{"_id":"66c3d090f4a62515b9002254","slug":"road-incomplete-due-to-non-receipt-of-noc-from-forest-department-brake-on-speed-maharajganj-news-c-206-1-sgkp1021-129306-2024-08-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Maharajganj News: वन विभाग की एनओसी नहीं मिलने से सड़क अधूरी, रफ्तार पर ब्रेक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Maharajganj News: वन विभाग की एनओसी नहीं मिलने से सड़क अधूरी, रफ्तार पर ब्रेक
Tue, 20 Aug 2024 04:39 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Tue, 20 Aug 2024 04:39 AM IST
विज्ञापन
बभनौली जंगल में तीन किलोमीटर सड़क एनओसी के कारण अधूरी।
महराजगंज। वन विभाग की ओर से एनओसी नहीं देने के चलते दो सड़कें पूरी नहीं हो सकी हैं। पहली सड़क बभनौली से भटहट तक है। यह सड़क तीन किमी वन क्षेत्र में पड़ती है। एनओसी नहीं मिलने की वजह से अधूरी है। वहीं जंगल टुकड़ा नंबर 14 जाने वाली छह किमी सड़क भी अधूरी है।
जिले के बभनौली चौराहे से लेकर भटहट बाजार गोरखपुर सीमा तक 11 किलोमीटर की सड़क चौड़ीकरण में प्रस्तावित है। वन विभाग के अड़ंगे के कारण सड़क का निर्माण कार्य प्रभावित हो रहा है। यह सड़क महराजगंज व गोरखपुर के लोगों के लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन वन विभाग के अड़चनों के कारण अधर में है। सड़क से होकर आने-जाने वाले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। विभाग समस्या का समाधान नहीं कर रहा है। बभनौली चौराहे से लेकर भटहट बाजार गोरखपुर सीमा तक यह सड़क चौड़ीकरण के लिए 2021 में स्वीकृत हुई थी। शासन स्तर से 36 करोड़ रुपये धन अवमुक्त हुआ।
प्रांतीय निर्माण खंड विभाग ने इस सड़क को बनाना शुरू किया था। जंगल के दोनों छोर तक सड़क पूरी तरह से बनकर तैयार हो गई है, लेकिन बीच में बभनौली जंगल में तीन किलोमीटर सड़क वन विभाग की भूमि होने के कारण चौड़ी नहीं हो सकी है। जंगल में बिछाई गई तीन लेयर की गिट्टियां उखड़ गईं, लेकिन वन विभाग की ओर से एनओसी न मिलने के कारण अभी तक नहीं बन सकी है।
विज्ञापन
20 गांवों के लोगों को गोरखपुर जाने में मिलेगी सहूलियत
सड़क बनने से पनियरा क्षेत्र के 50 हजार से अधिक आबादी के लोगों को फायदा होगा। इस सड़क से पनियरा क्षेत्र के पनियरा टाउन एवं बभनौली, नेवासपोखर, बैजूडेहरा, बड़वार खैंचा, मिठौरा, जंगल बाकी टुकड़ा नंबर 14, चंदनचाफी, मुड़िला, खुटहा बाजार, खजुरिया, मौलागंज, विशुनपुरा, महुअवा शुक्ल, औसानी दरगाह आदि गांवों के लोगों को गोरखपुर जाने में काफी सुविधा मिलेगी।
वन विभाग के अधिकारियों को दो बार एनओसी के लिए पत्र भेजा गया था, लेकिन अभी तक एनओसी नहीं मिल सकी। यह सड़क 36 करोड़ की लागत से तैयार होगी।
-डीएन सिंह, अवर अभियंता, प्रांतीय निर्माण खंड विभाग
एनओसी नहीं मिलने के कारण नहीं बन रही सड़क
महराजगंज। बभनौली चौराहे से लेकर जंगल के बीच से मिठौरा होते हुए छह किलोमीटर खड़ंजा सड़क जंगल बाकी टुकड़ा नंबर 14 को जोड़ती है। इस मार्ग से होकर मिठौरा, चंदनचाफी, जंगल बाकी टुकड़ा नंबर 14, महुअवा शुक्ल, औसानी दरगाह, खुटहा बाजार आदि गांवों के सैकड़ों लोगों का आवागमन प्रतिदिन होता है। सड़क को बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग ने प्रस्ताव बनाकर स्वीकृति के लिए शासन को पत्र भेजा था, लेकिन वन विभाग से एनओसी न मिलने के कारण यह सड़क भी अधूरी है। इस सड़क से होकर जाने में लोगों को काफी दुश्वारियों का सामना करना पड़ता है। जिम्मेदार इस सड़क को बनाने में रुचि नहीं ले रहे हैं।
विज्ञापन
जिले के बभनौली चौराहे से लेकर भटहट बाजार गोरखपुर सीमा तक 11 किलोमीटर की सड़क चौड़ीकरण में प्रस्तावित है। वन विभाग के अड़ंगे के कारण सड़क का निर्माण कार्य प्रभावित हो रहा है। यह सड़क महराजगंज व गोरखपुर के लोगों के लिए महत्वपूर्ण है, लेकिन वन विभाग के अड़चनों के कारण अधर में है। सड़क से होकर आने-जाने वाले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। विभाग समस्या का समाधान नहीं कर रहा है। बभनौली चौराहे से लेकर भटहट बाजार गोरखपुर सीमा तक यह सड़क चौड़ीकरण के लिए 2021 में स्वीकृत हुई थी। शासन स्तर से 36 करोड़ रुपये धन अवमुक्त हुआ।
विज्ञापन
प्रांतीय निर्माण खंड विभाग ने इस सड़क को बनाना शुरू किया था। जंगल के दोनों छोर तक सड़क पूरी तरह से बनकर तैयार हो गई है, लेकिन बीच में बभनौली जंगल में तीन किलोमीटर सड़क वन विभाग की भूमि होने के कारण चौड़ी नहीं हो सकी है। जंगल में बिछाई गई तीन लेयर की गिट्टियां उखड़ गईं, लेकिन वन विभाग की ओर से एनओसी न मिलने के कारण अभी तक नहीं बन सकी है।
विज्ञापन
20 गांवों के लोगों को गोरखपुर जाने में मिलेगी सहूलियत
सड़क बनने से पनियरा क्षेत्र के 50 हजार से अधिक आबादी के लोगों को फायदा होगा। इस सड़क से पनियरा क्षेत्र के पनियरा टाउन एवं बभनौली, नेवासपोखर, बैजूडेहरा, बड़वार खैंचा, मिठौरा, जंगल बाकी टुकड़ा नंबर 14, चंदनचाफी, मुड़िला, खुटहा बाजार, खजुरिया, मौलागंज, विशुनपुरा, महुअवा शुक्ल, औसानी दरगाह आदि गांवों के लोगों को गोरखपुर जाने में काफी सुविधा मिलेगी।
वन विभाग के अधिकारियों को दो बार एनओसी के लिए पत्र भेजा गया था, लेकिन अभी तक एनओसी नहीं मिल सकी। यह सड़क 36 करोड़ की लागत से तैयार होगी।
-डीएन सिंह, अवर अभियंता, प्रांतीय निर्माण खंड विभाग
एनओसी नहीं मिलने के कारण नहीं बन रही सड़क
महराजगंज। बभनौली चौराहे से लेकर जंगल के बीच से मिठौरा होते हुए छह किलोमीटर खड़ंजा सड़क जंगल बाकी टुकड़ा नंबर 14 को जोड़ती है। इस मार्ग से होकर मिठौरा, चंदनचाफी, जंगल बाकी टुकड़ा नंबर 14, महुअवा शुक्ल, औसानी दरगाह, खुटहा बाजार आदि गांवों के सैकड़ों लोगों का आवागमन प्रतिदिन होता है। सड़क को बनाने के लिए लोक निर्माण विभाग ने प्रस्ताव बनाकर स्वीकृति के लिए शासन को पत्र भेजा था, लेकिन वन विभाग से एनओसी न मिलने के कारण यह सड़क भी अधूरी है। इस सड़क से होकर जाने में लोगों को काफी दुश्वारियों का सामना करना पड़ता है। जिम्मेदार इस सड़क को बनाने में रुचि नहीं ले रहे हैं।