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Maharajganj News: नेपाल में भारतीय कपड़े की मांग से तस्करी बढ़ी

Sat, 14 Oct 2023 01:07 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 14 Oct 2023 01:07 AM IST
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Smuggling increased due to demand for Indian clothes in Nepal
नेपाल में भारतीय कपड़े की मांग से तस्करी बढ़ी
सीमावर्ती गांव में डंप कर साइकिल से पहुंचाया जा रहा नेपाल, पकड़ में आते सिर्फ कैरियर, मुख्य धंधेबाज नहीं लगते हाथ
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संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। दो दिन पूर्व ही नेपाल के नवलपरासी में 13 लाख मूल्य के रेडीमेड कपड़ों को नेपाल पुलिस ने बरामद किया था। पूछताछ में पता चला कि भारतीय क्षेत्र से नेपाल में यह कपड़े पहुंचे थे। कपड़ों की इस तस्करी की मुख्य वजह दशहरा समेत अन्य त्योहार हैं। दशहरा के बाद दिवाली, भैया दूज और छठ पर्व के कारण नेपाल में कपड़े की मांग बढ़ जाती है। वहीं, नेपाल कपड़ों के लिए काफी हद तक भारत पर आश्रित है। नेपाल में कपड़ों पर कस्टम ड्यूटी काफी अधिक है। इस वजह से भारत की तुलना में नेपाल में कपड़े महंगे मिलते हैं। सरहद पर कड़ाई के बाद नेपाल में कपड़ों तस्करी तेजी से हो रही है।
सूत्रों के अनुसार, जनपद के नौतनवां, कोल्हुई, सोनौली, बरगदवा, परसा मलिक, ठूठीबारी और निचलौल थाना क्षेत्र के सीमावर्ती गांव से कपड़े की तस्करी बड़े पैमाने पर हो रही है। आए दिन एसएसबी व पुलिस तस्करों को पकड़ भी रही है। पर इसका असर तस्करों पर कम ही दिख रहा है। तस्कर यात्री बसों का भी सहारा ले रहे हैं। दिल्ली से बुटवल और बेंगलुरु से बुटवल चलने वाली प्राइवेट यात्री बस से कपड़े की तस्करी होती है।
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तस्कर भारतीय बाजारों से कम कीमतों पर कपड़ों को खरीदकर नेपाल पहुंचा कर मोटा मुनाफा कमा रहे हैं। सूत्र बता रहे हैं कि एसएसबी व पुलिस की गिरफ्त में सिर्फ कैरियर ही आ रहे हैं, जो हजार, पांच सौ रुपये के लिए काम करते हैं, जबकि इससे जुड़े बड़े कारोबारी बेखौफ होकर मुनाफा कमाने में जुटे हुए हैं।
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साइकिल के जरिए नेपाल में पहुंच रहा है कपड़ा
- भारत-नेपाल सीमा हमेशा से काला कारोबार करने वालों के लिए मुफीद रही है। सूत्रों के अनुसार, जिले की 84 किमी खुली सीमा का लाभ उठा कर तस्कर आसानी से पार कर लेते हैं। भारतीय कपड़ा नेपाल में साइकिल के जरिए पहुंचाया जा रहा है। हाल में जांच के दौरान कई मामले सामने आए हैं।

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मुख्य सड़क पर कड़ाई के बाद पगडंडियों से बढ़ी तस्करी
भारत नेपाल के मुख्य सड़क सोनौली, ठूठीबारी पर कड़ाई के बाद तस्करों ने पगडंडियों का रास्ता पकड़ लिया है। सूत्रों की माने तो एक दिन में करोड़ों रुपये के कपड़े तस्करी के द्वारा नेपाल पहुंचा दिए जा रहे हैं। नौतनवा स्थित ट्रांसपोर्ट में सूरत, गुजरात, दिल्ली, कोलकाता से पकड़े मंगवा कर डंप किए जाते हैं। फिर छोटे वाहनों से दस से 15 बंडल कपड़ों को सीमाओं के निकट गांव में रख दिया जाता है। यहां से कैरियर मौका मिलते ही साइकिल से कपड़ों को नेपाल के सीमावर्ती गांव में पहुंचा देते हैं।
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भंसार लगने से बढ़ी तस्करी
भारतीय सीमा क्षेत्र से 100 रुपये नेपाली मुद्रा से अधिक का सामान खरीद कर नेपाल ले जाने पर भंसार शुल्क लिए जाने के प्रावधान के बाद सीमावर्ती बाजार में विभिन्न सामानों की तस्करी बढ़ गई है। भारत नेपाल सोनौली और ठूठीबारी सीमा क्षेत्र के नेपाली सीमा रूपनदेही जिले में इस सप्ताह छोटे बड़े कई कपड़ों की बरामदगी के मामले सामने आए हैं।
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बोरा फेंक कर फरार हो गए थे तस्कर
दो दिन पूर्व नवलपरासी जिले में बुधवार सुबह सरावल गांव पालिका वार्ड नंबर 7 बुडंतवा में नेपाल पुलिस ने भारतीय सीमा क्षेत्र से लगभग 17 लोगों को सिर पर कपड़ा भरा बोरा लेकर नेपाल सीमा में प्रवेश करते हुए देखा। तस्करों की निगाह पुलिस टीम पर पड़ी तो सभी लोग बोरे में भरे कपड़े को फेंक कर फरार हो गए। जिसकी कीमत करीब 13 लाख रुपये बताई जा रही थी। सितंबर में एक यात्री बस को भी नेपाल पुलिस ने कपड़ो की तस्करी के मामले में सीज किया था।

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कपड़ा नेपाल पहुंचाने के लिए महिलाओं का सहारा
सीमावर्ती क्षेत्र में लगभग एक दर्जन से अधिक ऐसे रास्ते हैं, जहां से कपड़ो की तस्करी होती है जिसमें कई बार एसएसबी सामानों को जब्त करती है। सामान्य तौर पर दिन में नेपाल के बाजारों से आने वाली महिलाएं होती हैं। उनके द्वारा कपड़े की खरीदारी करने के बाद उसे पहुंचाने के लिए दुकानदार कैरियर के सहारे गंतव्य तक पहुंचा दे रही हैं। जिसमें नौतनवां थाना क्षेत्र के संपतिहां, छपवा,सुंडी, खनुवा, हरदी डाली, कैथवलिया, बरगदही, फ़रेनिया, श्याम काट, भगवानपुर और सोनौली का दो नंबर गली बरगदवा बाजार, परसा मलिक, ठूठीबारी है, जिसके रास्ते बड़े पैमाने पर कपड़े की तस्करी की जाती है।

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अगस्त से अक्तूबर तक कपड़ा बरामदगी

- 17 अगस्त को सशस्त्र सीमा बल खनुआ के जवानों ने गश्त के दौरान खनुआ गांव के पास से एक बंडल कपड़ा जिसमें साड़ी, ब्लाउज आदि था।

- 28 अगस्त को सशस्त्र सीमा बल बीओपी खनुआ के जवानों ने गश्त के दौरान सूट 60 पीस, साड़ी 17 पीस, काटन कपड़ा 10 थान बरामद कर अग्रिम कार्रवाई के लिए नौतनवा कस्टम को सौंप दिया।


- 30 अगस्त को सशस्त्र सीमा बल बीओपी डांडा हेड के जवानों ने गश्त के दौरान बोरे में रखे 147 पीस लेडिज सूट सेंट आदि बरामद किया था।

- 8 सितंबर को सशस्त्र सीमा बल बीओपी खनुआ के जवानों ने गश्त के दौरान खनुआ गांव के पास से 5 बंडल कपड़ा बरामद हुआ था।

- 25 सितंबर को सशस्त्र सीमा बल बीओपी डांडा हेड के जवानों ने गश्त के दौरान रजिया घाट के पास से 94 सलवार सूट व एक ई रिक्शा बरामद कर अग्रिम कार्रवाई हेतु नौतनवा कस्टम को सौंप दिया।

- 2 अक्तूबर को केवटलिया गांव के पास से सोनौली पुलिस ने एक पिकअप पर लदा 22 बंडल कपड़ा बरामद हुआ था।

-10 अक्तूबर को सशस्त्र सीमा बल खनुआ के जवानों ने गश्त के दौरान खनुआ गांव के पास दो गट्ठर कपड़ा बरामद किया था।
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सीमावर्ती क्षेत्र में कड़ी चौकसी बरती जा रही है। समय समय पर बरामदगी की जाती है। इन दिनों गश्त बढ़ा दी गई है। सूचना मिलने पर त्वरित कार्रवाई की जा रही है।
आतिश कुमार सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक
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