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Maharajganj News: सोलर पैनल से चलेंगे ट्यूबेल, बची हुई बिजली बेच सकेंगे किसान

Fri, 16 May 2025 12:04 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज Updated Fri, 16 May 2025 12:04 AM IST
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Tubewells will run on solar panels, farmers will be able to sell the remaining electricity
महराजगंज। किसान की आमदनी बढ़ाने के लिए सरकार की तरफ से तमाम प्रयास किए जा रहे हैं। सोलर प्लांट के जरिये पंप संचालन के लिए कुसुम घटक सी-वन योजना इसी का हिस्सा है।
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अब इसपर अनुदान 90 फीसदी कर दिया गया है। साथ ही उपयोग से शेष बची बिजली किसान बिक्री कर सकेंगे। इसकी छूट भी उपलब्ध करा दी गई है। योजना का दायरा बढ़ाकर सरकार ने इसे अधिक से अधिक किसानों तक पहुंचाने का प्रयास शुरू किया है, जिससे एक अतिरिक्त आय का जरिया किसानों को मिल सके। पीएम कुसुम सोलर योजना में अबतक 60 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाता था। वित्तीय सत्र 2024-25 में इस योजना के तहत जनपद को 300 आवेदन लक्ष्य दिया गया था जिसके सापेक्ष 285 आवेदन हुए। 193 आवेदकों ने 40 फीसदी धनराशि उपलब्ध कराते हुए इसे लगवा लिया। शेष किसान भी प्रक्रिया पूरी कर प्लांट लगवाने में जुटे हैं।
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इस वित्तीय वर्ष योजना में केंद्र का 30 और राज्य सरकार का 60 प्रतिशत अनुदान होगा। इससे ट्यूबवेल चलाने का खर्च और बचेगा और आनग्रिड में बची ऊर्जा को किसान बिजली विभाग को बिक्री कर आय बढ़ा सकेंगे। जिले में अभी नये आवेदन तो नहीं लिए जा रहे, लेकिन नया लक्ष्य विभाग को इस बार भी 300 का ही मिला है।
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किसानों के लिए मददगार
भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष राम अशीष ने कहा कि यह किसानों को लाभ देने का बड़ा ही सार्थक प्रयास है। बिजली संकट से किसानों को राहत होगी।किसानों के बिजली पर खर्च होने वाले रुपये इससे बच रहे हैं। उत्तर प्रदेश सौर ऊर्जा नीति 2022 के तहत सरकार ने प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान शुरू किया जो अनुदान बढ़ने से और लोकप्रिय होगा।

यह जानकारी जरूरी
किसान को आवेदन करते समय कुछ जानकारियां देनी होंगी। इसमें पंप के नाम पर बिजली कनेक्शन, मीटर्ड है या अनमीटर्ड। निजी आनग्रिड पंप लगवाने के लिए आवेदक सहमत है या नहीं। प्रति किलोवाट के हिसाब से 10 वर्ग मीटर जमीन की जानकारी भी किसान को ऑनलाइन देनी होगी। उपयोग से शेष बिजली किसान बिजली विभाग की मदद से यूनिट के हिसाब से बिक्री करेंगे।
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