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Lalitpur News: कक्षा एक से बारहवीं तक के छात्रों को मिलेगा परमानेंट एजुकेशन नंबर
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संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। परिषदीय और माध्यमिक विद्यालयों में अध्ययनरत कक्षा एक से बारहवीं तक के छात्रों का परमानेंट एजुकेशन नंबर (पेन) बनाया जाएगा। इसमें छात्रों का पूरा रिकार्ड रहेगा। छात्रों का पेन नंबर बनाने की कवायद शुरू कर दी गई है।
कक्षा एक से आठवीं तक के 1354 परिषदीय व कंपोजिट और छह कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय हैं। इनमें करीब डेढ़ लाख छात्र-छात्राएं पंजीकृत हैं। इसके साथ माध्यमिक शिक्षा परिषद के सौ से अधिक सरकारी व गैर सरकारी विद्यालय हैं। इनमें एक लाख के करीब छात्र-छात्राएं हैं। इन छात्र-छात्राओं का रिकार्ड विद्यालय में अभी तक रजिस्टरों में रखा जाता था। अब इन विद्यालयों में पंजीकृत कक्षा एक से 12 तक के सभी छात्र-छात्राओं की परमानेंट एजुकेशन नंबर (पेन) बनाया जाएगा।
यू-डायस पोर्टल पर छात्र-छात्राओं का विवरण अपलोड किया जाएगा, जिसमें छात्र का नाम, पिता, माता का नाम, जन्मतिथि, आधार नंबर, अभिभावक व विद्यार्थी का बैंक खाता, कक्षा, सेक्शन सहित अन्य जरूरी सूचनाएं शामिल रहेंगी। छात्र-छात्राओं का यू-डायस पोर्टल पर विवरण अपलोड होने के बाद परमानेंट एजुकेशनल नंबर (पेन) जारी हो जाएगा। इससे किसी भी विद्यार्थी का यू-डायस कोड व पेन नंबर से विवरण देखा जा सकेगा।
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विभागीय अधिकारियों के अनुसार छात्र-छात्राओं का पेन नंबर जारी होने से सत्यापन कराने में आसानी होगी और फर्जीवाडे़ पर रोक लगेगी। ऐसे छात्र-छात्रा जो एक से अधिक विद्यालयों में प्रवेश लेते थे, उन पर लगाम लगेगी। जिला विद्यालय निरीक्षक ओम प्रकाश सिंह ने बताया, माध्यमिक शिक्षा परिषद के सभी विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को छात्रों की पूरी जानकारी यू डायस पोर्टल पर अपलोड कर पेन नंबर देने के निर्देश दिए गए हैं। जल्द ही प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
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ललितपुर। परिषदीय और माध्यमिक विद्यालयों में अध्ययनरत कक्षा एक से बारहवीं तक के छात्रों का परमानेंट एजुकेशन नंबर (पेन) बनाया जाएगा। इसमें छात्रों का पूरा रिकार्ड रहेगा। छात्रों का पेन नंबर बनाने की कवायद शुरू कर दी गई है।
कक्षा एक से आठवीं तक के 1354 परिषदीय व कंपोजिट और छह कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय हैं। इनमें करीब डेढ़ लाख छात्र-छात्राएं पंजीकृत हैं। इसके साथ माध्यमिक शिक्षा परिषद के सौ से अधिक सरकारी व गैर सरकारी विद्यालय हैं। इनमें एक लाख के करीब छात्र-छात्राएं हैं। इन छात्र-छात्राओं का रिकार्ड विद्यालय में अभी तक रजिस्टरों में रखा जाता था। अब इन विद्यालयों में पंजीकृत कक्षा एक से 12 तक के सभी छात्र-छात्राओं की परमानेंट एजुकेशन नंबर (पेन) बनाया जाएगा।
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यू-डायस पोर्टल पर छात्र-छात्राओं का विवरण अपलोड किया जाएगा, जिसमें छात्र का नाम, पिता, माता का नाम, जन्मतिथि, आधार नंबर, अभिभावक व विद्यार्थी का बैंक खाता, कक्षा, सेक्शन सहित अन्य जरूरी सूचनाएं शामिल रहेंगी। छात्र-छात्राओं का यू-डायस पोर्टल पर विवरण अपलोड होने के बाद परमानेंट एजुकेशनल नंबर (पेन) जारी हो जाएगा। इससे किसी भी विद्यार्थी का यू-डायस कोड व पेन नंबर से विवरण देखा जा सकेगा।
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विभागीय अधिकारियों के अनुसार छात्र-छात्राओं का पेन नंबर जारी होने से सत्यापन कराने में आसानी होगी और फर्जीवाडे़ पर रोक लगेगी। ऐसे छात्र-छात्रा जो एक से अधिक विद्यालयों में प्रवेश लेते थे, उन पर लगाम लगेगी। जिला विद्यालय निरीक्षक ओम प्रकाश सिंह ने बताया, माध्यमिक शिक्षा परिषद के सभी विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को छात्रों की पूरी जानकारी यू डायस पोर्टल पर अपलोड कर पेन नंबर देने के निर्देश दिए गए हैं। जल्द ही प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।