{"_id":"5b9e9ee9867a557f721c1fec","slug":"51537122025-maharajganj-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिले में तेज बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिले में तेज बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ी
Updated Sun, 16 Sep 2018 11:50 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जिले में तेज बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ी
अब तक 1295 मरीजों का हो चुका है हुआ इलाज
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। इस साल जिले में तेज बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ी है। वर्ष-2017 में स्वास्थ्य केंद्रों और जिला अस्पताल में कुल 1005 मरीजों का इलाज हुआ था, लेकिन इस साल सितंबर तक 1295 मरीजों का इलाज हुआ है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या कम करने के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इसके बावजूद तेज बुखार से पीड़ि मरीजों की संख्या बढ़ रही है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने आशा, एएनएम व अन्य कर्मियों के माध्यम से गृह भ्रमण व अन्य कार्यक्रमों के माध्यम से तेज बुखार के मरीजों को तुरंत एंबुलेंस के माध्यम से सरकारी अस्पताल में भेजने का निर्देश है। इसके अलावा रैली, विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों पर गौर करें तो तो पिछले वर्ष एक जनवरी से दिसंबर-2017 तक कुल 1005 मरीज तेज बुखार से पीड़ित हुए थे। इस साल यह आंकड़ा सितंबर में ही पार कर चुका है। एक जनवरी-2018 से 15 सितंबर तक 1295 तेज बुखार के मरीजों का इलाज हुआ है। इसमें 1078 मरीजों का इलाज जिला अस्पताल व 217 मरीजों का सीएचसी-पीएचसी में इलाज हुआ है। एसीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने कहा कि तेज बुखार से पीड़ित मरीजों को जिला अस्पताल या नजदीक के अस्पताल में इलाज के लिए भेजने का निर्देश ब्लॉक आशा, एएनएम को दिया गया है। साथ ही जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है।
विशेष स्वास्थ्य सप्ताह आज से
महराजगंज। जिले में 17 से 25 सितंबर तक विशेष स्वास्थ्य सेवा सप्ताह मनाया जाएगा। प्रत्येक ब्लॉक के चिह्नित एक गांव में कैंप लगाकर गर्भवती महिलाओं, बच्चों व आम लोगों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। यह जानकारी एसीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने दी। उन्होंने बताया कि जिले के सभी ब्लॉकों के चिह्नित गांव में कैंप लगाने के लिए चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मी को नामित किया गया है। कैंप में गर्भवती महिलाओं व बच्चों की जांच, टीकाकरण के अलावा जरूरी दवाएं दी जाएंगी। उन्होंने कहा की कैंप में बुखार के लिए अलग से हेल्प डेक्स लगाया जाएगा। यह कैंप सप्ताह भर सभी ब्लॉकों के अलग अलग गांव में प्रत्येक दिन लगाया जाएगा। कैंप के लिए दो डॉक्टर के अलावा एक नेत्र परीक्षक, टीबी रोग के सीनियर टेक्निशिएन, दो स्टाप नर्स, एएनएम, एएनएम सुपरवाइजर शामिल रहेंगे। सीएचसी पीएचसी अधीक्षक द्वारा कैंप में आने वाले लोगों को सरकार की ओर से संचालित स्वास्थ्य योजनाओं के प्रति जागरूक किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
अब तक 1295 मरीजों का हो चुका है हुआ इलाज
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। इस साल जिले में तेज बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ी है। वर्ष-2017 में स्वास्थ्य केंद्रों और जिला अस्पताल में कुल 1005 मरीजों का इलाज हुआ था, लेकिन इस साल सितंबर तक 1295 मरीजों का इलाज हुआ है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से बुखार से पीड़ित मरीजों की संख्या कम करने के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इसके बावजूद तेज बुखार से पीड़ि मरीजों की संख्या बढ़ रही है। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने आशा, एएनएम व अन्य कर्मियों के माध्यम से गृह भ्रमण व अन्य कार्यक्रमों के माध्यम से तेज बुखार के मरीजों को तुरंत एंबुलेंस के माध्यम से सरकारी अस्पताल में भेजने का निर्देश है। इसके अलावा रैली, विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों पर गौर करें तो तो पिछले वर्ष एक जनवरी से दिसंबर-2017 तक कुल 1005 मरीज तेज बुखार से पीड़ित हुए थे। इस साल यह आंकड़ा सितंबर में ही पार कर चुका है। एक जनवरी-2018 से 15 सितंबर तक 1295 तेज बुखार के मरीजों का इलाज हुआ है। इसमें 1078 मरीजों का इलाज जिला अस्पताल व 217 मरीजों का सीएचसी-पीएचसी में इलाज हुआ है। एसीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने कहा कि तेज बुखार से पीड़ित मरीजों को जिला अस्पताल या नजदीक के अस्पताल में इलाज के लिए भेजने का निर्देश ब्लॉक आशा, एएनएम को दिया गया है। साथ ही जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है।
विज्ञापन
विशेष स्वास्थ्य सप्ताह आज से
महराजगंज। जिले में 17 से 25 सितंबर तक विशेष स्वास्थ्य सेवा सप्ताह मनाया जाएगा। प्रत्येक ब्लॉक के चिह्नित एक गांव में कैंप लगाकर गर्भवती महिलाओं, बच्चों व आम लोगों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। यह जानकारी एसीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने दी। उन्होंने बताया कि जिले के सभी ब्लॉकों के चिह्नित गांव में कैंप लगाने के लिए चिकित्सक व स्वास्थ्य कर्मी को नामित किया गया है। कैंप में गर्भवती महिलाओं व बच्चों की जांच, टीकाकरण के अलावा जरूरी दवाएं दी जाएंगी। उन्होंने कहा की कैंप में बुखार के लिए अलग से हेल्प डेक्स लगाया जाएगा। यह कैंप सप्ताह भर सभी ब्लॉकों के अलग अलग गांव में प्रत्येक दिन लगाया जाएगा। कैंप के लिए दो डॉक्टर के अलावा एक नेत्र परीक्षक, टीबी रोग के सीनियर टेक्निशिएन, दो स्टाप नर्स, एएनएम, एएनएम सुपरवाइजर शामिल रहेंगे। सीएचसी पीएचसी अधीक्षक द्वारा कैंप में आने वाले लोगों को सरकार की ओर से संचालित स्वास्थ्य योजनाओं के प्रति जागरूक किया जाएगा।
विज्ञापन