अपने साथ वृंदावन लाया था। सात सितंबर को उन्हें चैतन्य विहार सेक्टर चार स्थित गेस्ट हाउस में शटरिंग करने का कार्य मिला।
हत्यारोपी ने बताया कि वह अक्सर संजीव की परिवार की महिला के बारे में गंदे शब्दों का प्रयोग करता था। उसे शक था कि परिवार की महिला से उसके अवैध संबंध हैं। शक होने और परिवार की महिलाओं के लिए गंदे शब्दों का प्रयोग करने पर गुस्साए कन्हैया ने जैसे ही नौ सितंबर की रात को पप्पू बाहर से खाना खाकर निर्माणाधीन गेस्टहाउस पर लौटा तभी उसने वहां पड़ी ढाई-तीन फुट लंबी बल्ली से उसके सिर पर प्रहार कर उसकी हत्या कर दी। हत्या करने के बाद वह मृतक का मोबाइल फोन बंद कर उसे लेकर भाग गया। दस सितंबर की सुबह एक फोन कॉल से मृतक के भाई राजेश कुमार को हत्या की घटना का पता चलने पर उसने कन्हैया के विरुद्ध हत्या के मामले में वृंदावन कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
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अविवाहित था पप्पू
पप्पू अविवाहित था। वह दो दिन पूर्व ही विधुना स्थित अपने घर से लौटकर आया था। वह तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था। दो भाइयों विवाहित हैं और विधूना में ही रहते हैं। मृतक का मौसेरा भाई पुलिस में है। वृंदावन आकर परिजन ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
तो न पहचाना जाता हत्यारोपी
संजीव की हत्या की घटना गेस्टहाउस के सामने एक मकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। निर्माणाधीन गेस्टहाउस की दीवार एक फीट और ऊंची होती तो हत्यारोपी द्वारा बल्ली मारते हुए घटना सीसीटीवी में कैद नहीं हो पाती। इससे पुलिस को हत्यारोपी की पहचान करने में कठिनाई होती। सीसीटीवी में गौर से देखने पर हत्या का खुलासा हो सका।
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बृहस्पतिवार सुबह निर्माणाधीन गेस्ट हाउस में शटरिंग का कार्य करने वाले औरैया के मुग्गपुर निवासी संजीव कुमार उर्फ पप्पू (42) की हत्या का पुलिस ने खुलासा किया है। मृतक के साथ चार साल से कार्य कर रहे उसके साथी औरैया, कछपुरा, विधूना निवासी कन्हैया को पवन हंस हेलीपैड के समीप से शुक्रवार देर रात गिरफ्तार किया है। उसके पास से संजीव का मोबाइल और 750 रुपये बरामद किए हैं। पुलिस पूछताछ में हत्यारोपी कन्हैया ने बताया कि पप्पू को वह पिछले चार साल से जानता है। वह ही उसे चार सितंबर को मजदूरी के लिए अपने साथ वृंदावन लाया था। सात सितंबर को उन्हें चैतन्य विहार सेक्टर चार स्थित गेस्ट हाउस में शटरिंग करने का कार्य मिला।
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हत्यारोपी ने बताया कि वह अक्सर संजीव की परिवार की महिला के बारे में गंदे शब्दों का प्रयोग करता था। उसे शक था कि परिवार की महिला से उसके अवैध संबंध हैं। शक होने और परिवार की महिलाओं के लिए गंदे शब्दों का प्रयोग करने पर गुस्साए कन्हैया ने जैसे ही नौ सितंबर की रात को पप्पू बाहर से खाना खाकर निर्माणाधीन गेस्टहाउस पर लौटा तभी उसने वहां पड़ी ढाई-तीन फुट लंबी बल्ली से उसके सिर पर प्रहार कर उसकी हत्या कर दी। हत्या करने के बाद वह मृतक का मोबाइल फोन बंद कर उसे लेकर भाग गया। दस सितंबर की सुबह एक फोन कॉल से मृतक के भाई राजेश कुमार को हत्या की घटना का पता चलने पर उसने कन्हैया के विरुद्ध हत्या के मामले में वृंदावन कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
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अविवाहित था पप्पू
पप्पू अविवाहित था। वह दो दिन पूर्व ही विधुना स्थित अपने घर से लौटकर आया था। वह तीन भाइयों में दूसरे नंबर का था। दो भाइयों विवाहित हैं और विधूना में ही रहते हैं। मृतक का मौसेरा भाई पुलिस में है। वृंदावन आकर परिजन ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
तो न पहचाना जाता हत्यारोपी
संजीव की हत्या की घटना गेस्टहाउस के सामने एक मकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। निर्माणाधीन गेस्टहाउस की दीवार एक फीट और ऊंची होती तो हत्यारोपी द्वारा बल्ली मारते हुए घटना सीसीटीवी में कैद नहीं हो पाती। इससे पुलिस को हत्यारोपी की पहचान करने में कठिनाई होती। सीसीटीवी में गौर से देखने पर हत्या का खुलासा हो सका।