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Maharajganj News: नये वित्तीय सत्र में 1742.83 करोड़ रुपये ऋण का लक्ष्य
Sun, 11 May 2025 01:43 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Sun, 11 May 2025 01:43 AM IST
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महराजगंज। नये वित्तीय सत्र में न सिर्फ किसान क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाकर 5 लाख रुपये तक कर दी गई है, बल्कि केसीसी धारक किसानों की संख्या भी बढ़ानी है। कुल 1742.83 करोड़ रुपये ऋण के वितरण का लक्ष्य तय किया गया है।
खरीफ सीजन में कोऑपरेटिव से 13.20 करोड़ तो काॅमर्शियल बैंकों को 683.93 करोड़ रुपये ऋण वितरण का लक्ष्य तय किया गया है। रबी सीजन के लिए कोऑपरेटिव को 8.80 करोड़ तो काॅमर्शियल के लिए 1036.90 करोड़ रुपये का लक्ष्य तय किया गया है।
जनपद में कुल 529226 किसानों का पंजीकरण कृषि विभाग में है। किसान खेतीबाड़ी सुविधा जनक तरीके से करें। इसके लिए अधिक से अधिक किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड जारी करने का प्रयास रहता है, जिससे किसानों को खेती कार्य के लिए सस्ता ऋण प्राप्त करने में आसानी हो। इस बार शासन की तरफ से संबोधित ब्याज सहायता योजना का लाभ देकर लिमिट तीन लाख रुपये से बढ़ाकर पांच लाख रुपये तक कर दी गई है।
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इसका लाभ ऐसे समझ सकते हैं कि अगर लेनदेन छह माह के भीतर पूर्ण कर लिया जाता है तो सिर्फ चार प्रतिशत ब्याज दर ही चार्ज किया जाएगा। जिले में 479261 किसान इस लाभ के हकदार हैं, लेकिन सभी को ऋण लाभ की जरूरत नहीं पड़ती। नए वित्तीय सत्र में अधिक से अधिक किसानों तक लाभ पहुंचाने के लिए कोऑपरेटिव, कृषि विभाग और लीड बैंक के नेतृत्व में सभी बैंकों की है।
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खरीफ सीजन में कोऑपरेटिव से 13.20 करोड़ तो काॅमर्शियल बैंकों को 683.93 करोड़ रुपये ऋण वितरण का लक्ष्य तय किया गया है। रबी सीजन के लिए कोऑपरेटिव को 8.80 करोड़ तो काॅमर्शियल के लिए 1036.90 करोड़ रुपये का लक्ष्य तय किया गया है।
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जनपद में कुल 529226 किसानों का पंजीकरण कृषि विभाग में है। किसान खेतीबाड़ी सुविधा जनक तरीके से करें। इसके लिए अधिक से अधिक किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड जारी करने का प्रयास रहता है, जिससे किसानों को खेती कार्य के लिए सस्ता ऋण प्राप्त करने में आसानी हो। इस बार शासन की तरफ से संबोधित ब्याज सहायता योजना का लाभ देकर लिमिट तीन लाख रुपये से बढ़ाकर पांच लाख रुपये तक कर दी गई है।
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इसका लाभ ऐसे समझ सकते हैं कि अगर लेनदेन छह माह के भीतर पूर्ण कर लिया जाता है तो सिर्फ चार प्रतिशत ब्याज दर ही चार्ज किया जाएगा। जिले में 479261 किसान इस लाभ के हकदार हैं, लेकिन सभी को ऋण लाभ की जरूरत नहीं पड़ती। नए वित्तीय सत्र में अधिक से अधिक किसानों तक लाभ पहुंचाने के लिए कोऑपरेटिव, कृषि विभाग और लीड बैंक के नेतृत्व में सभी बैंकों की है।