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खुद दवा खाकर डीएम ने शुरू किया फाइलेरिया मुक्ति अभियान
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महोबा। फाइलेरिया मुक्त अभियान की गुरुवार से शुरुआत हो गई। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी मनोज कुमार ने खुद फाइलेरिया रोधी दवा खाकर अभियान का शुभारंभ कराया। साथ ही लोगों से फाइलेरिया से मुक्ति के लिए दवा खाने की अपील की।
जिले में 8.71 लाख की आबादी को फाइलेरिया की दवा खिलाई जाएगी। इसके लिए 818 स्वास्थ्य टीमें लगाई गई हैं। स्वास्थ्य टीमों की निगरानी के लिए 136 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैैं। सीएमओ डॉ. एमके सिन्हा ने बताया कि जिले में इस समय 604 फाइलेरिया के रोगी हैं। गुरुवार को दवा खाकर अभियान का शुभारंभ करने के बाद डीएम ने कहा कि फाइलेरिया रोग से अपंगता की स्थिति हो जाती है। इससे बचने के लिए यह दवा सभी को खानी चाहिए। बताया कि फाइलेरिया मुक्ति अभियान 17 दिसंबर तक चलेगा। स्वास्थ्य टीम घर-घर जाकर लोगों को फाइलेरिया रोधी दवा खिलाएगी। इस अभियान में टीम लोगों को अपने सामने ही दवा खिलाएगी।
जिला मलेरिया अधिकारी आरपी निरंजन ने बताया कि फाइलेरिया से संक्रमित व्यक्ति सामान्य व्यक्ति की तरह ही दिखता है। किसी भी व्यक्ति को संक्रमण के बाद बीमारी का पता लगने में पांच से 15 वर्ष तक लग सकता है इसलिए अभियान के दौरान मुफ्त में दी जाने वाली फाइलेरिया रोधी दवा जरूर खाएं। दो वर्ष से कम उम्र के बच्चों, गर्भवती और गंभीर रूप से बीमार लोगों को दवा नहीं दी जाएगी। इस मौके पर एसीएमओ डॉ. विनोद चौहान, डॉ. योगेंद्र सिंह, समाजसेवी नेहा चंसौरिया आदि मौजूद रहे।
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जिले में 8.71 लाख की आबादी को फाइलेरिया की दवा खिलाई जाएगी। इसके लिए 818 स्वास्थ्य टीमें लगाई गई हैं। स्वास्थ्य टीमों की निगरानी के लिए 136 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैैं। सीएमओ डॉ. एमके सिन्हा ने बताया कि जिले में इस समय 604 फाइलेरिया के रोगी हैं। गुरुवार को दवा खाकर अभियान का शुभारंभ करने के बाद डीएम ने कहा कि फाइलेरिया रोग से अपंगता की स्थिति हो जाती है। इससे बचने के लिए यह दवा सभी को खानी चाहिए। बताया कि फाइलेरिया मुक्ति अभियान 17 दिसंबर तक चलेगा। स्वास्थ्य टीम घर-घर जाकर लोगों को फाइलेरिया रोधी दवा खिलाएगी। इस अभियान में टीम लोगों को अपने सामने ही दवा खिलाएगी।
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जिला मलेरिया अधिकारी आरपी निरंजन ने बताया कि फाइलेरिया से संक्रमित व्यक्ति सामान्य व्यक्ति की तरह ही दिखता है। किसी भी व्यक्ति को संक्रमण के बाद बीमारी का पता लगने में पांच से 15 वर्ष तक लग सकता है इसलिए अभियान के दौरान मुफ्त में दी जाने वाली फाइलेरिया रोधी दवा जरूर खाएं। दो वर्ष से कम उम्र के बच्चों, गर्भवती और गंभीर रूप से बीमार लोगों को दवा नहीं दी जाएगी। इस मौके पर एसीएमओ डॉ. विनोद चौहान, डॉ. योगेंद्र सिंह, समाजसेवी नेहा चंसौरिया आदि मौजूद रहे।
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