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स्वास्थ्य मंत्री ने बैठाई तीन सदस्यीय जांच टीम
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मृतका जामवती की फाइल फोटो।
- फोटो : MAHOBA
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पनवाड़ी (महोबा)। ग्वालियर के ट्रॉमा सेंटर में जिंदा महिला को मृत बताए जाने के मामले में शनिवार को मध्य प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री ने तीन सदस्यीय जांच टीम गठित की है।
महोबकंठ थाना क्षेत्र के ग्राम उमरई निवासी नृपत की पत्नी जामवती सड़क दुर्घटना में घायल हो गई थीं। जिनका इलाज ग्वालियर के ट्रॉमा सेंटर में चल रहा था। इलाज के दौरान जिंदा महिला को डॉक्टरों ने मृत बताकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था। जहां महिला की सांस चल रही थी। उसे दोबारा इलाज के लिए ट्रॉमा सेंटर में भर्ती किया लेकिन बाद में महिला ने दम तोड़ दिया। जिसको लेकर परिजनों ने हंगामा किया था।
संवेदनहीनता पर मध्यप्रदेश सरकार के स्वास्थ्य मंत्री विश्वास सारंग ने महिला के मामले में ग्वालियर के ट्रॉमा सेंटर के डॉक्टरों पर कार्रवाई के लिए तीन सदस्यीय जांच बैठा दी है। डॉ. अभिलेख मिश्रा (नोडल अधिकारी ग्वालियर) का कहना है कि बिना ईसीजी के मृत घोषित करने के मामले में जांच बैठ गई है। दोषी डाक्टरों पर कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखा गया है।
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बच्चों के सिर से उठ गया मां का साया
पनवाड़ी। जामवती की शव शनिवार देर रात उमरई पहुंचा। जिससे परिजनों और उसके बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल रहा। मृत महिला जामवती के दो बच्चे प्रिंस व प्रशांत है। पति नृपत मजदूरी करता है।
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महोबकंठ थाना क्षेत्र के ग्राम उमरई निवासी नृपत की पत्नी जामवती सड़क दुर्घटना में घायल हो गई थीं। जिनका इलाज ग्वालियर के ट्रॉमा सेंटर में चल रहा था। इलाज के दौरान जिंदा महिला को डॉक्टरों ने मृत बताकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था। जहां महिला की सांस चल रही थी। उसे दोबारा इलाज के लिए ट्रॉमा सेंटर में भर्ती किया लेकिन बाद में महिला ने दम तोड़ दिया। जिसको लेकर परिजनों ने हंगामा किया था।
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संवेदनहीनता पर मध्यप्रदेश सरकार के स्वास्थ्य मंत्री विश्वास सारंग ने महिला के मामले में ग्वालियर के ट्रॉमा सेंटर के डॉक्टरों पर कार्रवाई के लिए तीन सदस्यीय जांच बैठा दी है। डॉ. अभिलेख मिश्रा (नोडल अधिकारी ग्वालियर) का कहना है कि बिना ईसीजी के मृत घोषित करने के मामले में जांच बैठ गई है। दोषी डाक्टरों पर कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखा गया है।
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बच्चों के सिर से उठ गया मां का साया
पनवाड़ी। जामवती की शव शनिवार देर रात उमरई पहुंचा। जिससे परिजनों और उसके बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल रहा। मृत महिला जामवती के दो बच्चे प्रिंस व प्रशांत है। पति नृपत मजदूरी करता है।