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Mainpuri News: प्रबंधन की खामी से कर्मचारी, उपभोक्ता दोनों परेशान
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मैनपुरी। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के संयोजक पीयूष शुक्ला ने कहा कि पावर कॉरपोरेशन प्रबंधन की लगातार विफलताओं के कारण आज बिजली कर्मी सड़कों पर हैं। उपभोक्ता भी आंदोलन के लिए मजबूर हो गए हैं।बृहस्पतिवार को हुई विरोध सभा में उन्होंने कहा कि यदि समय रहते बिजली कर्मचारियों के साथ सम्मान जनक वार्ता कर उत्पीड़न की कार्रवाई समाप्त नहीं की गई। समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो गर्मियों में बिजली व्यवस्था पूरी तरह से पटरी से उतर सकती है। इसकी जिम्मेदारी शीर्ष प्रबंधन की होगी।
उन्होंने कहा कि एक ओर बिजली कर्मियों पर लगातार उत्पीड़नात्मक कार्रवाई से आक्रोश व्याप्त है। वहीं दूसरी ओर उपभोक्ता स्मार्ट प्रीपेड मीटर की खामियों से परेशान हैं। स्मार्ट मीटरों में अनियमित और अत्यधिक रीडिंग आने के कारण उपभोक्ताओं में भारी असंतोष है। उपभोक्ताओं द्वारा बिजली कार्यालयों एवं उपकेंद्रों का घेराव किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि जब उपभोक्ता भी सड़कों पर उतर आए हैं। तो यह स्पष्ट संकेत है कि प्रबंधन की नीतियां पूरी तरह विफल हो चुकी हैं। उपभोक्ता सेवाओं को सुधारने के बजाय प्रबंधन द्वारा बड़ी संख्या में संविदा कर्मियों को हटाया गया है। उपभोक्ताओं को यह भी समझ नहीं आ रहा कि उनकी समस्या का समाधान किस स्तर पर होगा। जितेंद्र सिंह गुर्जर, महेंद्र राय ने भी विचार व्यक्त किए।
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उन्होंने कहा कि एक ओर बिजली कर्मियों पर लगातार उत्पीड़नात्मक कार्रवाई से आक्रोश व्याप्त है। वहीं दूसरी ओर उपभोक्ता स्मार्ट प्रीपेड मीटर की खामियों से परेशान हैं। स्मार्ट मीटरों में अनियमित और अत्यधिक रीडिंग आने के कारण उपभोक्ताओं में भारी असंतोष है। उपभोक्ताओं द्वारा बिजली कार्यालयों एवं उपकेंद्रों का घेराव किया जा रहा है।
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उन्होंने कहा कि जब उपभोक्ता भी सड़कों पर उतर आए हैं। तो यह स्पष्ट संकेत है कि प्रबंधन की नीतियां पूरी तरह विफल हो चुकी हैं। उपभोक्ता सेवाओं को सुधारने के बजाय प्रबंधन द्वारा बड़ी संख्या में संविदा कर्मियों को हटाया गया है। उपभोक्ताओं को यह भी समझ नहीं आ रहा कि उनकी समस्या का समाधान किस स्तर पर होगा। जितेंद्र सिंह गुर्जर, महेंद्र राय ने भी विचार व्यक्त किए।
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