ललितपुर। वर्णी जैन इंटर कॉलेज के पुरातन छात्रों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर कॉलेज की पुरानी दीवार गिरने पर नई दीवार के निर्माण पर रोक लगाने के मामले में आपत्ति जताई है । उक्त जमीन को कॉलेज की संपत्ति बताते हुए पूर्व की तरह निर्माण कराए जाने की मांग की है।
श्रीवर्णी जैन इंटर कॉलेज के पूर्व छात्र और वर्तमान में अधिवक्ताओं की एक बैठक मंगलवार को कचहरी प्रांगण में आयोजित की गई, इसमें मुख्यमंत्री एवं जिला प्रशासन से मांग की गई कि इस कॉलेज ने जनपद में 1952 से शिक्षा की अलख जगाकर पूरे विश्व में अपने विद्यार्थियों के माध्यम से देश का गौरव बढ़ाया है। कुछ शरारती तत्वों एवं माफिया ने कॉलेज की बायोलॉजी लैब व एनसीसी दफ्तर की बिल्डिंग की पुरानी दीवार गिर जाने पर नई दीवार के निर्माण में बाधा उत्पन्न कर दी है, जो घोर आपत्तिजनक है। वह उक्त संस्था के पुराने छात्र हैं और यह तस्दीक करते हैं कि वर्णी कॉलेज की बायोलॉजी लैब की बिल्डिंग के पीछे खाली जगह में पुरानी बाउंड्री थी, जिसमें एक पानी की टंकी भी बनी थी। उक्त स्थान से किसी को भी या जिला पंचायत राज अधिकारी का कोई भी संबंध नहीं है। उक्त बाउंड्री के निर्माण में बाधा उत्पन्न करने की निंदा की गई और जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री व जिला प्रशासन से मांग की गई कि उक्त विद्यालय की लैब की बाउंड्री के निर्माण में कोई बाधा न डाली जाए। ज्ञापन पर जिला बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष व कॉलेज के पूर्व छात्र व अधिवक्ता नेमि कुमार जैन, मधुसूदन श्रीवास्तव, सुंदर सिंह, हरदयाल सिंह लोधी, महेंद्र कुमार पारशर, पुष्पेंद्र सिंह चौहान, बृजेंद्र सिंह चौहान, रामनरेश दुबे, नीरज शर्मा, लोकेश कुमार, उमेश सोनी, अंगद श्रीवास्तव, त्रिलोकीनाथ कटारे, अशोक कुमार जैन, कुलदीप, एसकेे गोयल, विवेक सक्सेेना, अंकित जैन के हस्ताक्षर हैं।