फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Maharajganj News ›   Dirty water from Nepal's factories is being released into the Jharahi River.

Maharajganj News: झरही नदी में छोड़ा जा रहा नेपाल की फैक्ट्रियों का गंदा पानी

Mon, 09 Mar 2026 02:18 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 09 Mar 2026 02:18 AM IST
विज्ञापन
Dirty water from Nepal's factories is being released into the Jharahi River.
झरही उर्फ प्यास नदी का पानी नेपाल के नवलपरासी स्थित शराब की फैक्ट्रियों के गंदे पानी से काला हो
पशु-पक्षियों के जीवन पर गहराया संकट, नेपाल के नवलपरासी से होकर बहती है झरही नदी
विज्ञापन

स्थानीय लोगों को सता रहा है संक्रामक बीमारियों के फैलने का डर
ठूठीबारी। भारत सरकार योजना चलाकर नदियों के पानी को स्वच्छ करने में जुटी है। वहीं पड़ोसी मुल्क नेपाल के नवलपरासी जिला स्थित कल कारखानों और शराब की फैक्ट्री का गंदा पानी झरही नदी में छोड़ दिया जा रहा है। इससे भारतीय क्षेत्र में मधवलियां रेंज के जंगली पशु-पक्षियों पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। साथ ही क्षेत्र के लोगों को भी संक्रामक बीमारियों के फैलने का डर सता रहा है।



पड़ोसी मुल्क नेपाल के नवलपरासी से होकर बहने वाली झरही उर्फ प्यास नदी भारतीय सीमा क्षेत्र के ठूठीबारी कोतवाली क्षेत्र के सटे पश्चिम होकर राजाबारी, भरगाही, लक्ष्मीपुर, डगरुपुर, नवडिहवां, खैरहवा जंगल, दोमुहाने, मल्लाह टोली, लोहार टोला, बकुलडीहा, सुकरहर, सीहाभार इत्यादि दर्जनों गांव से होते हुए सोहगीबरवां वन्य जीव प्रभाग के मधवलियां रेंज होकर आगे बढ़ जाती है।
विज्ञापन


नदी के आसपास के गांवों के पशु एवं जंगली जानवर इस नदी के पानी से अपनी प्यास बुझाते हैं। वहीं आसपास के ग्रामीण अपने पशुओं को नहलाने के लिए ले जाते हैं। पानी बदबूदार होने के कारण स्थानीय लोगों को काफी परेशानी हो रही है। आसपास के लोगों को रहना भी दूभर हो गया है। ठूठीबारी कस्बे व गांव के लोगों ने प्रशासन से कई बार इसकी शिकायत की लेकिन मामला दूसरे देश का होने के कारण संबंधित अधिकारी अब तक कोई कारगर उपाय नहीं कर सके हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन




नो मेंस लैंड के पास से निकलकर ठूठीबारी में करती है प्रवेश
हिमालय की पहाड़ों से निकलकर झरही नदी नो मेंस लैंड के पास से भारतीय क्षेत्र ठूठीबारी में प्रवेश करती है। कुछ लोग इसे पडरौना के खिरकिया स्थान से निकली बताते हैं। अंग्रेजी हुकूमत में इस नदी से जल परिवहन की सुविधा थी। इस वजह से कुशीनगर के बभनौली में अंग्रजों ने नील फैक्ट्री लगाई थी। करीब 50 किलोमीटर की यात्रा करते हुए यह नदी प्रतापपुर के खनुआ के पास छोटी गंडक नदी में मिलती है। महराजगंज में ठूठीबारी, लक्ष्मीपुर खुर्द व लक्ष्मीपुर कला, चटिया, तुर्कहिया तथा नौतनवा तहसील के टड़हवा, अशोकवा, पिपरा, पजरफोरवा, रमगढ़वा होते हुए शीशगढ़, खैरटवा, खैरहवा जंगल, डगरुपुर, सिहाभार, मनिकापुर जंगल की भूमि इससे अभिसिंचित है।
वर्जन
झरही नदी में नेपाल के कल-कारखानों एवं शराब की फैक्ट्री का गंदा बदबूदार पानी बहने से गांव में बीमारी फैलने का भय बना हुआ है। इसकी शिकायत कई बार अधिकारियों से की गई, फिर भी समस्या समाधान नहीं हुआ।

-हरी वरुण, लक्ष्मीपुर
---------------

क्षेत्र के पशुपालक पशुओं को नहलाने के लिए झरही नदी में ले जाते हैं। इसमें कल-कारखानों का गंदा पानी बहने से पशुओं व जल जीवों के स्वास्थ्य पर संकट मंडराने लगा है।
-झीनक गिरी, डगरुपुर
------------------
झरही नदी में छोड़ गए बदबूदार पानी से डगरुपुर गांव के उत्तर डगरुपुर पडियाताल मुख्य मार्ग के पश्चिम साधन सहकारी समिति कर्मचारी और पूर्व माध्यमिक विद्यालय के बच्चे-अध्यापक सभी परेशान हैं।


-दूधनाथ मौर्य, डगरुपुर
-----------
झरही नदी में गंदा बदबूदार पानी बहने से मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। इससे संक्रामक रोग फैलने का भय सता रहा है। इस पर जिम्मेदारों को जल्द कुछ करना चाहिए।
महंथ रामसनेही दास, डगरुपुर राम जानकी मंदिर
--------------------------
मामले की जानकारी मिली है। नेपाल के अधिकारियों से वार्ता कर झरही नदी में फैक्ट्रियों का गंदा पानी बहाने से रोका जाएगा।
सिद्धार्थ गुप्ता, एसडीएम, निचलौल
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed