{"_id":"6aa053dafa6958c54d0f6a2c","slug":"mainpuri-news-two-community-clash-mainpuri-news-c-25-agr1004-1154497-2026-09-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mainpuri News: चिता से पहले भाईचारे का अंतिम संस्कार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mainpuri News: चिता से पहले भाईचारे का अंतिम संस्कार
विज्ञापन
भोगांव। नगला मानसिंह मार्ग स्थित श्मशान घाट पर मंगलवार को चिता से पहले भाईचारे का अंतिम संस्कार हुआ। यहां शव दाह के विरोध पर दो समुदाय के लोग आमने-सामने आ गए। इससे माहौल बिगड़ने लगा। इसी बीच सूचना पर पुलिस पहुंच गई। कड़ी मशक्कत से दोनों ओर के लोग माने। बाद में पुलिस ने अपनी मौजूदगी में अंतिम संस्कार करवाया।
नगला मानसिंह मार्ग पर शाक्य समाज का श्मशान घाट है। समाज के लोग यहीं अंतिम संस्कार करते हैं। मंगलवार को मोहल्ला गड्ढा निवासी 70 वर्षीय मनोहर लाल शाक्य का निधन हो गया था। परिजन और समाज के लोग शव को अंतिम संस्कार के लिए लेकर पहुंचे। चिता तैयार की जाने लगी। तभी दूसरे समुदाय के लोग पहुंच गए। यह अंतिम संस्कार का विरोध करने लगे। इनका कहना था कि अब श्मशान घाट के आसपास घनी आबादी बस चुकी है। पास में विद्यालय संचालित हैं। चिता जलते देख छोटे बच्चे भयभीत हो जाते हैं।
वहीं शव के साथ आए लोगों का कहना था कि यह उनका पारंपरिक श्मशान घाट है। वह सालों से यहां अंतिम संस्कार कर रहे हैं। विरोध पहले तनातनी में बदला बाद में झगड़े की नौबत बन गई। दोनों ओर से तनाव बढ़ने लगा। सूचना मिलने पर थाना के प्रभारी निरीक्षक महाराज सिंह भाटी पुलिसबल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने दोनों पक्ष के लोगों से बातचीत की। पुलिस ने काफी देर तक दोनों पक्षों को समझाया। तब स्थिति संभल सकी।
विज्ञापन
विवाद की सूचना पर थाना प्रभारी को भेजा गया था। दोनों पक्षों को समझाकर अंतिम संस्कार करा दिया गया है।
रामकृष्ण द्विवेदी, सीओ भोगांव
विज्ञापन
नगला मानसिंह मार्ग पर शाक्य समाज का श्मशान घाट है। समाज के लोग यहीं अंतिम संस्कार करते हैं। मंगलवार को मोहल्ला गड्ढा निवासी 70 वर्षीय मनोहर लाल शाक्य का निधन हो गया था। परिजन और समाज के लोग शव को अंतिम संस्कार के लिए लेकर पहुंचे। चिता तैयार की जाने लगी। तभी दूसरे समुदाय के लोग पहुंच गए। यह अंतिम संस्कार का विरोध करने लगे। इनका कहना था कि अब श्मशान घाट के आसपास घनी आबादी बस चुकी है। पास में विद्यालय संचालित हैं। चिता जलते देख छोटे बच्चे भयभीत हो जाते हैं।
विज्ञापन
वहीं शव के साथ आए लोगों का कहना था कि यह उनका पारंपरिक श्मशान घाट है। वह सालों से यहां अंतिम संस्कार कर रहे हैं। विरोध पहले तनातनी में बदला बाद में झगड़े की नौबत बन गई। दोनों ओर से तनाव बढ़ने लगा। सूचना मिलने पर थाना के प्रभारी निरीक्षक महाराज सिंह भाटी पुलिसबल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने दोनों पक्ष के लोगों से बातचीत की। पुलिस ने काफी देर तक दोनों पक्षों को समझाया। तब स्थिति संभल सकी।
विज्ञापन
विवाद की सूचना पर थाना प्रभारी को भेजा गया था। दोनों पक्षों को समझाकर अंतिम संस्कार करा दिया गया है।
रामकृष्ण द्विवेदी, सीओ भोगांव