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Maharajganj News: क्रॉस बॉर्डर टूरिज्म से कारोबार को रफ्तार
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सोनौली। भारत और नेपाल के बीच पर्यटन साझेदारी को मजबूत करने के लिए नेपाल के चितवन में 26 से 28 अक्तूबर तक ‘नेपाल-भारत क्रॉस बॉर्डर टूरिज्म कनेक्ट-2026’ का आयोजन होगा।
इससे भारतीय पर्यटकों की नेपाल में आवाजाही बढ़ने और सोनौली सीमा के रास्ते पर्यटन कारोबार को गति मिलने की उम्मीद है। कार्यक्रम में भारत के विभिन्न शहरों से 21 पर्यटन उद्यमी और प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे।
इस आयोजन का जिम्मा नॉन-रेसिडेंट नेपाली एसोसिएशन (एनआरएनए) की इंटरनेशनल कोऑर्डिनेशन काउंसिल और प्रॉस्पेरस चितवन कैंपेन ने लिया है। इसका उद्देश्य दोनों देशों के पर्यटन कारोबारियों के बीच व्यावसायिक संबंध मजबूत करना है।
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कार्यक्रम के समन्वयक और एनआरएनए के प्रवक्ता सोमनाथ सपकोटा के अनुसार, भारतीय पर्यटकों को नेपाल के धार्मिक, सांस्कृतिक, प्राकृतिक और वन्यजीव पर्यटन स्थलों से जोड़ने पर जोर दिया जाएगा।
कार्यक्रम में लुंबिनी, रामग्राम, देवघाट, नवलपुर और चितवन को एक पर्यटन सर्किट के रूप में विकसित करने पर चर्चा होगी। इससे सोनौली सीमा के रास्ते नेपाल आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ने की संभावना है।
इसका लाभ होटल, ट्रैवल एजेंसियों और परिवहन कारोबार से जुड़े लोगों को भी मिल सकता है।
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इससे भारतीय पर्यटकों की नेपाल में आवाजाही बढ़ने और सोनौली सीमा के रास्ते पर्यटन कारोबार को गति मिलने की उम्मीद है। कार्यक्रम में भारत के विभिन्न शहरों से 21 पर्यटन उद्यमी और प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे।
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इस आयोजन का जिम्मा नॉन-रेसिडेंट नेपाली एसोसिएशन (एनआरएनए) की इंटरनेशनल कोऑर्डिनेशन काउंसिल और प्रॉस्पेरस चितवन कैंपेन ने लिया है। इसका उद्देश्य दोनों देशों के पर्यटन कारोबारियों के बीच व्यावसायिक संबंध मजबूत करना है।
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कार्यक्रम के समन्वयक और एनआरएनए के प्रवक्ता सोमनाथ सपकोटा के अनुसार, भारतीय पर्यटकों को नेपाल के धार्मिक, सांस्कृतिक, प्राकृतिक और वन्यजीव पर्यटन स्थलों से जोड़ने पर जोर दिया जाएगा।
कार्यक्रम में लुंबिनी, रामग्राम, देवघाट, नवलपुर और चितवन को एक पर्यटन सर्किट के रूप में विकसित करने पर चर्चा होगी। इससे सोनौली सीमा के रास्ते नेपाल आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ने की संभावना है।
इसका लाभ होटल, ट्रैवल एजेंसियों और परिवहन कारोबार से जुड़े लोगों को भी मिल सकता है।