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बाबा जयगुरुदेव आश्रम में बरसा आध्यात्मिक रस
Mathura
Updated Thu, 12 Dec 2013 05:40 AM IST
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मथुरा। हाईवे स्थित नाम योग साधना मंदिर पर चल रहे वार्षिक भंडारा मेला तीसरे दिन अपने चरम पर पहुंच गया। आध्यात्मिक संबोधन के बीच अनुयायियों की बढ़ती संख्या से हाईवे पर कतार लग गई। सत्संग में शामिल हो अनुयायी आध्यात्मिक रस से सराबोर हो गए।
संस्था के राष्ट्रीय उपदेशक सतीश चंद्र ने कहा कि महापुरुष जीव को अपने निज घर (सतलोक) पहुंचाने के लिए आते हैं। इसके लिए वे नामधन देकर सरल से सरल तरीका बताकर जीवात्मा का कल्याण करते हैं। इस मनुष्य शरीर में जीवात्मा दोनों आंखों के मध्य भाग में पीछे की तरफ बैठी हुई है। उसमें एक आंख, नाक व कान है। उसके ऊपर पाप-पुण्य कर्मों की गंदगी जमा होने के कारण इसके आंख, नाक व कान काम करना बंद कर दिए हैं। जब गुरु के वचन पर विश्वास करके साधना की जाती है तो जमा हुई कर्मों की गंदगी धीरे-धीरे हटने लगती है।
डा. केके मिश्रा ने कहा हम लोगों को कई जन्मों के बाद ऐसे समय में मनुष्य शरीर मिला जब बाबा जयगुरुदेव जी महाराज इस धरती पर मौजूद थे। मन और सूरत अपने होश, ज्ञान और आनंद को भूल गए हैं।
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दहेज रहित विवाहों का क्रम शुरू
नाम योग साधना मंदिर में आयोजित वार्षिक भंडारा मेले में दहेजरहित विवाहों का क्रम शुरू हो गया है। मंगलवार को दो जोड़ों के विवाह संपन्न हुए। ये आयोजन गुरुवार और शुक्रवार को भी जारी रहेगा।
....................................
मध्य रात्रि से पूजन शुरू
पूजन और प्रसाद वितरण का कार्य बुधवार की मध्य रात्रि से ही शुुरू हो गया। अनुयायियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो इसको लेकर आश्रम प्रशासन ने काफी व्यवस्थाएं कीं।
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संस्था के राष्ट्रीय उपदेशक सतीश चंद्र ने कहा कि महापुरुष जीव को अपने निज घर (सतलोक) पहुंचाने के लिए आते हैं। इसके लिए वे नामधन देकर सरल से सरल तरीका बताकर जीवात्मा का कल्याण करते हैं। इस मनुष्य शरीर में जीवात्मा दोनों आंखों के मध्य भाग में पीछे की तरफ बैठी हुई है। उसमें एक आंख, नाक व कान है। उसके ऊपर पाप-पुण्य कर्मों की गंदगी जमा होने के कारण इसके आंख, नाक व कान काम करना बंद कर दिए हैं। जब गुरु के वचन पर विश्वास करके साधना की जाती है तो जमा हुई कर्मों की गंदगी धीरे-धीरे हटने लगती है।
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डा. केके मिश्रा ने कहा हम लोगों को कई जन्मों के बाद ऐसे समय में मनुष्य शरीर मिला जब बाबा जयगुरुदेव जी महाराज इस धरती पर मौजूद थे। मन और सूरत अपने होश, ज्ञान और आनंद को भूल गए हैं।
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नाम योग साधना मंदिर में आयोजित वार्षिक भंडारा मेले में दहेजरहित विवाहों का क्रम शुरू हो गया है। मंगलवार को दो जोड़ों के विवाह संपन्न हुए। ये आयोजन गुरुवार और शुक्रवार को भी जारी रहेगा।
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मध्य रात्रि से पूजन शुरू
पूजन और प्रसाद वितरण का कार्य बुधवार की मध्य रात्रि से ही शुुरू हो गया। अनुयायियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो इसको लेकर आश्रम प्रशासन ने काफी व्यवस्थाएं कीं।