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Maharajganj News: ठंड से हांफ रहें किशोर, फेफड़े हो रहें संक्रमित

Sun, 05 Jan 2025 01:02 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज Updated Sun, 05 Jan 2025 01:02 AM IST
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Teenagers are panting due to cold, lungs are getting infected
महराजगंज। ठंड के साथ जुकाम और बुखार के मरीजों की संख्या भी बढ़ने लगी है। 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चों में फेफड़ों में संक्रमण के मामले इन दिनों दिख रहे हैं, जिसके कारण विशेष सावधानी बरतने की सलाह डाॅक्टर दे रहे हैं। शनिवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में 811 मरीजों का उपचार हुआ, जिसमें 6 किशोरों में फेफड़े की छोटी श्वांस नली में संक्रमण की शिकायत पाई गई।
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जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों की भीड़ लगातार बढ़ रही है। ठंड तेज होने से बड़ी उम्र वालों में सर्दी, खांसी, जुकाम व बुखार तो सामान्य बीमारी हो गई है, लेकिन किशोरों में ब्रोंकियोलाइटिस (फेफड़े की छोटी श्वास नली संक्रमण) के मामले बढ़ रहे हैं। जिला अस्पताल में इससे जुड़े मरीज पिछले चार दिनों में हर रोज एक से दो की संख्या में पहुंच रहे हैं।
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बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. राकेश रमन ने बताया कि ठंड में छोटे बच्चों में निमोनिया की शिकायत होती है। साथ ही ब्रोंकियोलाइटिस बीमारी भी इन दिनों पाई जा रही है। करीब एक सप्ताह से ऐसे मरीज आ रहे हैं। अब तक लगभग 10 किशोरों में यह समस्या पाई गई। इसमें घबराने की कोई बात नहीं है बस उपचार शीघ्र शुरू कराने की आवश्यकता होती है।
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बीमारी के लक्षण
ब्रोंकियोलाइटिस में लक्षण पहले सर्दी-जुकाम जैसे ही होते हैं, लेकिन फिर स्थिति काफी खराब हो जाती है। बीमारी से पीड़ित बच्चों में खांसी और सांस छोड़ते समय गले से आवाज आती है। सांस लेने में भी परेशानी होती है। त्वरित उपचार से यह एक सप्ताह में ठीक हो जाता है।

फेफड़ों में होता है संक्रमण
ब्रोंकियोलाइटिस निमोनिया का ही एक प्रकार माना जा सकता है। यह बीमारी 10 वर्ष तक के बच्चों में अधिक पाया जाता है। फेफड़ों का संक्रमण होने से श्वांस नली में सूजन, जलन और कफ के निर्माण का कारण बनता है, जो वायरस संबंधित होता है।
ठंड बढ़ने से अस्पताल की ओपीडी में फेफड़ों के संक्रमण से पीड़ित किशोर आ रहे हैं। इन्हें जांच के बाद दवा और एहतियात बरतने की सलाह दी जा रही है।
-डाॅ. एपी भार्गव, सीएमएस
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