{"_id":"57fa87c24f1c1bc16028e31b","slug":"ram-leela-was-born-staged","type":"story","status":"publish","title_hn":"रामजन्म लीला का हुआ मंचन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रामजन्म लीला का हुआ मंचन
अमर उजाला ब्ययूराो मैनपुरी
Updated Sun, 09 Oct 2016 11:42 PM IST
विज्ञापन
रामजन्म लीला का हुआ मंचन
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
98वें श्री रात्रि रामलीला महोत्सव के दूसरे दिन रावण दिग्विजय के बाद रामजन्म लीला का मंचन किया गया। भगवान राम के जन्म के बाद सभी हर्षित होकर भगवान की जय-जयकार करने लगे। अवध में नाच गाना कर सभी झूमते नजर आए।
शनिवार को देर रात रामलीला के रंग मंच पर रावण दिग्विजय और रावण के अत्याचार से सभी देवता और पृथ्वीवासियों के दुखी होने के प्रसंग का मंचन किया गया। लोगों ने दुखी होकर भगवान की स्तुति की तो आकाशवाणी द्वारा भगवान के जन्म लेने की जानकारी मिली। इससे सभी हर्षित हो गए। सभी अपने अपने घर जाकर बेसब्री से भगवान की प्रतीक्षा करने लगे।
बहुत सुहावने मौसम में भगवान ने कौशल्या के पुत्र के रूप में जन्म लिया। साथ ही कौशल्या को अपना चतुर्भुज रूप दिखाया। इसे देखकर कौशल्या भयभीत हो गईं। इस अवसर पर रामसेवक इलाही, शिवशंकर, राम चरन, नितिन, बिट्टू मिश्रा, शिवकुमार, ऋषि, नारायण, रवि आदि लोग उपस्थिति थे। कार्यक्रम प्रभारी विपिन मिश्रा ने बताया कि सोमवार को धनुष यज्ञ व परशुराम लक्ष्मण संवाद लीला का मंचन किया जाएगा। कुरावली में राम वनवास के बाद सती अनुसुइया के आश्रम पर पहुुंचे। नाट्य कला मंडल के कलाकारों ने सुंदर मंचन इसका सुंदर मंचन किया।
विज्ञापन
नहर पुल गैलानाथ के निकट रामलीला मैदान में रामलीला मंच पर जब भगवान राम अपने अनुज लक्ष्मण व जानकी के साथ मां अनुसुइया के आश्रम में पहुंचे तो वहां पति अत्रि मुनि के साथ मां अनुसुइया ने अतिथि बनकर पहुंचे भगवान का स्वागत आरती उतार कर किया। इससे पूर्व कार्यक्रम का शुभारंभ कमेटी अध्यक्ष धर्मेंद्र वर्मा धम्मा ने भगवान राम की आरती उतार कर किया गया। इस मौके पर मनोज गुप्ता, लालजी दीक्षित, सुशील गुप्ता, संजू गुप्ता, प्रखर दुबे, छमियां गुप्ता, भानुप्रताप वर्मा, लाला उदयभान गुप्ता, प्रज्जवल वर्मा आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
शनिवार को देर रात रामलीला के रंग मंच पर रावण दिग्विजय और रावण के अत्याचार से सभी देवता और पृथ्वीवासियों के दुखी होने के प्रसंग का मंचन किया गया। लोगों ने दुखी होकर भगवान की स्तुति की तो आकाशवाणी द्वारा भगवान के जन्म लेने की जानकारी मिली। इससे सभी हर्षित हो गए। सभी अपने अपने घर जाकर बेसब्री से भगवान की प्रतीक्षा करने लगे।
विज्ञापन
बहुत सुहावने मौसम में भगवान ने कौशल्या के पुत्र के रूप में जन्म लिया। साथ ही कौशल्या को अपना चतुर्भुज रूप दिखाया। इसे देखकर कौशल्या भयभीत हो गईं। इस अवसर पर रामसेवक इलाही, शिवशंकर, राम चरन, नितिन, बिट्टू मिश्रा, शिवकुमार, ऋषि, नारायण, रवि आदि लोग उपस्थिति थे। कार्यक्रम प्रभारी विपिन मिश्रा ने बताया कि सोमवार को धनुष यज्ञ व परशुराम लक्ष्मण संवाद लीला का मंचन किया जाएगा। कुरावली में राम वनवास के बाद सती अनुसुइया के आश्रम पर पहुुंचे। नाट्य कला मंडल के कलाकारों ने सुंदर मंचन इसका सुंदर मंचन किया।
विज्ञापन
नहर पुल गैलानाथ के निकट रामलीला मैदान में रामलीला मंच पर जब भगवान राम अपने अनुज लक्ष्मण व जानकी के साथ मां अनुसुइया के आश्रम में पहुंचे तो वहां पति अत्रि मुनि के साथ मां अनुसुइया ने अतिथि बनकर पहुंचे भगवान का स्वागत आरती उतार कर किया। इससे पूर्व कार्यक्रम का शुभारंभ कमेटी अध्यक्ष धर्मेंद्र वर्मा धम्मा ने भगवान राम की आरती उतार कर किया गया। इस मौके पर मनोज गुप्ता, लालजी दीक्षित, सुशील गुप्ता, संजू गुप्ता, प्रखर दुबे, छमियां गुप्ता, भानुप्रताप वर्मा, लाला उदयभान गुप्ता, प्रज्जवल वर्मा आदि मौजूद रहे।