{"_id":"5c01841dbdec22415774ea27","slug":"111543603229-maharajganj-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"ओडीएफ गांवों में शौचालयों की जांच करेगी टीम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ओडीएफ गांवों में शौचालयों की जांच करेगी टीम
Updated Sat, 01 Dec 2018 12:10 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ओडीएफ गांवों में शौचालयों की जांच करेगी टीम
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। जिले में ओडीएफ घोषित गांवों में शौचालयों के निर्माण कार्य की जांच कराई जाएगी। इसके लिए ब्लॉक स्तर पर टीम की जाएगी। यह टीम पांच दिसंबर से गांवों में जांच शुरू करेंगी। इसके लिए डीपीआरओ ने जिले के सभी सहायक विकास अधिकारियों को पत्र भेजकर आवश्यक दिशानिर्देेश दिए हैं।
उन्होंने बताया कि प्रत्येक ब्लॉक में ओडीएफ गांवों में बने शौचालयों के सत्यापन के लिए टीम गठित करने के निर्देश दिए गए हैं। इसमें 15 से 20 सदस्यों को शामिल करने को कहा गया है। टीम में शामिल सदस्य शौचालयों की गुणवत्ता, मानक आदि की जांच करेंगे। इसके साथ ही आंगनबाड़ी भवन व विद्यालय, पीएचसी एवं सार्वजनिक स्थलों पर भी स्वच्छता से जुडे़ कार्यों का सत्यापन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि ओडीएम गांवों में हुए कार्यों के सत्यापन के लिए जिले स्तर से भी अलग से टीम बनाई जा सकती है। टीम में दो से सात लोग शामिल किए जा सकते हैं। उन्होंने ओडीएम गांवों के सत्यापन का काम चार दिन में पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। सत्यापन का काम पांच दिसंबर से शुरू कराया जाएगा। ओडीएफ गांवों के सत्यापन के लिए लगाई गई टीमों को प्रत्येक गांव के सत्यापन पर सात हजार रुपये का भुगतान किया जाएगा। स्वच्छ भारत मिशन के जिला प्रभारी मनोज त्यागी ने बताया कि सभी ग्राम प्रधानों व ग्राम पंचायत सचिवों को कहा गया है कि गांवों में शौचालयों के निर्माण में किसी प्रकार की कमी हो तो उसकी जांच कर सुधार कराने को कहा गया है। जांच के दौरान गड़बड़ी मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
महराजगंज। जिले में ओडीएफ घोषित गांवों में शौचालयों के निर्माण कार्य की जांच कराई जाएगी। इसके लिए ब्लॉक स्तर पर टीम की जाएगी। यह टीम पांच दिसंबर से गांवों में जांच शुरू करेंगी। इसके लिए डीपीआरओ ने जिले के सभी सहायक विकास अधिकारियों को पत्र भेजकर आवश्यक दिशानिर्देेश दिए हैं।
उन्होंने बताया कि प्रत्येक ब्लॉक में ओडीएफ गांवों में बने शौचालयों के सत्यापन के लिए टीम गठित करने के निर्देश दिए गए हैं। इसमें 15 से 20 सदस्यों को शामिल करने को कहा गया है। टीम में शामिल सदस्य शौचालयों की गुणवत्ता, मानक आदि की जांच करेंगे। इसके साथ ही आंगनबाड़ी भवन व विद्यालय, पीएचसी एवं सार्वजनिक स्थलों पर भी स्वच्छता से जुडे़ कार्यों का सत्यापन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि ओडीएम गांवों में हुए कार्यों के सत्यापन के लिए जिले स्तर से भी अलग से टीम बनाई जा सकती है। टीम में दो से सात लोग शामिल किए जा सकते हैं। उन्होंने ओडीएम गांवों के सत्यापन का काम चार दिन में पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। सत्यापन का काम पांच दिसंबर से शुरू कराया जाएगा। ओडीएफ गांवों के सत्यापन के लिए लगाई गई टीमों को प्रत्येक गांव के सत्यापन पर सात हजार रुपये का भुगतान किया जाएगा। स्वच्छ भारत मिशन के जिला प्रभारी मनोज त्यागी ने बताया कि सभी ग्राम प्रधानों व ग्राम पंचायत सचिवों को कहा गया है कि गांवों में शौचालयों के निर्माण में किसी प्रकार की कमी हो तो उसकी जांच कर सुधार कराने को कहा गया है। जांच के दौरान गड़बड़ी मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
विज्ञापन