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Maharajganj News: जहां प्रसूता की मौत हुई, उस अस्पताल का नहीं है नवीनीकरण

Fri, 18 Apr 2025 11:57 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज Updated Fri, 18 Apr 2025 11:57 PM IST
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The hospital where the pregnant woman died has not been renewed
महराजगंज। निचलौल शहर स्थित जिस निजी हॉस्पिटल में प्रसूता का ऑपरेशन किया गया। वह बगैर रजिस्ट्रेशन का चल रहा था। इस हॉस्पिटल का नाम भी स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों में दर्ज नहीं है। आश्चर्यजनक बात यह है कि उसका नवीनीकरण भी नहीं हुआ था। सूत्रों के मुताबिक अस्पताल के पैथोलॉजी और अल्ट्रासाउंड के रजिस्ट्रेशन में भी झोल है। फिलहाल पूरे मामले की जांच के लिए मुख्य चिकित्साधिकारी की ओर से तीन सदस्यीय टीम गठित कर दी गई है।
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जानकारी के मुताबिक थाना क्षेत्र के ओडवलिया हनुमानगंज निवासी इंद्रावती देवी को प्रसव पीड़ा होने के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र निचलौल में भर्ती कराया गया। वहां से जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। इस दौरान प्रसूता के परिजन कुछ दलालों के झांसे में आ गए। उन्होंने शहर के उज्ज्वल हॉस्पिटल में दर्द से कराह रही इंद्रावती देवी को भर्ती करा दिया। वहां पर इंद्रावती का ऑपरेशन होने के बाद तबियत बिगड़ने लगी। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि कुछ देर बाद प्रसूता इंद्रावती की मौत हो गई।
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सूत्रों की मानें तो स्वास्थ्य विभाग के पास दर्ज रजिस्ट्रेशन आंकड़ों में उज्ज्वल हॉस्पिटल का नाम कहीं भी दर्ज नहीं है। बताया जा रहा है कि रजिस्ट्रेशन के कागजात में कुछ गड़बड़ियां मिलने पर उक्त हॉस्पिटल के ओटी को स्वास्थ्य विभाग के उच्चाधिकारियों ने वर्ष 2022 में सील कर दिया था। उसके बाद न्यायालय के आदेश पर करीब डेढ़ साल बाद 27 अक्तूबर 2024 को हॉस्पिटल के ओटी को खोला गया। फिर से यह निजी हॉस्पिटल धड़ल्ले से चलने लगा। इतना ही नहीं यह भी बताया जा रहा है कि उक्त हॉस्पिटल संचालक की ओर से निचलौल सिंदुरिया मार्ग पर और महराजगंज शहर में भी हॉस्पिटल संचालित किया जा रहा है। पहला अस्पताल डॉ. धर्मेंद्र गुप्ता का और दूसरा हॉस्पिटल डॉ. डीके राय के नाम से स्वास्थ्य विभाग के रजिस्ट्रेशन आंकड़ों में दर्ज है। लेकिन इन हॉस्पिटलों पर डॉक्टर कब बैठते हैं। उसका कोई ठिकाना नहीं है। हैरान करने की बात तो यह है कि संचालक की स्वास्थ्य विभाग में पकड़ इतना मजबूत है कि पैथोलॉजी और अल्ट्रासाउंड भी बगैर कोई ठोस कागजात के ही संचालित किए जा रहे हैं। वहीं हॉस्पिटल संचालक राजन गुप्ता ने पूछताछ में बताया की हॉस्पिटल से संबंधित सभी कागजात ठीक है। किसी भी प्रकार की कोई दिक्कत नहीं है।
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मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. श्रीकांत शुक्ला ने बताया कि मामले से जुड़े सभी प्रकरण की जांच के लिए टीम गठित की गई है। शुक्रवार को छुट्टी होने के चलते टीम नहीं पहुंची है। शनिवार को टीम हॉस्पिटल पहुंचकर सभी बिंदुओं पर जांच शुरू कर देगी।
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