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Maharajganj News: प्लॉट के साथ मकान में लग गई पूरी कमाई, मूलधन भी नहीं मिलने की उम्मीद

Tue, 06 Aug 2024 04:58 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज Updated Tue, 06 Aug 2024 04:58 AM IST
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The entire income is invested in the house along with the plot, there is no hope of getting even the principal amount.
महुअवा ढाला गांव में मकान के सामने लगा रेलवे का पिलर।
महराजगंज। प्रस्तावित आनंदनगर-महराजगंज-घुघली रेल मार्ग में कृषि भूमि का मुआवजा मिलने की जानकारी होने पर लोगों की नींद उड़ गई है। छोटे-छोटे प्लाट खरीदकर जीवन की पूरी कमाई लगाकर घर बनाने वाले अब परेशान हैं। उनका कहना है कि जब नक्शे में आवासीय लिखा है, तो कृषि का मुआवजा क्यों मिलेगा?
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लोगों के पास इतनी पूंजी नहीं है कि जमीन खरीद लें, न ही मुआवजे में ही इतनी रकम मिलने की उम्मीद है कि जमीन खरीद कर कहीं घर बना लें। ऐसे लोग अब कानूनी सलाह ले रहे हैं। सबके अपने अलग-अलग तर्क हैं।
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प्रस्तावित रेल मार्ग में आने वाली जमीनों के मुआवजे को लेकर लोग परेशान हैं। लोगों का तर्क है कि जिस जमीन पर आवास बना है या आवास के लिए प्लाट लिया गया है, उसे कृषि मानकर मुआवजा देने की बात कही जा रही है। इससे काफी नुकसान होगा। फरेंदा रोड से आगे बढ़ने पर एक कच्चा रास्ता महुअवा को जोड़ता है।
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इस रूट से जाने पर तमाम छोटे-छोटे प्लाट दिखे। एक स्कूल से पहले ओमप्रकाश तिवारी का नया मकान बना मिला। सोमवार सुबह बरामदे में बैठकर सामने लगे पिलर को देख रहे थे। बातचीत करने पर उन्होंने गहरी सांस लेते हुए कहा कि पाई-पाई जोड़कर घर बनाया। बनाते समय एक-एक सामान अच्छे से लगवाया। अब तो ऐसा लगा रहा है कि जमीन खरीदने से लेकर मकान बनवाने तक लगी रकम पूरी नहीं मिल पाएगी। कुछ लोग बता रहे हैं कि कृषि भूमि का मुआवजा मिलेगा।
इससे तो काफी नुकसान होगा। उन्होंने बताया कि करीब 20 लाख रुपये तो मकान बनवाने में खर्च हो गए। दूसरी जगह जमीन खरीदने के लिए रकम नहीं है। महंगी जमीन भी मिल रही है। रामसेवक का 15 डिस्मिल जमीन भी रेलवे ट्रैक के दायरे में है। मुआवजे की बात सुनकर चिंता हो रही है। लोगों का कहना है कि जमीन लेने के दौरान सभी जरूरी प्रक्रिया पूरी की गई भूमि कृषि कैसे हो रही है। जमीन चिह्नित होने के पहले से घर बना है तो सर्वे में इसका जिक्र होना चाहिए। कचहरी में लोग विधिक राय के लिए पहुंच रहे हैं।


संपत्तियों का मूल्यांकन करने बाद मुआवजा वितरण होगा

भूमि अध्याप्ति अधिकारी मदन मोहन वर्मा ने बताया कि घुघली-महराजगंज-आनंदनगर रेलवे लाइन के लिए जमीनों से संबंधित कार्रवाई तेजी से की जा रही है। 17 गांव की भूमि अधिग्रहण के लिए अधिसूचना जारी हो गई है। 589 किसानों की 69.206 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहण के दायरे में है। अधिसूचना जारी होने की तिथि से एक माह की आपत्ति ली जाएगी। दायरे में आने वाली संपत्तियों का मूल्यांकन करने बाद नियम के अनुसार मुआवजा वितरण होगा। इसके बाद भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई की जाएगी।
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