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अहंकार मानव का सबसे बड़ा दुश्मन: ध्रुव
अमर उजाला ब्यूरो मैनपुरी
Updated Fri, 27 May 2016 11:27 PM IST
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अहंकार मानव का सबसे बड़ा दुश्मन: ध्रुव
- फोटो : अमर उजाला
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गोपाल आश्रम पर श्रीमद्भागवत कथा चल रही है। कथा के चौथे दिन वेदांताचार्य डा. ध्रुव महाराज ने श्रीकृष्ण के जन्म स्थली वृंदावन धाम की महिमा का वर्णन किया।
वेदांताचार्य डा. ध्रुव महाराज ने कहा कि वृंदावन कोई साधारण वन नहीं है। जहां भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी लीलाओं से सबका मन मोह लिया। भागवत कथा एक ऐसी कथा है जिसे सुनने, ग्रहण करने से मन को शांति मिलती है। मानव का सबसे बड़ा दुश्मन हमारे अंदर बैठा अहंकार है। श्रीमद्भागवत कथा का विस्तार से वर्णन करते हुए वामनावतार, मत्स्यावतार, श्रीराम जन्म, श्रीकृष्ण जन्म एवं नंदोत्सव के लीलाओं की कथा सुनाकर कर उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव विभोर कर दिया। इस अवसर पर आश्रम के सर्वराकार भोला बाबा, चंद्रपाल सिंह, राजेंद्र सिंह, शिव्म, सहवीर आदि मौजूद रहे।
भोगांव नगर के गमा देवी मंदिर पर श्रीमद्भागवत कथा में आचार्य पंडित ईश्वरदयाल मिश्रा ने कहा कि संसार में मां बाप की सेवा करने से बड़ा कोई पुण्य कार्य नहीं है। मानव जाति सभी जीव-जंतुओं में सर्वोपरि है। मानव शरीर को धारण करने के लिए भगवान भी कई बार धरती पर अवतार लेकर आए। उन्होंने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा को सुनने से ही व्यक्ति के द्वारा किए गए बुरे कार्यों का आधा प्रभाव खत्म हो जाता है। इस मौके पर मोहित यादव, सुरेंद्र सिंह चौहान, प्रदीप चौहान, बंटू यादव, लव तिवारी, सीटू यादव, गौरव यादव आदि मौजूद रहे।
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वेदांताचार्य डा. ध्रुव महाराज ने कहा कि वृंदावन कोई साधारण वन नहीं है। जहां भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी लीलाओं से सबका मन मोह लिया। भागवत कथा एक ऐसी कथा है जिसे सुनने, ग्रहण करने से मन को शांति मिलती है। मानव का सबसे बड़ा दुश्मन हमारे अंदर बैठा अहंकार है। श्रीमद्भागवत कथा का विस्तार से वर्णन करते हुए वामनावतार, मत्स्यावतार, श्रीराम जन्म, श्रीकृष्ण जन्म एवं नंदोत्सव के लीलाओं की कथा सुनाकर कर उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव विभोर कर दिया। इस अवसर पर आश्रम के सर्वराकार भोला बाबा, चंद्रपाल सिंह, राजेंद्र सिंह, शिव्म, सहवीर आदि मौजूद रहे।
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भोगांव नगर के गमा देवी मंदिर पर श्रीमद्भागवत कथा में आचार्य पंडित ईश्वरदयाल मिश्रा ने कहा कि संसार में मां बाप की सेवा करने से बड़ा कोई पुण्य कार्य नहीं है। मानव जाति सभी जीव-जंतुओं में सर्वोपरि है। मानव शरीर को धारण करने के लिए भगवान भी कई बार धरती पर अवतार लेकर आए। उन्होंने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा को सुनने से ही व्यक्ति के द्वारा किए गए बुरे कार्यों का आधा प्रभाव खत्म हो जाता है। इस मौके पर मोहित यादव, सुरेंद्र सिंह चौहान, प्रदीप चौहान, बंटू यादव, लव तिवारी, सीटू यादव, गौरव यादव आदि मौजूद रहे।
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