{"_id":"54eb97251efb65f28ed6efd20cb40567","slug":"sanitation-in-the-budget-snag-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"शौचालय निर्माण में बजट बना रोड़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शौचालय निर्माण में बजट बना रोड़ा
Thu, 09 Nov 2023 07:05 PM IST
Anonymous User
ब्यूरो अमर उजाला मैनपुरी
ब्यूरो अमर उजाला मैनपुरी
Published by: Anonymous User
Updated Thu, 09 Nov 2023 07:05 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मैनपुरी। स्वच्छ भारत मिशन योजना के तहत पालिका क्षेत्र में शौचालयों का निर्माण होना है। इसके लिए पालिका में क्षेत्रवासियों ने आवेदन भी किए हैं। वहीं शासन से धनराशि न मिलने पर इन शौचालयों का निर्माण कार्य भी अधर में लटका हुआ है। इसके चलते पालिका कर्मियों द्वारा आवेदनों का सत्यापन भी नहीं किया गया है। आवेदनकर्ता पालिका के चक्कर लगाने को मजबूर हैं।
पालिका क्षेत्र में रहने वाले गरीब परिवार जो शौचालय न होने के कारण खुले में शौच को जा रहे हैं। उनकी सुविधा को देखते हुए सरकार ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय बनाने का निर्णय लिया है। ताकि यह लोग खुले में शौच जाने से बच सकें । इसके लिए शासन ने एक शौचालय पर आठ हजार रुपये खर्च करने का स्टीमेट बनाया है। इसमें चार हजार रुपये राज्य और चार हजार रुपये केंद्र सरकार द्वारा दिए जाएंगे। योजना को सफल बनाने के लिए पालिका ने शौचालय निर्माण के लिए आवेदन मांगे थे। इसके चलते लगभग दो माह पूर्व 701 पात्रों ने शौचालय निर्माण के लिए पालिका में आवेदन किए हैं। इसमें से कुछ ने ऑनलाइन और कुछ से स्वयं पालिका आकर आवेदन भरे हैं।
कुल मिलाकर सबसे ज्यादा आवेदन मलिन बस्ती ककरैया और मोहल्ला महमूदर नगर के शामिल हैं। वहीं पालिका कर्मचारियों की लापरवाही के चलते अभी तक आवेदनकर्ताओं का घर-घर जाकर निरीक्षण भी नहीं किया गया है। ऐसे में आवेदनकर्ता पालिका क्षेत्र के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। साथ ही अभी तक उन्हें खुले में शौच के लिए जाना पड़ रहा है।
विज्ञापन
अभी तक शासन से शौचालय निर्माण के लिए धनराशि नहीं मिली है। इसके चलते शौचालयों का निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया जा सका है। फरवरी के अंत तक धनराशि अवमुक्त हो जाएगी। वैसे ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा। रहा सवाल आवेदनकर्ताओं के सत्यापन का तो ग्राम पंचायत चुनाव में ड्यूटी लगने के चलते कार्य नहीं हो पाया है। यह कार्य भी शीघ्र पूरा करा दिया जाएगा।
रामपाल यादव, अधिशासी अधिकारी, मैनपुरी
विज्ञापन
पालिका क्षेत्र में रहने वाले गरीब परिवार जो शौचालय न होने के कारण खुले में शौच को जा रहे हैं। उनकी सुविधा को देखते हुए सरकार ने स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालय बनाने का निर्णय लिया है। ताकि यह लोग खुले में शौच जाने से बच सकें । इसके लिए शासन ने एक शौचालय पर आठ हजार रुपये खर्च करने का स्टीमेट बनाया है। इसमें चार हजार रुपये राज्य और चार हजार रुपये केंद्र सरकार द्वारा दिए जाएंगे। योजना को सफल बनाने के लिए पालिका ने शौचालय निर्माण के लिए आवेदन मांगे थे। इसके चलते लगभग दो माह पूर्व 701 पात्रों ने शौचालय निर्माण के लिए पालिका में आवेदन किए हैं। इसमें से कुछ ने ऑनलाइन और कुछ से स्वयं पालिका आकर आवेदन भरे हैं।
विज्ञापन
कुल मिलाकर सबसे ज्यादा आवेदन मलिन बस्ती ककरैया और मोहल्ला महमूदर नगर के शामिल हैं। वहीं पालिका कर्मचारियों की लापरवाही के चलते अभी तक आवेदनकर्ताओं का घर-घर जाकर निरीक्षण भी नहीं किया गया है। ऐसे में आवेदनकर्ता पालिका क्षेत्र के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। साथ ही अभी तक उन्हें खुले में शौच के लिए जाना पड़ रहा है।
विज्ञापन
अभी तक शासन से शौचालय निर्माण के लिए धनराशि नहीं मिली है। इसके चलते शौचालयों का निर्माण कार्य शुरू नहीं कराया जा सका है। फरवरी के अंत तक धनराशि अवमुक्त हो जाएगी। वैसे ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा। रहा सवाल आवेदनकर्ताओं के सत्यापन का तो ग्राम पंचायत चुनाव में ड्यूटी लगने के चलते कार्य नहीं हो पाया है। यह कार्य भी शीघ्र पूरा करा दिया जाएगा।
रामपाल यादव, अधिशासी अधिकारी, मैनपुरी