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Maharajganj News: फर्जीवाड़े पर लगाम, एआई बताएगा कितने कर रहे काम
Fri, 28 Feb 2025 12:36 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
संवाद न्यूज एजेंसी, महाराजगंज
Updated Fri, 28 Feb 2025 12:36 AM IST
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महराजगंज। मनरेगा में अब फर्जीवाड़ा नहीं हो सकेगा। एनएमएमएस एप के अपडेट वर्जन पर श्रमिकों की हाजिरी दर्ज करनी होगी। इस एप को एआई तकनीकी से लैस किया गया है, जिससे श्रमिकों की उपस्थिति प्रमाणिक हो सके।
उपायुक्त मनरेगा ने सभी खंड विकास अधिकारी और समस्त कार्यदाई संस्था/फर्म मनरेगा के लिए निर्देश जारी कर एनएमएमएस (नेशनल मोबाइल मानीटरिंग सिस्टम) एप के अपडेटेड वर्जन पर श्रमिकों की हाजिरी लगाने के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
ग्राम पंचायतों में मनरेगा के तहत कच्चा रास्ता, तालाब खोदाई, सुंदरीकरण, आंगनबाड़ी, प्रधानमंत्री आवास योजना, नाली, आरसीसी सड़क, हाट बाजार, अन्नपूर्णा भवन, खेल मैदान, खड़ंजा आदि निर्माण कार्य के लिए श्रमिकों को लगाया जाता है।
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मनरेगा से लगभग हर माह एक से डेढ़ करोड़ रुपये का भुगतान मजदूरी के नाम पर किया जाता है।
अक्सर ग्राम पंचायतों में मनरेगा के तहत कराए गए कार्यों में फर्जी मजदूर दिखाकर लाखों रुपये हड़पने की शिकायतें आती रहती हैं और जांच के बाद कार्रवाई भी होती है। अभी पिछले माह जिले के परतावल और निचलौल विकास खंड की ग्राम पंचायतों में श्रमिकों के नाम पर हुए गड़बड़झाले का राजफाश हुआ और कार्रवाई भी हुई। एआई से लैस एनएमएमएस एप से ऐसे फर्जीवाड़े पर रोक लगेगी।
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उपायुक्त मनरेगा ने सभी खंड विकास अधिकारी और समस्त कार्यदाई संस्था/फर्म मनरेगा के लिए निर्देश जारी कर एनएमएमएस (नेशनल मोबाइल मानीटरिंग सिस्टम) एप के अपडेटेड वर्जन पर श्रमिकों की हाजिरी लगाने के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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ग्राम पंचायतों में मनरेगा के तहत कच्चा रास्ता, तालाब खोदाई, सुंदरीकरण, आंगनबाड़ी, प्रधानमंत्री आवास योजना, नाली, आरसीसी सड़क, हाट बाजार, अन्नपूर्णा भवन, खेल मैदान, खड़ंजा आदि निर्माण कार्य के लिए श्रमिकों को लगाया जाता है।
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मनरेगा से लगभग हर माह एक से डेढ़ करोड़ रुपये का भुगतान मजदूरी के नाम पर किया जाता है।
अक्सर ग्राम पंचायतों में मनरेगा के तहत कराए गए कार्यों में फर्जी मजदूर दिखाकर लाखों रुपये हड़पने की शिकायतें आती रहती हैं और जांच के बाद कार्रवाई भी होती है। अभी पिछले माह जिले के परतावल और निचलौल विकास खंड की ग्राम पंचायतों में श्रमिकों के नाम पर हुए गड़बड़झाले का राजफाश हुआ और कार्रवाई भी हुई। एआई से लैस एनएमएमएस एप से ऐसे फर्जीवाड़े पर रोक लगेगी।