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दो साल से आवंटन की बाट जोह रही कांशीराम कालोनियां

Thu, 12 Mar 2015 11:47 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो महोबा।
अमर उजाला ब्यूरो महोबा। Updated Thu, 12 Mar 2015 11:47 PM IST
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Ram is looking out for the allocation of two-year colonization
माया सरकार में वर्ष 2008 में कांशीराम जी शहरी गरीब आवास योजना की शुरुआत की गई थी। जिसके अंतर्गत प्रथम चरण में जिला मुख्यालय में 1.75 लाख रुपए प्रति आवास की लागत से 1500 कांशीराम आवासों का निर्माण कार्यदाई संस्था आवास विकास परिषद द्वारा कराया गया था। साथ ही इन्हें तत्काल गरीबों को नि:शुल्क आवंटित कर दिया गया था। पहले चरण की सफलता देख तत्कालीन मुख्यमंत्री मायावती ने वर्ष 2010 में द्वितीय चरण की शुरुआत कराई और चरखारी में 500, खरेला में 300 आवासों का निर्माण 2.25 लाख रुपए प्रति आवास की लागत पर कराया गया। इसके बाद तीसरे चरण की शुरूआत हुई।
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2011 में तीसरे चरण में कुलपहाड़ में 184 मकानों का निर्माण प्रति आवास 2.50 लाख रुपए की लागत से बेलाताल रोड पर कराया गया। 2012 के आम विधानसभा चुनावों के मद्देनजर  तीसरे चरण के काम में सरकार ने तेजी दिखाई। लेकिन 2012 में आवासों का निर्माण पूरा होते ही नई सपा सरकार ने इस प्रोजेक्ट से हाथ खींच लिए। साथ ही इस योजना को बंद करते हुए शेष पड़े अधूरे कामों को ही पूरा कराने के निर्देश दिए। ताकि सरकार का पैसा बर्बाद न हो और गरीबाें को आवास मिल सकें।
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लेकिन सरकार जाते ही अधिकारियों ने कांशीराम कालोनियों की तरफ देखना बंद कर दिया। नतीजतन दो साल से बनी खड़ी कालोनियां आवंटन की बाट जोह रही हैं। काम करा रहे आवास विकास के ठेकेदार लायक सिंह, राजू तिवारी, भारत सिंह, दीप कंस्ट्रक्शन आदि ने बताया कि तीसरे चरण की कालोनियां आबादी से दूर बनी हैं। जिससे आए दिन तोड़ फोड़ और बिजली नल सामान की फिटिंग की चोरी हो रही है। जिससे ठेकेदारों को लाखों रुपए की क्षति हो रही है।
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नगर पालिका को हैंडओवर करने का है प्रावधान
महोबा। कांशीराम कालोनियों का प्रदेश में निर्माण कराने वाली कार्यदायी संस्था के अधीक्षण अभियंता कानपुर एसपी एन सिंह ने अमर उजाला को बताया कि निर्माण कराने के बाद पानी बिजली, रखरखाव की जिम्मेदारी जुलाई 2008 के शासनादेश के मुताबिक स्थानीय निकाय की है। लेकिन गरीबों की सूचियां बनाने में नगर पंचायत उदासीनता बरत रही है। जिससे आंवटन में विलंब हो रहा है।


जल्द कराएंगे आवंटन, गरीबाें को मिलेंगें आशियाने
महोबा। कांशीराम कालोनियों के नोडल अधिकारी एपीओ अबरार अहमद ने बताया कि कुलपहाड़ के ईओ को निर्देशित किया गया है एक सप्ताह के अंदर लाभार्थियों की सूची आते ही गरीबों को मकान आंवटित करा दिए जाएगें। सपा शासनकाल में ही जनवरी 2013 में चरखारी के 300 आवासों का आंवटन तत्कालीन जिलाधिकारी डा काजल ने कराया था।
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