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गल्ला मंडी में सुविधाओं की कमी
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नवीन गल्ला मंडी में बंद पड़ा शौचालय
- फोटो : LALITPUR
ललितपुर। नवीन गल्ला मंडी परिसर में किसानों को मिलने वाली सुविधाओं की अनदेखी की जा रही है। जहां प्रसाधन केंद्रों में गंदगी पड़ी है, वहीं शौचालयों में ताला जड़ा है। ऐसे में किसानों को बेवजह परेशान होना पड़ रहा है। इसके बाद भी इसे अनदेखा किया जा रहा है।
जनपद मुख्यालय पर स्थित नवीन कृषि उत्पादन मंडी में सभी तहसीलों के किसान अपनी उपज बेचने के लिए आते हैं। इससे मंडी में प्रतिदिन किसानों की आवाजाही रहती है। कई किसानों को उपज नहीं बिकने पर रात में भी रुकना पड़ता है। किसानों को प्रसाधन की सुविधा मुहैया कराने मंडी में तीन सुलभ कांप्लेक्स बनाए गए हैं। जिसमें मंडी के मुख्य गेट के पास में बना कांप्लेक्स ही ठीकठाक स्थिति में है, जो खुला रहता है। लेकिन, मंडी के गेट पर होने के कारण किसानों को इसकी जानकारी नहीं हो पाती है। किसान अधिकतर व्यापारियों की दुकानों के पास में ही रहते हैं। इस वजह से कम ही किसान इसका प्रयोग करते हैं। इसके अलावा एक सुलभ कांप्लेक्स मंडी चौकी के पास व दूसरा किसान विश्राम घर के पीछे स्थित है। यह दोनों ही कांप्लेक्स देखरेख के अभाव में गंदगी के भेंट चढ़ गए हैं।
किसान विश्राम गृह के पीछे बने शौचालय के मूत्रालय में पल्लेदारों ने अपना सामान जमा लिया है। कांप्लेक्स पूरी तरह से बंद पड़ा रहता है। वहीं, मंडी चौकी के पास के शौचालय में भी ताला लगा है, जो कई माहों से खुला ही नहीं है। इसके बाहर बने मूत्रालय में गंदगी अधिक पड़ी है, जिसकी सफाई नहीं हो पा रही है। मंडी के अंदर के दो शौचालय बंद होने से किसानों को प्रसाधन के लिए परेशान होना पड़ता है।
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जिन किसानों की उपज उसी दिन नहीं बिक पाती है, उन्हें अगले दिन तक मंडी में रुकना पड़ता है, ऐसे में किसानों के लिए ठहरने से लेकर नहाने तक समस्या खड़ी हो जाती है। कई मजदूर व किसान मजबूरन नहाने के लिए हैंडपंप का सहारा लेते हैं। प्रसाधन केंद्र में फैली गंदगी से किसान और मजदूरों को बाहर का रुख करना पड़ता है। कई बार किसान प्रसाधन में आ रही समस्या की शिकायत जिम्मेदार अधिकारी, कर्मचारियों से कर चुके हैं, इसके बाद भी वह समस्या के निस्तारण नहीं किया जा रहा है। नालियों की सफाई भी नहीं हो रही है। नालियों में कचरा बजबजा रहा है। कई स्थानों पर बदबू आ रही है, जिससे मंडी में ठहरना भी मुश्किल हो रहा है। लेकिन, इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
मध्य प्रदेश के जिलों से भी आती है उपज
नवीन कृषि उत्पादन मंडी में जिले के अलावा मध्यप्रदेश के समीपवर्ती जिलों के किसान भी अपनी उपज बेचने को आते हैं। यहां पर टीकमगढ़, सागर, अशोकनगर आदि जिलों के किसान आते हैं। यह किसान मंडी में रात रुककर अगले दिन अपनी उपज बेच पाते हैं। लेकिन, वर्तमान में लॉकडाउन के कारण सीमाएं सील हैं, इससे किसान नहीं आ पा रहे हैं।
किसान अपनी उपज बेचने के लिए दूर से आ रहा है। सुबह से ही निकलने पर समय पर पहुंचते हैं। ऐसे में कई बार देर होने से रुकने पर शौच क्रिया के लिए परेशान होना पड़ता है।
- रामेश्वर प्रसाद पाठक
गल्ला मंडी में नालियों में कचरा भरा पड़ा है। कई स्थानों पर बदबू दे रहे हैं। ऐसे में बैैठना मुश्किल हो रहा है। नालियों की सफाई कराई जाए, जिससे बीमार होने का खतरा भी टल सके।
- संतोष साहू
मंडी में साफ-सफाई के अभाव में प्रसाधन केंद्र में भारी गंदगी पड़ी हुई है। इससे किसानों को मजबूरी में नालियों का सहारा लेना पड़ रहा है। मूत्रालयों की सफाई कराई जाए।
- मनोज दुबे
किसानों को मंडी परिसर में साफ स्थान भी बैठने को नहीं मिलता है। सफाई नहीं होने से सभी पेड़ों के नीचे गंदगी पड़ी है, जिसकी सफाई कराई जाए।
- रामस्वरूप कुशवाहा
गल्ला मंडी में सुलभ कांप्लेक्स में दो के बंद होने की जानकारी हुई है। इनकी सफाई कराकर खुलवाया जाएगा और नालियों की सफाई कराई जाएगी।
- सत्यपाल सिंह
अपर उपजिलाधिकारी / प्रभारी मंडी सचिव
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जनपद मुख्यालय पर स्थित नवीन कृषि उत्पादन मंडी में सभी तहसीलों के किसान अपनी उपज बेचने के लिए आते हैं। इससे मंडी में प्रतिदिन किसानों की आवाजाही रहती है। कई किसानों को उपज नहीं बिकने पर रात में भी रुकना पड़ता है। किसानों को प्रसाधन की सुविधा मुहैया कराने मंडी में तीन सुलभ कांप्लेक्स बनाए गए हैं। जिसमें मंडी के मुख्य गेट के पास में बना कांप्लेक्स ही ठीकठाक स्थिति में है, जो खुला रहता है। लेकिन, मंडी के गेट पर होने के कारण किसानों को इसकी जानकारी नहीं हो पाती है। किसान अधिकतर व्यापारियों की दुकानों के पास में ही रहते हैं। इस वजह से कम ही किसान इसका प्रयोग करते हैं। इसके अलावा एक सुलभ कांप्लेक्स मंडी चौकी के पास व दूसरा किसान विश्राम घर के पीछे स्थित है। यह दोनों ही कांप्लेक्स देखरेख के अभाव में गंदगी के भेंट चढ़ गए हैं।
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किसान विश्राम गृह के पीछे बने शौचालय के मूत्रालय में पल्लेदारों ने अपना सामान जमा लिया है। कांप्लेक्स पूरी तरह से बंद पड़ा रहता है। वहीं, मंडी चौकी के पास के शौचालय में भी ताला लगा है, जो कई माहों से खुला ही नहीं है। इसके बाहर बने मूत्रालय में गंदगी अधिक पड़ी है, जिसकी सफाई नहीं हो पा रही है। मंडी के अंदर के दो शौचालय बंद होने से किसानों को प्रसाधन के लिए परेशान होना पड़ता है।
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जिन किसानों की उपज उसी दिन नहीं बिक पाती है, उन्हें अगले दिन तक मंडी में रुकना पड़ता है, ऐसे में किसानों के लिए ठहरने से लेकर नहाने तक समस्या खड़ी हो जाती है। कई मजदूर व किसान मजबूरन नहाने के लिए हैंडपंप का सहारा लेते हैं। प्रसाधन केंद्र में फैली गंदगी से किसान और मजदूरों को बाहर का रुख करना पड़ता है। कई बार किसान प्रसाधन में आ रही समस्या की शिकायत जिम्मेदार अधिकारी, कर्मचारियों से कर चुके हैं, इसके बाद भी वह समस्या के निस्तारण नहीं किया जा रहा है। नालियों की सफाई भी नहीं हो रही है। नालियों में कचरा बजबजा रहा है। कई स्थानों पर बदबू आ रही है, जिससे मंडी में ठहरना भी मुश्किल हो रहा है। लेकिन, इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
मध्य प्रदेश के जिलों से भी आती है उपज
नवीन कृषि उत्पादन मंडी में जिले के अलावा मध्यप्रदेश के समीपवर्ती जिलों के किसान भी अपनी उपज बेचने को आते हैं। यहां पर टीकमगढ़, सागर, अशोकनगर आदि जिलों के किसान आते हैं। यह किसान मंडी में रात रुककर अगले दिन अपनी उपज बेच पाते हैं। लेकिन, वर्तमान में लॉकडाउन के कारण सीमाएं सील हैं, इससे किसान नहीं आ पा रहे हैं।
किसान अपनी उपज बेचने के लिए दूर से आ रहा है। सुबह से ही निकलने पर समय पर पहुंचते हैं। ऐसे में कई बार देर होने से रुकने पर शौच क्रिया के लिए परेशान होना पड़ता है।
- रामेश्वर प्रसाद पाठक
गल्ला मंडी में नालियों में कचरा भरा पड़ा है। कई स्थानों पर बदबू दे रहे हैं। ऐसे में बैैठना मुश्किल हो रहा है। नालियों की सफाई कराई जाए, जिससे बीमार होने का खतरा भी टल सके।
- संतोष साहू
मंडी में साफ-सफाई के अभाव में प्रसाधन केंद्र में भारी गंदगी पड़ी हुई है। इससे किसानों को मजबूरी में नालियों का सहारा लेना पड़ रहा है। मूत्रालयों की सफाई कराई जाए।
- मनोज दुबे
किसानों को मंडी परिसर में साफ स्थान भी बैठने को नहीं मिलता है। सफाई नहीं होने से सभी पेड़ों के नीचे गंदगी पड़ी है, जिसकी सफाई कराई जाए।
- रामस्वरूप कुशवाहा
गल्ला मंडी में सुलभ कांप्लेक्स में दो के बंद होने की जानकारी हुई है। इनकी सफाई कराकर खुलवाया जाएगा और नालियों की सफाई कराई जाएगी।
- सत्यपाल सिंह
अपर उपजिलाधिकारी / प्रभारी मंडी सचिव

गल्ला मंडी की नालियों में भरी पड़ी गंदगी- फोटो : LALITPUR