{"_id":"57167ce64f1c1b10668b49d3","slug":"model-city-of-the-action-plan-on-hold","type":"story","status":"publish","title_hn":" मॉडल सिटी की कार्य योजना ठंडे बस्ते में","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मॉडल सिटी की कार्य योजना ठंडे बस्ते में
अमर उजाला ब्यूरो, महोबा
Updated Wed, 20 Apr 2016 12:21 AM IST
विज्ञापन
जिला अस्पताल के पास अतिक्रमण किए दुकानदार
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अफसरों की उदासीनता से शहर को मॉडल सिटी बनाने की कार्ययोजना ठंडे बस्ते में चली गई है। शहर को मॉडल सिटी बनाने के लिए कार्ययोजना को अमली जामा पहनाने के लिए एक पखवारे पहले मुनादी कराकर दुकानदारों को अतिक्रमण हटाने की हिदायत दी गई थी। दुकानदारों ने अतिक्रमण नहीं हटाया। अफसरों ने भी अतिक्रमण हटवाने के लिए अभियान नहीं चलाया।
सूबे की सरकार ने दो माह पहले शहर को मॉडल सिटी बनाने के लिए हरी झंडी दी थी। पहले चरण में एसडीएम ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों व गणमान्य नागरिकों के साथ बैठक कर मॅाडल सिटी के लिए सुझाव मांगे थे। मॉडल सिटी के तहत अतिक्रमण हटना था। चौराहों का सुंदरीकरण, पार्किंग की व्यवस्था व नए पार्कों का निर्माण भी होना था। एक पखवारे पहले तहसीलदार नन्हकू ने तहसील चौराहे के पास सड़क किनारे दुकानें सजाए लोगों को मुनादी कराकर अतिक्रमण हटाने की चेतावनी दी थी।
दुकानदारों को इसके लिए 48 घंटे का समय दिया गया था। दुकानदारों ने अतिक्रमण नहीं हटवाया। हालांकि मॅाडल सिटी को लेकर पालिका बोर्ड की बैठक में करोड़ों रुपये का बजट पास हो चुका है। उपजिलाधिकारी सदर सुशील प्रताप सिंह का कहना है कि दुकानदारों को दुकानें हटाने की हिदायत दी गई है। इनके दुकानें न हटाने पर अभियान चलाकर सड़क किनारे से अतिक्रमण हटवाया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
सूबे की सरकार ने दो माह पहले शहर को मॉडल सिटी बनाने के लिए हरी झंडी दी थी। पहले चरण में एसडीएम ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों व गणमान्य नागरिकों के साथ बैठक कर मॅाडल सिटी के लिए सुझाव मांगे थे। मॉडल सिटी के तहत अतिक्रमण हटना था। चौराहों का सुंदरीकरण, पार्किंग की व्यवस्था व नए पार्कों का निर्माण भी होना था। एक पखवारे पहले तहसीलदार नन्हकू ने तहसील चौराहे के पास सड़क किनारे दुकानें सजाए लोगों को मुनादी कराकर अतिक्रमण हटाने की चेतावनी दी थी।
विज्ञापन
दुकानदारों को इसके लिए 48 घंटे का समय दिया गया था। दुकानदारों ने अतिक्रमण नहीं हटवाया। हालांकि मॅाडल सिटी को लेकर पालिका बोर्ड की बैठक में करोड़ों रुपये का बजट पास हो चुका है। उपजिलाधिकारी सदर सुशील प्रताप सिंह का कहना है कि दुकानदारों को दुकानें हटाने की हिदायत दी गई है। इनके दुकानें न हटाने पर अभियान चलाकर सड़क किनारे से अतिक्रमण हटवाया जाएगा।
विज्ञापन