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श्रीकृष्ण जन्म की कथा सुन हुए भाव विभोर
ब्यूरो
Updated Sun, 20 Dec 2015 01:01 AM IST
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महरौनी (ललितपुर)। नगर के बानपुर रोड पर चल रही श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन श्रीकृष्ण जन्म की कथा सुनाई गई। कथा सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर हो गए।
कथावाचक संदीप शरण शास्त्री ने श्रीकृष्ण जन्म की कथा का वर्णन किया। भगवान के जन्मोत्सव पर बधाई गीतों पर श्रद्धालुओं ने नृत्य किया।
कथावाचक ने कहा कि जब- जब धरती पर अधर्म और अत्याचार को बढ़ावा मिलता है, तो श्रीविष्णु धरती पर अवतार लेते हैं। वह आतताइयों और अधर्मियों का नाश करके अपने भक्तों की रक्षा करते हैं, जब पापी कंस राजा के अत्याचार बढ़ गए तब भगवान ने वासुदेव और देवकी के आठवें पुत्र के रूप में जन्म लिया।
भागवत कथा मे यज्ञाचार्य अभय शास्त्री ( काशी), हरिनारायण द्विवेदी, संजय, पंकज गौतम, रामप्रकाश तिवारी के द्वारा वैदिक मंत्रोचारण के साथ पूजन अर्चन व अनुष्ठान संपन्न कराए जा रहे हैं। इस मौके पर जगत नारायण पटैरिया आदि उपस्थित रहे।
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कथावाचक संदीप शरण शास्त्री ने श्रीकृष्ण जन्म की कथा का वर्णन किया। भगवान के जन्मोत्सव पर बधाई गीतों पर श्रद्धालुओं ने नृत्य किया।
कथावाचक ने कहा कि जब- जब धरती पर अधर्म और अत्याचार को बढ़ावा मिलता है, तो श्रीविष्णु धरती पर अवतार लेते हैं। वह आतताइयों और अधर्मियों का नाश करके अपने भक्तों की रक्षा करते हैं, जब पापी कंस राजा के अत्याचार बढ़ गए तब भगवान ने वासुदेव और देवकी के आठवें पुत्र के रूप में जन्म लिया।
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भागवत कथा मे यज्ञाचार्य अभय शास्त्री ( काशी), हरिनारायण द्विवेदी, संजय, पंकज गौतम, रामप्रकाश तिवारी के द्वारा वैदिक मंत्रोचारण के साथ पूजन अर्चन व अनुष्ठान संपन्न कराए जा रहे हैं। इस मौके पर जगत नारायण पटैरिया आदि उपस्थित रहे।
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